फैक्ट चेक डेस्क : बिहार विधानसभा चुनाव की सभी सीटों के नतीजे घोषित हो चुके हैं। एनडीए ने इस चुनाव में 125 सीटें हासिल की हैं, जबकि महागठबंधन को 110 सीटों पर जीत मिली। राज्य में फायदा भाजपा को 74 सीटें मिलीं। इसे बीजेपी की बड़ी जीत माना जा रहा है और कहा जा रहा है कि बिहार का मुख्यमंत्री चुनने के लिए भी मोदी की ही चलेगी। ऐसे में चुनाव के नतीजे घोषित होने से पहले ही कथित तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम से बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा के नाम लिखा लेटर वायरल हो रहा है। इसमें लिखा है कि मोदी ने केंद्रीय मंत्री और बिहार सांसद गिरिराज सिंह को बिहार का सीएम बनाने की इच्छा जताई है।

फैक्ट चेक में आइए जानते हैं कि आखिर सच क्या है?

वायरल पोस्ट क्या है?
बिहार में हुए विधानसभा चुनाव को लेकर सोशल मीडिया पर आए दिन कुछ न कुछ वायरल हो रहा है। लेकिन, उसमें कितनी सच्चाई है और कितनी नहीं, यह सोशल मीडिया यूजर्स को सोचने की जरूरत है। अभी एक लेटर वायरल हो रहा है, जिसे कथित तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा को लिखे गए लेटर के तौर पर दिखाया जा रहा है। 

ये लेटर ज्यादातर व्हाट्सएप पर शेयर किया जा रहा है। कई ट्विटर यूजर्स ने भी वायरल लेटर को कैप्शन के साथ पोस्ट किया है जिसमें लिखा है, "बिहार चुनाव नतीजों से पहले ही पीएम मोदी ने बिहार के सीएम का चयन कर लिया है, गिरिराज सिंह बिहार के अगले सीएम होंगे।"

वहीं एक यूजर ने तो लेटर शेयर करते हुए लिखा कि' ये मोदी सरकार की चाल और चरित्र है। ये पत्र को जितना हो सके फैलाये , भारत में ही नहीं भारत के बाहर विदेश में भी ये भेजे'।

फैक्ट चेक
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे खत को जब हमने बारिकी से देखा, तो पता चला कि ये लेटर प्रधानमंत्री कार्यलय से नहीं भेजा गया है। वायरल लेटर में कई सारी गलतियां हैं जो यह बताती है कि यह प्रधानमंत्री कार्यालय से नहीं है। पीएम मोदी की भाषा, प्रतीक रंग, शैली और पीएम मोदी के साइन इससे मेल नहीं खाते है। इस लेटर को इस तरह से डिजाइन किया गया है जिसे देखकर कई लोग इसे सही मान लें। लेटर में पीएम मोदी के नाम के साथ हिंदू राष्ट्र और हिंदुत्व की बात लिखी गई है, जो कथित तौर पर उन्होंने योगी आदित्यनाथ से कही है। लेकिन, यह लेटर और इसमें लिखी बातें पूरी तरह से झूठ हैं।

ये निकला नतीजा
वैसे तो गिरिराज सिंह बीजेपी का दिग्गज नाम है। वे बिहार की नवादा सीट से सांसद हैं और केंद्र में मंत्री भी हैं। लेकिन उन्हें बिहार का मुख्यमंत्री बनाने के लिए प्रधानमंत्री मोदी ने किसी तरह का कोई खत नहीं लिखा है। वायरल लेटर की जांच करने के बाद हमने पाया कि ये लेटर फेक है।