पिछले दिनों प्रदीप शर्मा का एक वीडियो वायरल हुआ था। अब उनका एक बयान फिर सुर्खियों में आ गया है। इस पर राजनीति के साथ विवाद भी शुरू हो गया है।

मुंबई. राज्य में विधानसभा की 288 सीटों के लिए चुनाव प्रचार अंतिम चरण में है। प्रचार की गर्मी सिर चढ़कर बोल रही है। कुछ नेताओं के विवादित बयान भी सामने आ रहे हैं। मुंबई के नालासोपारा में शिवसेना की ओर से एनकाउंटर स्पेशलिस्ट के नाम से मशहूर प्रदीप शर्मा चुनाव लड़ रहे हैं।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

पिछले दिनों प्रदीप शर्मा का एक वीडियो वायरल हुआ था। अब उनका एक बयान फिर सुर्खियों में आ गया है। इस पर राजनीति के साथ विवाद भी शुरू हो गया है।

क्या कहा था प्रदीप शर्मा ने
एक भाषण में कहा, "मुंबई में मैंने 35 साल चोर और पुलिस खेला है। भाइयों पर भाईगिरी करना मेरा शौक है। मुझे ऑर्डर दिया गया था, दादाओं पर दादागिरी करो। अभी के सांसद सत्यपाल सिंह (बीजेपी) मेरे कमिशनर थे। उनसे मैं आज बात कर रहा था।"

"मैंने कहा कि सर, हमने मुंबई की दादागिरी को खत्म किया। दाऊद को पाकिस्तान भेजा, मगर उस वक्त हमसे एक गलती हो गई थी। वह गलती यह है कि वसई-विरार पर हम लोगों ने ध्यान नही दिया। यहां पर जो दादागिरी करते थे, अगर दो बुलेट मार देते, तो पब्लिक सुखी हो जाती।"

बयान के बाद माहौल गर्म
शिवसेना-भाजपा गठबंधन के उम्मीदवार ने विरार की एक रैली में यह बयान दिया। उनका मुकाबला बहुजन विकास आघाडी के हितेंद्र ठाकुर से है। यह हितेंद्र ठाकुर का गढ़ माना जाता है। शर्मा ने अपने बयान में किसी का नाम नहीं लिया, मगर इसे ठाकुर से जोड़कर देखा जा रहा है। शर्मा के इस बयान से माहौल गर्म हुआ है।

इससे पहले प्रदीप शर्मा ने एक भाषण में कहा था कि भाजपा-शिवसेना सरकार में मंत्री रहे एकनाथ शिंदे की वजह से उन्होंने अपनी सजा के ढाई साल अस्पताल में काटे।