Asianet News Hindi

अनदेखे दुश्मन से लड़ते हुए घायल हुए 'भगवान', कई-कई घंटे पहनना पड़ता है दम घोंट देने वाला मास्क

First Published Apr 26, 2020, 12:47 PM IST
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp

हटके डेस्क। कोरोना महामारी का कहर पूरी दुनिया में लगातार बढ़ता ही जा रहा है। अब तक इसके 29 लाख मामले सामने आ चुके हैं और इससे 2 लाख लोगों की मौत हो चुकी है। इससे सबसे ज्यादा अमेरिका में मौतें हुई हैं। वहां करीब 50 हजार से ज्यादा लोग कोरोना से संक्रमित होकर दम तोड़ चुके हैं। इटली, स्पेन और फ्रांस के साथ ब्रिटेन में भी इससे होने वाली मौतों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है। ब्रिटेन में कोरोना से करीब 20 हजार से भी ज्यादा लोग मौत के शिकार हो चुके हैं। इस बीमारी से दुनिया भर के डॉक्टर जूझ रहे हैं। उन्हें लगातार 12 घंटे से भी ज्यादा काम करना पड़ रहा है। यही हाल नर्सों और दूसरे मेडिकल स्टाफ का भी है। लगातार लंबे समय तक मास्क पहने रहने से उनके चेहरों पर सूजन आ जा रही है और घाव के गहरे निशान बन जा रहे हैं। कोरोना के मरीजों का इलाज करने के दौरान डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ को भी इसका संक्रमण होने का खतरा बना रहता है। फिर भी डॉक्टर लगातार मरीजों की देख-रेख में लगे हुए हैं। मास्क पहने रहने के कारण उनकी जो बुरी हालत हो रही है और चेहरे खराब हो रहे हैं, उसकी कुछ तस्वीरें सामने आई हैं। इन तस्वीरों से पता चलता है कि डॉक्टर कितनी कठिन परिस्थितियों में अपनी ड्यूटी निभा रहे हैं। देखें तस्वीरें।
 

न्यूयॉर्क की यह नर्स पिछले 4 साल से काम कर रही है। पहली बार इसे इस परिस्थिति का सामना करना पड़ रहा है। लगातार 13 घंटे तक N95 मास्क पहने रहने से इसका चेहरे पर घाव बन गए हैं। इस नर्स का हसबैंड भी कोरोना से संक्रमित हो चुका है। इससे इसकी परेशानी और भी बढ़ गई है।

न्यूयॉर्क की यह नर्स पिछले 4 साल से काम कर रही है। पहली बार इसे इस परिस्थिति का सामना करना पड़ रहा है। लगातार 13 घंटे तक N95 मास्क पहने रहने से इसका चेहरे पर घाव बन गए हैं। इस नर्स का हसबैंड भी कोरोना से संक्रमित हो चुका है। इससे इसकी परेशानी और भी बढ़ गई है।

यह नर्स अमेरिका के इंडियाना में एक हॉस्पिटल के आईसीयू में काम करती है। कोरोना के मरीजों की देखभाल करते हुए इसे 12 से लेकर 14 घंटे तक लगातार मास्क पहनना पड़ता है। इसके चेहरे की बुरी हालत देखी जा सकती है।

यह नर्स अमेरिका के इंडियाना में एक हॉस्पिटल के आईसीयू में काम करती है। कोरोना के मरीजों की देखभाल करते हुए इसे 12 से लेकर 14 घंटे तक लगातार मास्क पहनना पड़ता है। इसके चेहरे की बुरी हालत देखी जा सकती है।

कोविड के मरीजों के इलाज में लगे इस डॉक्टर के चेहरे पर भी लगातार मास्क पहने रहने से स्कार्स पड़ गए हैं और उनसे खून निकलता है। इसके बावजूद ये मरीजों के इलाज में लगे रहते हैं। ऐसे बहुत डॉक्टर हैं, जिन्हें घर जाने का मौका नहीं मिल पाता। 

कोविड के मरीजों के इलाज में लगे इस डॉक्टर के चेहरे पर भी लगातार मास्क पहने रहने से स्कार्स पड़ गए हैं और उनसे खून निकलता है। इसके बावजूद ये मरीजों के इलाज में लगे रहते हैं। ऐसे बहुत डॉक्टर हैं, जिन्हें घर जाने का मौका नहीं मिल पाता। 

ह नर्स भी कोरोना के मरीजों की देखभाल में लगी है। इसे लगातार 12 घंटे तक मास्क पहनना पड़ता है। एक मास्क 3 दिन तक इस्तेमाल में आता है। लगातार मास्क पहने रहने से इसके चेहरे में जगह-जगह निशान पड़ गए हैं, लेकिन मरीजों की देखभाल में ये जरा भी कोताही नहीं बरतती।

ह नर्स भी कोरोना के मरीजों की देखभाल में लगी है। इसे लगातार 12 घंटे तक मास्क पहनना पड़ता है। एक मास्क 3 दिन तक इस्तेमाल में आता है। लगातार मास्क पहने रहने से इसके चेहरे में जगह-जगह निशान पड़ गए हैं, लेकिन मरीजों की देखभाल में ये जरा भी कोताही नहीं बरतती।

यह भी एक आईसीयू नर्स है, जिसे पीपीई और मास्क पहन कर हफ्ते में 65 घंटे मरीजों की देखभाल करनी पड़ती है। ब्रिटेन के नेशनल हेल्थ सर्विस की इस नर्स के चेहरे की हालत बेहद खराब हो गई है। इन नर्सों को अपनी देखभाल का समय नहीं मिल पाता।

यह भी एक आईसीयू नर्स है, जिसे पीपीई और मास्क पहन कर हफ्ते में 65 घंटे मरीजों की देखभाल करनी पड़ती है। ब्रिटेन के नेशनल हेल्थ सर्विस की इस नर्स के चेहरे की हालत बेहद खराब हो गई है। इन नर्सों को अपनी देखभाल का समय नहीं मिल पाता।

 यह नर्स कोरोना वायरस क्रिटिकल यूनिट में लगातार 14 घंटे तक मरीजों की देखभाल का काम करती है। थकान के अलावा मास्क पहने रहने से चेहरे पर घाव बन गए हैं।

 यह नर्स कोरोना वायरस क्रिटिकल यूनिट में लगातार 14 घंटे तक मरीजों की देखभाल का काम करती है। थकान के अलावा मास्क पहने रहने से चेहरे पर घाव बन गए हैं।

ये ब्राजील के साओ पाउलो के  एक अस्पताल में मेल नर्स हैं। इन्होंने 2015 में नर्सिंग में ग्रैजुएशन किया और कब से काम कर रहे हैं। फिलहाल, ये सिर्फ कोरोना के मरीजों की देखभाल में लगे हैं। लगातार मास्क पहने रहने से इनके चेहरे की हालत भी खराब हो चुकी है।

ये ब्राजील के साओ पाउलो के  एक अस्पताल में मेल नर्स हैं। इन्होंने 2015 में नर्सिंग में ग्रैजुएशन किया और कब से काम कर रहे हैं। फिलहाल, ये सिर्फ कोरोना के मरीजों की देखभाल में लगे हैं। लगातार मास्क पहने रहने से इनके चेहरे की हालत भी खराब हो चुकी है।

यह नर्स भी कोरोना के मरीजों की देखभाल आईसीयू में करती है। N95 मास्क का लगातार यूज करने से चेहरे को हवा नहीं मिल पाती। इस वजह से चेहरे पर सूजन और स्कार्स बन जाते हैं। लेकिन कोरोना के मरीजों के इलाज के लिए मास्क पहने बिना काम नहीं किया जा सकता।

यह नर्स भी कोरोना के मरीजों की देखभाल आईसीयू में करती है। N95 मास्क का लगातार यूज करने से चेहरे को हवा नहीं मिल पाती। इस वजह से चेहरे पर सूजन और स्कार्स बन जाते हैं। लेकिन कोरोना के मरीजों के इलाज के लिए मास्क पहने बिना काम नहीं किया जा सकता।

यह चेकोस्लोवाकिया की नर्स है। लगातार मास्क पहने रहने से पूरा चेहरा खराब हो गया है। 

यह चेकोस्लोवाकिया की नर्स है। लगातार मास्क पहने रहने से पूरा चेहरा खराब हो गया है। 

यह चेकोस्लोवाकिया की नर्स है। लगातार मास्क पहने रहने से पूरा चेहरा खराब हो गया है।

यह चेकोस्लोवाकिया की नर्स है। लगातार मास्क पहने रहने से पूरा चेहरा खराब हो गया है।

 यह महिला ब्राजील के एक अस्पताल में नर्स है। कोरोना के मरीजों के इलाज में लगे-लगे अब यह खुद एक मरीज की तरह दिखने लगी है।

 यह महिला ब्राजील के एक अस्पताल में नर्स है। कोरोना के मरीजों के इलाज में लगे-लगे अब यह खुद एक मरीज की तरह दिखने लगी है।

कोरोना मरीजों की देखभाल करने वाली इस नर्स का कहना है कि उस लगता है कि उसकी नाक ही नहीं है। मास्क पहने रहने से चेहरे पर अलग तरह का ही मेकअप नजर आता है। थकान की वजह से चेहरा अजीब लगता है, जिसे यह हैंगओवर मेकअप कहती है।
 

कोरोना मरीजों की देखभाल करने वाली इस नर्स का कहना है कि उस लगता है कि उसकी नाक ही नहीं है। मास्क पहने रहने से चेहरे पर अलग तरह का ही मेकअप नजर आता है। थकान की वजह से चेहरा अजीब लगता है, जिसे यह हैंगओवर मेकअप कहती है।
 

यह नर्स लगातार दो हफ्ते से कोरोना मरीजों की देखभाल में लगी है। लगातार गाउन पहनने से बॉडी में पसीना सूखता रहता है, जिससे कई तरह की स्किन प्रॉब्लम्स हो जाती है। पहले जहां यह मेकअप कर ड्यूटी पर जाती थी, अब सर्जिकल और N95 मास्क पहने रहने से चेहरे पर लाल निशान पड़ गए हैं। 

यह नर्स लगातार दो हफ्ते से कोरोना मरीजों की देखभाल में लगी है। लगातार गाउन पहनने से बॉडी में पसीना सूखता रहता है, जिससे कई तरह की स्किन प्रॉब्लम्स हो जाती है। पहले जहां यह मेकअप कर ड्यूटी पर जाती थी, अब सर्जिकल और N95 मास्क पहने रहने से चेहरे पर लाल निशान पड़ गए हैं। 

यह नर्स भी कोरोना के मरीजों की देखभाल का काम आईसीयू में करती है। मास्क पहने रहने से इसका चेहरा खराब हो गया है। इस नर्स का कहना है कि उसे समझ में नहीं आ रहा कि कोरोना के इतने लोग कैसे इन्फेक्टेड हो रहे हैं।

यह नर्स भी कोरोना के मरीजों की देखभाल का काम आईसीयू में करती है। मास्क पहने रहने से इसका चेहरा खराब हो गया है। इस नर्स का कहना है कि उसे समझ में नहीं आ रहा कि कोरोना के इतने लोग कैसे इन्फेक्टेड हो रहे हैं।

अमेरिका के एक हॉस्पिटल के आईसीयू में कोरोना मरीजों की देखभाल करने वाली करने वाली इस नर्स को खुद इलाज की जरूरत पड़ गई है। मास्क की वजह से इसके चेहरे पर स्कार्स तो पड़ ही गए हैं, नाक पर घाव हो गया, जिस वजह से उसे पट्टी बांधनी पड़ी है।

अमेरिका के एक हॉस्पिटल के आईसीयू में कोरोना मरीजों की देखभाल करने वाली करने वाली इस नर्स को खुद इलाज की जरूरत पड़ गई है। मास्क की वजह से इसके चेहरे पर स्कार्स तो पड़ ही गए हैं, नाक पर घाव हो गया, जिस वजह से उसे पट्टी बांधनी पड़ी है।

इस नर्स ने मास्क पहने रहने से चेहरे पर पड़े निशानों को ब्यूटी मार्क्स कहना शुरू कर दिया है। आखिर इस महामारी से जूझते हुए भी दिल को किसी तरह से बहलाना है।  

इस नर्स ने मास्क पहने रहने से चेहरे पर पड़े निशानों को ब्यूटी मार्क्स कहना शुरू कर दिया है। आखिर इस महामारी से जूझते हुए भी दिल को किसी तरह से बहलाना है।  

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios