आयकर रिटर्न दाखिल करने का समय अब करीब आ गया है। आईटी डिपार्टमेंट ने आईटीआर-1 फॉर्म भी जारी कर दिया है। यह सबसे अधिक इस्तेमाल किया जाने वाला फॉर्म है। जानें कौन लोग इसका प्रयोग नहीं कर सकते…  

बिजनेस डेस्क। फाइनेशियल ईयर 2023-2024 के लिए इनकम टैक्स रिटर्न दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने फाइनेंशियल ईयर 2024 के लिए ITR-1 और ITR-4 के लिए ऑफलाइन फॉर्म भी रिलीज कर दिया है। एक अप्रैल 2024 से आईटीआर दाखिल करने के लिए इन फॉर्म्स का प्रयोग किया जाएगा।

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इन करदाताओं के लिए 31 जुलाई लास्ट डेट
ऐसे कर दाता जिनके खाते के ऑडिट की जरूरत नहीं है उनके लिए इनकम टैक्स फाइल करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2024 है। इनकम टैक्स रिटर्न दाखिल करने के लिए करदाता को इनकम के सोर्स के मुताबिक आईटीआर फॉर्म चुनना होगा। अपनी आय के स्रोतों के आधार पर आईटीआर फॉर्म चुनना होगा।

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ज्यादातर आईटीआर 1 फॉरम भी होता है इस्तेमाल
आम आदमी के लिए आईटीआर 1 फॉर्म ही प्रयोग में आता है। यदि आप भारत के निवासी है, 50 लाख रुपये तक की ग्रॉस टोटल इनकम है, सैलरी, एक हाउस प्रॉपर्टी और अन्य स्रोतों से आय और कृषि आय 5000 रुपये तक आती है। 

ये नहीं कर सकते ITR-1 का प्रयोग

• जो अनिवासी है या सामान्यतः निवासी नहीं हैं।
• ऐसे व्यक्ति जो किसी कंपनी का निदेशक हो।
• ऐसे व्यक्ति जिनकी कुल आय 50 लाख से अधिक है।
• ऐसे व्यक्ति जिसके पास 1 से अधिक हाउस प्रॉपर्टी हो।
• ऐसे व्यक्ति जिनके पास गैर लिस्टेड इक्विटी शेयर्स हों। 
• वह व्यक्ति जिनका धारा 194एन के तहत टैक्स काटा गया है।
• वे जो धारा 10एए या अध्याय VI-ए के भाग-सी के तहत कटौती का दावा करता है।
• वह व्यक्ति जो सेक्शन 90 या 91 के अंंतर्गत रिलीफ क्लेम करना चाहता है।
• जो किसी अन्य व्यक्ति के हाथों स्रोत पर काटे गए कर के क्रेडिट का दावा करना चाहता है।
• ऐसा व्यक्ति जिसे भारत के बाहर भी किसी अकाउंट पर साइन करने का अधिकार है।