पुलिसकर्मी जब भिखारी की मौत के बाद उसकी झुग्गी पर पहंचे वहां इतनी दौलत मिली की पुलिसवाले भी हैरान हो गए। मृतक ने पैसे चार बैग में भर रखे थे। पुलिस को गिनने में करीब रातभर लग गई।

मुंबई. जब हम ट्रेफिक सिग्नल या भीड़ भाड़ वाले इलाके में होते हैं तो भिखारी भीख मांगने के लिए आ जाते हैं। हम उसकी हालत देखकर गरीब समझने लगते हैं और इसलिए हम उसको पैसे दे देते हैं। लेकिन मुंबई में एक भिखारी की मौत के बाद लखपति होने का ऐसा मामला सामने आया है जिसे जानने के बाद गलत साबित हो सकते हैं।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

 पैसे गिनने में पुलिस को लग गए 8 घंटे
दरअसल शुक्रवार रात मुंबई के गोवंडी स्टेशन के पास एक भिखारी की ट्रेन से कटकर मौत हो गई थी। पुलिस ने मृतक की पहचान 82 साल के बिरभीचंद आजाद के रूप में की। पूरे मामले की जांच करने के बाद जब पुलिसकर्मी भिखारी की झुग्गी पर पहंचे उसके पास से इतनी दौलत मिली की पुलिसवाले भी हैरान हो गए। जब पुलिस ने झोपड़ी की तलाशी की तो वहां से 1.77 लाख रुपये के सिक्के और 8.77 लाख रुपये के फिक्स्ड डिपॉजिट के पेपर्स मिले। मृतक ने अपने इन पैसों को चार बैगों में भरकर रखे थे। सब इंस्पेक्टर प्रवीण कांबले ने बताया कि हम इतने सिक्के देखकर हैरान रह गए। इन सिक्कों को हमने शनिवार शाम से सिक्के गिनना शुरू किया और 24 घंटे बाद रविवार को गिनती पूरी कर पाए।

चार बैग में भर रखे थे अपने पैसे
पुलिस ने बताया भिखारी बिरभीचंद ने अपना पैन कार्ड, आधार कार्ड और सीनियर सिटिजन कार्ड भी बनवा रखा था। उसके घर से ये सारे कागजात भी मिले। स्थानी लोगों ने बताया कि मृतक का मुंबई में कोई जानने वाला या रिश्तेदान नहीं रहता है। उसके कुछ कागजों में उसके घर का पता राजस्थान का लिखा हुआ था। जांच करने पर मिला की उसका एक बेटा है जो कि राजस्थान में नौकरी करता है। वह मुंबई में अकेला ही रहता था।