- Home
- States
- Rajasthan
- इस बॉडी-बिल्डर का चौंकाने वाला राज आया सामने, बिकनी में विदेश में मचाया था धमाल...सच्चाई आई तो हो गई चुप
इस बॉडी-बिल्डर का चौंकाने वाला राज आया सामने, बिकनी में विदेश में मचाया था धमाल...सच्चाई आई तो हो गई चुप
जयपुर. हाल ही में राजस्थान की महिला बॉडी बिल्डर प्रिया सिंह ने इंटरनेशनल बॉडीबिल्डिंग चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल हासिल किया। सरकार के मंत्री टीकाराम जूली भी इससे खुश हुए। उन्होंने तो प्रिया सिंह की मुलाकात सीएम अशोक गहलोत से भी करवा दी। लेकिन इस मुलाकात के बाद से ही राजस्थान में एक बड़ा बवाल शुरू हो चुका है। दरअसल राजस्थान बॉडी बिल्डर संघ ने बॉडीबिल्डर प्रिया सिंह के मेडल और चैंपियनशिप दोनों को ही फर्जी बताया है। और पूरे प्रकरण की जांच करवाने के लिए सीएम को चिट्ठी भी लिखी है। अब राजस्थान के खेल विभाग ने इस पर जांच शुरू कर दी है।

दरअसल, थोड़े दिनों पहले राजस्थान की महिला बॉडीबिल्डर प्रिया सिंह को दूसरे देश में हुई चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल मिलने के बाद वह इतनी चर्चा में आई थी राजस्थान समेत देशभर के हर एक अखबार और न्यूज़ चैनल पर उनके चर्चा रही। इस उपलब्धि के लिए सरकार के मंत्री टीकाराम जूली ने उन्हें मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से भी मिलवाया। लेकिन इस मुलाकात के बाद से ही अब लगातार प्रिया सिंह की आलोचना होने लगी है।
इस मामले का बवाल अब इतना ज्यादा बढ़ गया कि राजस्थान स्टेट बॉडी बिल्डिंग एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री को एक पत्र लिखा है। जिसमें प्रिया सिंह को फर्जी खिलाड़ी बताया गया है और जिस चैंपियनशिप में प्रिया सिंह ने यह मेडल जीता उस चैंपियनशिप के खेल संघ की जांच करवाने की भी आदेश दिए हैं।
राजस्थान बॉडी बिल्डर संघ ने अपने लेटर में कहा है कि जिस तरह से फर्जी खेल संगठनों और फर्जी लोगों की ओर से राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कुछ पैसा खर्च कर लोगों को मेडल बांटने का काम हो रहा है। उससे सालों से मेहनत कर रहे खिलाड़ी या अन्य बॉडीबिल्डर पर गलत असर पड़ता है।
संघ ने पंजाब के एनजीओ द्वारा राजस्थान की प्रिया सिंह को मिस वर्ल्ड बॉडीबिल्डर घोषित करने के मामले की जांच की बात भी कही है। संघ का कहना है कि इससे प्रदेश में गलत माहौल बन रहा है। प्रतियोगिता की जांच किए बिना ही सम्मान समारोह आयोजित किए जाते हैं। इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जो प्रतियोगिताएं होती है या खेल संगठन होते हैं वह मान्यता प्राप्त ही होने चाहिए। उनके बारे में जांच होनी चाहिए। साथ ही खिलाड़ी लोकल या नेशनल और स्टेट लेवल पर किसी खेल संघ से जुड़ा होना चाहिए।
संघ ने तो सरकार के मंत्री टीकाराम जूली पर भी निशाना साधा है। संघ ने कहा है कि बिना किसी प्रमाण के खिलाड़ी को सीएम से मुलाकात करवा दी संग्राम इससे बाकी खिलाड़ियों के लिए गलत मैसेज गया है। उनका मोटिवेशन टूटा है।
फिलहाल अब राजस्थान सरकार की खेल विभाग ने इसकी जांच शुरू कर दी है। इसी महीने इस पर फैसला लिया जाएगा। राजस्थान बॉडीबिल्डर संघ के इन आरोपों के बाद अभी तक बॉडीबिल्डर प्रिया सिंह ने कोई बयान नहीं दिया है।
राजस्थान की राजनीति, बजट निर्णयों, पर्यटन, शिक्षा-रोजगार और मौसम से जुड़ी सबसे जरूरी खबरें पढ़ें। जयपुर से लेकर जोधपुर और उदयपुर तक की ज़मीनी रिपोर्ट्स और ताज़ा अपडेट्स पाने के लिए Rajasthan News in Hindi सेक्शन फॉलो करें — तेज़ और विश्वसनीय राज्य समाचार सिर्फ Asianet News Hindi पर।