Most Popular Indian Whisky: दुनिया में सबसे ज्यादा बिकने वाली व्हिस्की कोई विदेशी स्कॉच नहीं, बल्कि भारतीय ब्रांड है। इंडियन व्हिस्की अब देसी बाजार से निकलकर विदेशों में छाई हुई हैं। लंदन-अमेरिका तक इनकी डिमांड तेजी से बढ़ रही है। कम कीमत, दमदार फ्लेवर और इंटरनेशनल अवॉर्ड्स ने इन्हें ग्लोबल स्टार बना दिया है। 

World Best Indian Whisky: जब भी महंगी और बढ़िया व्हिस्की की बात होती है, तो ज्यादातर लोगों के दिमाग में स्कॉटलैंड की स्कॉच (Scotch) या अमेरिका की बोर्बन (Bourbon) का नाम आता है। लोग सोचते हैं कि दुनिया में सबसे ज्यादा जॉनी वॉकर (Johnnie Walker) जैसी महंगी बोतलें ही खाली होती होंगी। लेकिन आपको जानकर हैरानी होगी कि दुनिया में सबसे ज्यादा बिकने और पी जाने वाली व्हिस्की कोई विदेशी ब्रांड नहीं, बल्कि अपने भारत की 'देसी' व्हिस्की है। इतना ही नहीं, वर्ल्ड रैंकिंग में नंबर 1 के साथ-साथ नंबर 2 और नंबर 3 पर भी भारतीय ब्रांड्स का ही कब्जा है। आइए जानते हैं कि भारत की किन बोतलों ने पूरी दुनिया में कैसे गदर मचा रखा है और क्यों विदेशी गोरे भी अब इसके दीवाने हो रहे हैं।

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दुनिया में भारत के इन 3 ब्रांड्स का जलवा

दुनिया में सबसे ज्यादा मात्रा (Volume) में बिकने वाली व्हिस्की की लिस्ट उठाकर देखेंगे, तो विदेशी ब्रांड्स बहुत पीछे नजर आएंगे। भारत के जिन ब्रांड्स को हम और आप अपनी हर आम महफिल में देखते हैं, वही ग्लोबल मार्केट के असली किंग हैं। पहले नंबर पर मैकडॉवेल्स नंबर 1 (McDowell’s No. 1) फिर रॉयल स्टैग (Royal Stag) और फिर इम्पीरियल ब्लू (Imperial Blue) का नंबर है। ये वो तीन बड़े नाम हैं जो दुनिया में सबसे ज्यादा बिकते हैं। कीमत के मामले में ये आपकी जेब पर बिल्कुल भारी नहीं पड़ते, लेकिन कमाई और पॉपुलैरिटी के मामले में इन्होंने दुनिया के बड़े-बड़े महारथियों को धूल चटा दी है।

आखिर इंडियन व्हिस्की में ऐसा क्या खास है?

भारत का मौसम ही इसकी सबसे बड़ी ताकत बन गया है। यहां गर्मी ज्यादा पड़ती है, जिसकी वजह से व्हिस्की बैरल में तेजी से मैच्योर होती है। जो स्वाद स्कॉटलैंड की व्हिस्की में आने में 10 साल लगते हैं, वैसा फ्लेवर भारतीय व्हिस्की में कम समय में आ जाता है। इसी वजह से इंडियन व्हिस्की का टेस्ट ज्यादा स्ट्रॉन्ग, स्मूद और फ्लेवरफुल माना जाता है।

हर इंडियन व्हिस्की एक जैसी नहीं होती

दुनिया के बाकी देशों में व्हिस्की को अनाज जैसे जौ, गेहूं या मक्के से बनाई जाती है, लेकिन भारत में जो सबसे ज्यादा बिकने वाली सस्ती व्हिस्की है, उसे शीरे (Molasses) से तैयार किया जाता है। शीरा यानी गन्ने के रस से चीनी बनाने के बाद बचा हुआ हिस्सा। इसी वजह से कई विदेशी इसे व्हिस्की की केटेगरी में रखने से मना करते हैं। लेकिन ऐसा नहीं है। भारत में अब प्रीमियम सिंगल माल्ट भी बन रही हैं, जो खास बार्ले यानी जौ से तैयार होती हैं। इन्हीं में कुछ नाम पूरी दुनिया में तेजी से फेमस हो रहे हैं। इनमें Indri, Amrut, Paul John, GianChand और Godawan शामिल हैं। इन ब्रांड्स ने इंटरनेशनल मंच पर कई बड़े अवॉर्ड भी जीते हैं।

स्कॉच से कितनी अलग है अपनी इंडियन सिंगल माल्ट?

भारत की प्रीमियम व्हिस्की, जिन्हें 'इंडियन सिंगल माल्ट' (Indian Single Malt) कहा जाता है, आजकल पूरी दुनिया में धूम मचा रही हैं। ये 100% अनाज और जौ से बनती हैं। स्कॉटलैंड की स्कॉच से ये इन 4 मामलों में बिल्कुल अलग और बेहतर हैं।

1. 2 साल में आता है 10 साल वाला स्वाद

स्कॉटलैंड का मौसम सालभर ठंडा और नमी वाला रहता है, इसलिए वहां व्हिस्की को पकने (Mature होने) में 10 से 12 साल का लंबा वक्त लगता है। इसके उलट भारत में गर्मियों में तापमान 50°C तक जाता है और सर्दियों में जीरो के पास। इस बदलते और गर्म मौसम की वजह से भारत में व्हिस्की बहुत तेजी से पकती है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि भारत की 2 साल पुरानी सिंगल माल्ट का स्वाद स्कॉटलैंड की 10 साल पुरानी स्कॉच के बराबर होता है। कम समय का मतलब है कम लागत, इसीलिए यह ग्राहकों को सस्ते में बेस्ट क्वालिटी देती है।

2. कोई नकल नहीं, एकदम ओरिजिनल टेस्ट

भारतीय डिस्टिलरीज अब स्कॉच या बोर्बन की नकल नहीं कर रही हैं। वे भारत के मौसम और यहीं के अनाज का इस्तेमाल करके एक नया स्वाद तैयार कर रही हैं। जैसे इन्द्री (Indri) व्हिस्की खास तौर पर 5 लाइन वाले (Six-row) जौ से बनती है, जो इसे एक अलग और गाढ़ा स्वाद देता है। वहीं ज्ञानचंद (GianChand) जैसी व्हिस्की हिमालय के इलाके वाले जौ से तैयार होती है।

3. नियमों में ढील का मिला फायदा

स्कॉटलैंड में स्कॉच बनाने के नियम बहुत कड़े हैं, वहां कोई नया प्रयोग आसानी से नहीं किया जा सकता। लेकिन भारत के नियम थोड़े लचीले हैं, जिसका फायदा उठाकर यहाँ के मेकर्स नए-नए एक्सपेरिमेंट कर रहे हैं। उदाहरण के लिए, भारत की गोडावन 02 (Godawan 02) व्हिस्की को चेरी की लकड़ी के ड्रम (Casks) में रखकर तैयार किया गया, जिससे इसका स्वाद एकदम अनोखा हो गया। स्कॉटलैंड में ऐसा करना मुमकिन ही नहीं है।

4. दुनिया भर में मिल रहे हैं टॉप अवॉर्ड्स

भारत के सिंगल माल्ट ब्रांड्स जैसे Indri, Amrut, Paul John, और GianChand आज किसी पहचान के मोहताज नहीं हैं। 'इन्द्री दिवाली कलेक्टर्स एडिशन' ने इंटरनेशनल लेवल पर 99.1/100 का स्कोर बनाकर वर्ल्ड बेस्ट व्हिस्की का खिताब अपने नाम किया है। यह इतिहास के सबसे बड़े स्कोर्स में से एक है।

भारतीय व्हिस्की की कीमत

  • मैकडॉवेल्स नंबर 1 व्हिस्की (750 मिली) की कीमत भारत में ₹330 से ₹470 के बीच आती है।
  • रॉयल स्टैग व्हिस्की की कीमतें (750 मिली) ₹700 से ₹1,100 के बीच होती हैं।
  • इम्पीरियल ब्लू व्हिस्की की (750 मिली) कीमत करीब ₹700 पड़ती है।