Ramlila body demands pre release screening of Ramayana: रणबीर कपूर की फिल्म 'रामायण' रिलीज से पहले विवादों में है। श्री रामलीला महासंघ ने मांग न मानने पर देशव्यापी विरोध की चेतावनी दी गई है। जानें क्या है पूरा मामला।
रणबीर कपूर, साई पल्लवी और यश स्टारर नितेश तिवारी की मेगा बजट फिल्म 'रामायण' रिलीज से पहले ही विवादों में आ गई है। श्री रामलीला महासंघ ने फिल्म के निर्माताओं से रिलीज से पहले विशेष स्क्रीनिंग की मांग की है। संगठन का कहना है कि फिल्म में ऐसा कोई दृश्य या संवाद नहीं होना चाहिए जिससे धार्मिक भावनाएं आहत हों। साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि उनकी मांग नहीं मानी गई तो देशभर में विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। नितेश तिवारी के निर्देशन में बनी 'रामायण' इस साल की सबसे चर्चित फिल्मों में शामिल है। फिल्म का ट्रेलर रिलीज होने के बाद जहां दर्शकों ने इसके विजुअल्स और वीएफएक्स की तारीफ की, वहीं अब फिल्म एक नए विवाद में घिर गई है।
दिल्ली स्थित श्री रामलीला महासंघ के अध्यक्ष अर्जुन कुमार ने फिल्म के निर्माताओं को एक औपचारिक पत्र लिखकर रिलीज से पहले फिल्म की विशेष स्क्रीनिंग कराने की मांग की है। उनका कहना है कि फिल्म को पहले रामलीला समितियों और हिंदू संगठनों को दिखाया जाए, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि इसमें कोई ऐसा कंटेंट न हो जो धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाए।
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'भगवान राम जैसी छवि नहीं दिखी रणबीर कपूर में'
मीडिया से बातचीत के दौरान अर्जुन कुमार ने कहा कि ट्रेलर देखने के बाद उन्हें रणबीर कपूर का भगवान राम वाला किरदार पूरी तरह प्रभावशाली नहीं लगा। उन्होंने कहा कि उनके अनुसार रणबीर कपूर की स्क्रीन प्रेजेंस में वह गंभीरता और दिव्यता नजर नहीं आई जो भगवान राम के चरित्र से जुड़ी हुई मानी जाती है। उनका कहना है कि फिल्म रिलीज से पहले यदि हिंदू संगठनों को दिखाई जाएगी तो आवश्यक सुझाव भी दिए जा सकेंगे।
'आदिपुरुष' का दिया उदाहरण
अर्जुन कुमार ने इस दौरान प्रभास स्टारर 'आदिपुरुष' का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि उस फिल्म का भी उन्होंने शुरुआत में स्वागत किया था, लेकिन रिलीज के बाद कई ऐसे दृश्य सामने आए जिन पर लोगों ने आपत्ति जताई। उनके मुताबिक, फिल्म में स्वर्ण नगरी लंका को काले रंग में दिखाया गया था, कुछ किरदारों का लुक पारंपरिक मान्यताओं से अलग था और कई चीजें धार्मिक भावनाओं के अनुरूप नहीं थीं। उनका मानना है कि यही वजह रही कि इतनी बड़ी फिल्म दर्शकों की उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकी।
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लंका की प्रस्तुति पर भी उठाए सवाल
श्री रामलीला महासंघ ने 'रामायण' के ट्रेलर में लंका के चित्रण पर भी सवाल उठाए हैं। संगठन का कहना है कि पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार लंका स्वर्ण नगरी थी, जबकि ट्रेलर में उसका रंग और प्रस्तुति अलग दिखाई गई है। संगठन चाहता है कि यदि फिल्म में किसी तरह की धार्मिक या पौराणिक असंगति है तो उसे रिलीज से पहले ठीक किया जाए।
नहीं मानी बात तो होगा विरोध प्रदर्शन
महासंघ ने साफ शब्दों में कहा है कि अगर निर्माताओं ने विशेष स्क्रीनिंग की मांग नहीं मानी तो दिल्ली समेत कई राज्यों में सिनेमाघरों के बाहर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। हालांकि संगठन ने यह भी स्पष्ट किया कि वह सेंसर बोर्ड नहीं है, लेकिन यदि फिल्म में धार्मिक ग्रंथों के विपरीत कुछ दिखाया गया तो वे सार्वजनिक रूप से इसका विरोध करेंगे।
4000 करोड़ की मेगा बजट फिल्म है 'रामायण'
नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही 'रामायण' को भारतीय सिनेमा की सबसे महंगी फिल्मों में गिना जा रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार दोनों पार्ट्स का संयुक्त बजट करीब 4000 करोड़ रुपये है। फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम, साई पल्लवी माता सीता, यश रावण और सनी देओल भगवान हनुमान के किरदार में नजर आएंगे। फिल्म का पहला भाग दिवाली 2026 पर रिलीज होगा, जबकि दूसरा भाग 2027 में सिनेमाघरों में आएगा।
