Bangalore Rent and 40 LPA Salary Breakdown: बेंगलुरु में 3BHK फ्लैट का किराया कितना है? बेंगलुरु में 40 लाख सालाना सैलरी वाले कितनी बचत कर पाते हैं? बेंगलुरु में मीडिल सैलरी वाले लोगों का लाइफस्टाइल कैसा है?
Bangalore Cost of Living: बेंगलुरु को इंडिया का आईटी हब माना जाता है। यहां लोग बड़ी-बड़ी कंपनियों में काम करने की इच्छा, हाई सैलरी वाली जॉब्स और अच्छी लाइफस्टाइल का सपना लेकर आते हैं। लेकिन हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट में बेंगलुरु की महंगाई और 40 लाख सालाना सैलरी का ऐसा हिसाब सामने आया है, जिसने आईटी प्रोफेशनल्स की लाइफस्टाइल और सेविंग्स पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। वायरल पोस्ट में बेंगलुरु में एक 3BHK फ्लैट जिसका किराया करीब 1.1 लाख रुपये महीने बताया गया और इसी के साथ एक और पोस्ट में यह भी बताया गया कि अगर किसी की सैलरी 40 लाख सालाना (40 LPA) भी है, तो महीने के आखिर में बचत बहुत कम या कभी-कभी शून्य तक हो जाती है। जानिए कैसे?

X.Com वायरल पोस्ट में दिखा बेंगलुरु की महंगाई और 40 लाख सालाना सैलरी का हिसाब
5 बार हैकाथॉन विजेता और @StellarOrg एंबेसडर अंशिका अग्रवाल ने X.Com पर एक पोस्ट शेयर की है, जो वायरल हो गया। इसमें अंशिका ने बताया कि कैसे बेंगलुरु आज रहने के लिहाज से बेहद महंगा शहर बन चुका है और कैसे यहां 40 लाख सालाना सैलरी कमाने वाले की बचत भी जीरो के करीब है। उन्होंने पोस्ट में 1.1 लाख किराए वाले फ्लैट के बारे में बताते हुए लिखा कि इस फ्लैट के रेंट जितनी कईयों की मंथली सैलरी होती है। जो फ्लैट वायरल हुआ है वो बेंगलुरु के अच्छे इलाके के पास है जैसे इंदिरानगर, डोमलूर और ईजीएल के आसपास। उन्होंने इस फ्लैट की खास बातें बताईं जिसमें-
- यह 3BHK फ्लैट है यानी 3 बेडरूम, हॉल और किचन।
- लगभग 1800 स्क्वायर फीट बड़ा घर है।
- सेमी-फर्निश्ड (कुछ सामान पहले से लगा हुआ)।
- प्राइवेट टेरिस और बालकनी है।
- स्विमिंग पूल, जिम, बैडमिंटन कोर्ट जैसी सुविधाएं हैं।
- ऑफिस एरिया के बहुत पास लोकेशन है।्लेर
- किन सबसे बड़ी बात इसका किराया लगभग 1.1 लाख रुपये महीना + मेंटेनेंस है।
- यही देखकर लोग हैरान हैं क्योंकि ये रकम किसी की पूरी महीने की सैलरी के बराबर लगती है।
बेंगलुरु में 40 लाख सालाना सैलरी और बचत जीरो
अंशिका अग्रवाल ने बेंगलुरु में 40 लाख सालाना सैलरी का असली हिसाब भी बताया। सुनने में लगता है कि 40 LPA मतलब बहुत पैसा। लेकिन जब टैक्स कटता है तो हाथ में आता है लगभग 2 लाख से 2.2 लाख रुपये महीना। अब इसके बाद खर्च शुरू होता है, जिसमें हर महीने के खर्चे-
- घर का किराया: 35 हजार से 70 हजार (या उससे ज्यादा)
- खाना और किराना: 10 से 25 हजार
- आने-जाने का खर्च: 5 से 15 हजार
- बिजली, पानी, इंटरनेट: 3 से 8 हजार
- फैमिली को पैसा भेजना: 20 से 40 हजार
- अगर लोन है (ईएमआई): 40 से 80 हजार
- घूमना-फिरना, बाहर खाना: 15 से 40 हजार
- बीमा और सेविंग्स: 10 से 25 हजार
अब जब सब जोड़ते हैं तो तस्वीर साफ हो जाती है। अगर सब कुछ ठीक चला तो बचत 40 से 60 हजार रुपए। आम हालत में बचत 10 से 30 हजार रुपए और कई बार तो कुछ भी नहीं बचता। यानी जो लोग सोचते हैं कि 40 LPA पर जिंदगी सेट हो जाएगी, असल में मामला इतना आसान नहीं है।
अंशिका अग्रवाल के इस पोस्ट पर कई यूजर ने कमेंट भी किए हैं, जिसमें से कुछ नीचे देखें-
बेंगलुरु इतना महंगा क्यों होता जा रहा है?
बेंगलुरु इतना महंगा होता जा रहा, इसके पीछे कुछ साफ कारण हैं। जिसमें आईटी कंपनियों में लगातार बढ़ती नौकरियां। अच्छे इलाकों में घरों की कमी। ज्यादा सैलरी वाले लोग भी यहीं शिफ्ट हो रहे हैं। लाइफस्टाइल का लेवल बहुत ऊपर चला गया है। इसी वजह से किराए लगातार बढ़ते जा रहे हैं।
बेंगलुरु में आम नौकरी करने वाले लोगों पर महंगाई का असर
बेंगलुरु के इस पूरे ट्रेंड का असर सबसे ज्यादा उन लोगों पर पड़ रहा है जो 10 से 40 LPA के बीच कमाते हैं। फैमिली के साथ रहते हैं। किराया और ईएमआई दोनों संभालते हैं। अब हालत ये हो गई है कि अच्छी सैलरी का मतलब अब अच्छी सेविंग भी हो जरूरी नहीं है। खर्चे तेजी से बढ़ रहे हैं। शहर में रहना पहले से ज्यादा महंगा हो गया है। हालांकि बेंगलुरु अभी भी नौकरी और मौके देने वाला शहर है। लेकिन सच ये भी है कि यहां रहना अब पहले जैसा सस्ता नहीं रहा। अब लोगों को सिर्फ कमाई नहीं, बल्कि सही प्लानिंग भी करनी पड़ रही है।


