डेटा सिक्योरिटी पर बढ़ते फोकस के कारण पिछले एक साल में साइबर सुरक्षा पेशेवरों के लिए जॉब्स में औसतन 14 प्रतिशत का इजाफा हुआ है। ये आंकड़ा ग्लोबल जॉब साइट इनडीड के सितंबर 2023 से सितंबर 2024 के बीच जारी रिपोर्ट के मुताबिक है।

नई दिल्ली। डेटा सिक्योरिटी पर बढ़ते फोकस के कारण पिछले एक साल में साइबर सुरक्षा पेशेवरों के लिए जॉब्स में औसतन 14 प्रतिशत का इजाफा हुआ है। ये आंकड़ा ग्लोबल जॉब साइट इनडीड के सितंबर 2023 से सितंबर 2024 के बीच जारी रिपोर्ट के मुताबिक है। इनडीड इंडिया के सेल्स प्रमुख शशि कुमार ने रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा- जैसे-जैसे हमारी जिंदगी में हर एक चीज ऑनलाइन होती जा रही है, वैसे-वैसे कंपनियां डेटा को सुरक्षित रखने पर फोकस कर रही हैं। इसके चलते साइबर सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स की मांग बढ़ रही है। ये बहुत तेजी से बढ़ने वाला क्षेत्र है, जिसमें आगे बढ़ने के बहुत सारे अवसर हैं।

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साइबर सिक्योरिटी जॉब्स के मामले में बेंगलुरू देश में अव्वल

इनडीड की रिपोर्ट के मुताबिक, साइबर सिक्योरिटी जॉब ओपनिंग के मामले में बेंगलुरु देश में 10 प्रतिशत लिस्टिंग के साथ अव्वल है। बेंगलुरू के बाद इस लिस्ट में दिल्ली-एनसीआर (4 प्रतिशत), रिमोट जॉब्स (2.2 प्रतिशत), हैदराबाद (2 प्रतिशत) और मुंबई (2 प्रतिशत) हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि बेंगलुरु पहले से ही एक टेक हब के रूप में जाना जाता है, जिसके चलते वो इस तरह की नौकरियां देने में सबसे ऊपर है। इसके अलावा बेंगलुरू हर प्रमुख आईटी कंपनियों, स्टार्टअप और ग्लोबल फर्म्स का हब है। जैसे-जैसे डिजिटल ऑपरेशन का विस्तार हो रहा है, वैसे ही शहरों में साइबर सुरक्षा पर फोकस बढ़ रहा है। इसके चलते साइबर सिक्योरिटी प्रोफेशनल्स की मांग में इजाफा देखने को मिल रहा है।

यूरोप-अमेरिका पर कम करनी होगी निर्भरता

एक्सपर्ट्स का मानना है कि आनेवाले समय में आईटी प्रोफेशनल्स के लिए क्लाउड कंप्यूटिंग और साइबर सिक्योरिटी में मौके बढ़ेंगे। हालांकि, इस सेक्टर में अगर नौकरियां लगातार बढ़ानी हैं तो यूरोप और अमेरिका पर निर्भरता कम करनी होगी। अमेरिका ने पिछले तीन-चार दशकों तक डॉलर की ताकत का भरपूर इस्तेमाल किया, लेकिन धीरे-धीरे कई देश डॉलर की पावर को चुनौती दे रहे हैं। ऐसे में साइबर सिक्योरिटी और दूसरी आईटी कंपनियों को इस पर ध्यान देना होगा कि कैसे अमेरिका और यूरोप के अलावा दुनिया के दूसरे हिस्सों में अपनी भागीदारी बढ़ाएं। आईटी कंपनियों को साउथ ईस्ट एशिया, मिडिल ईस्ट एशिया पैसिफिक और अफ्रीका में अपनी पैठ बनानी होगी। कई कंपनियों ने इस दिशा में काम भी शुरू कर दिया है।

बढ़ेगी एडवांस्ड साइबर सिक्योरिटी की डिमांड

आने वाले समय में भारत के आईटी सेक्टर के लिए एडवांस्ड साइबर सिक्योरिटी के अलावा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग, क्वांटम कंप्यूटिंग, एज कंप्यूटिंग, ब्लॉकचेन, ग्रीन आईटी की डिमांड तेजी से बढ़ेगी। ऐसे में भारत को आईटी उद्योग में अगर अपनी पोजिशन बरकरार रखनी है तो उसे इन क्षेत्रों में तकनीकी प्रशिक्षण के अलावा युवाओं के स्किल डेवलपमेंट पर भी फोकस करना होगा।

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