धनबाद-अलेप्पी एक्सप्रेस (Dhanbad-Allepy express) ट्रेन के बी -1 कोच के शौचालय में एक महिला ने बच्चे को जन्म दिया। महिला बच्चे को वॉश बेसिन में रखकर चली गई। बच्चे के रोने की आवाज सुन यात्री शौचालय में गए तो नवजात को देख दंग रह गए। 

विशाखापत्तनम। आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम (Visakhapatnam) से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। एक अज्ञात महिला ने बुधवार सुबह करीब 8 बजे धनबाद-अलेप्पी एक्सप्रेस (Dhanbad-Allepy express) ट्रेन के शौचालय में बच्चे को जन्म दिया और उसे वहीं छोड़कर चली गई। 

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महिला ने बी -1 कोच के शौचालय में बच्चे को जन्म दिया था। उसने बच्चे को टॉयलेट के वॉश बेसिन में छोड़ दिया था। बच्चे के चिल्लाने की आवाज सुनकर यात्री शौचालय में पहुंचे तो बच्चे को देख दंग रह गए। बोकारो एक्सप्रेस ट्रेन के यात्रियों ने ट्रेन के सिंहचलम स्टेशन से निकलने के बाद लगभग 8:20 बजे बच्चे के बारे में ऑनबोर्ड-टीटीई वी. ब्रह्माजी को सूचित किया। टीटीई ने ट्रेन के एस्कॉर्टिंग स्टाफ एम.रामकी (आरपीएफ पोस्ट/विशाखापत्तनम) को सूचना दी। सूचना मिलने पर आरपीएफ ने ट्रेन में सवार होकर बच्चे को मंडल रेलवे अस्पताल, विशाखापत्तनम पहुंचाया।

स्थिर है बच्चे का स्वास्थ्य 
बच्चे का स्वास्थ्य स्थिर है। उसे आगे के इलाज और देखभाल के लिए केजीएच में स्थानांतरित कर दिया गया है। बच्चे को चाइल्डकेअर अधिकारियों को सौंप दिया जाएगा। मंडल रेल प्रबंधक वाल्टेयर अनूप सत्पथी ने टीटीई के लिए उपयुक्त पुरस्कार की घोषणा की है और बच्चे के पालन-पोषण का पूरा खर्च देने की पेशकश की है।

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अनूप सत्पथी ने कहा कि हम बच्चे के स्वास्थ्य की निगरानी कर रहे हैं और उसकी मां या माता-पिता का पता लगाने के लिए जांच कर रहे हैं। अगर असली मां या माता-पिता स्वेच्छा से आगे आते हैं और बच्चे को अपनाते हैं तो उन्हें उसके पालन-पोषण के लिए पूरी वित्तीय सहायता दी जाएगी।

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