असम विधानसभा में 88 साल से चली आ रही शुक्रवार की नमाज़ की छुट्टी अब बंद। मुस्लिम विधायकों ने जताया विरोध, स्पीकर ने बताया संविधान के अनुरूप फैसला।

गुवाहाटी: असम विधानसभा में 88 साल से चली आ रही शुक्रवार की 2 घंटे की नमाज़ की छुट्टी को पहली बार बंद कर दिया गया है। राज्य की बीजेपी सरकार की मंशा के मुताबिक, नमाज़ की छुट्टी बंद करने का फैसला पिछले अगस्त में ही ले लिया गया था। लेकिन इसे मौजूदा सत्र से लागू किया गया है।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

इस पर मुस्लिम विधायकों ने विरोध जताया है। उन्होंने कहा, 'विधानसभा में करीब 30 मुस्लिम विधायक हैं, जिन्होंने इस कदम का विरोध किया था। लेकिन बीजेपी के पास बहुमत है, इसलिए उसने ये फैसला थोप दिया।'

इसके जवाब में स्पीकर बिस्वजीत दैमारी ने कहा, ‘संविधान के धर्मनिरपेक्ष सिद्धांतों के तहत ये कदम उठाया गया है। बाकी दिनों की तरह शुक्रवार को भी बिना किसी नमाज़ ब्रेक के सदन चलेगा।’

इस कदम का स्वागत करते हुए सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा, '1937 में मुस्लिम लीग के नेता सैयद सादुल्ला ने इस प्रथा की शुरुआत की थी।'