जामिया में फायरिंग करने वाले नाबालिग की मां ने अपने उस दर्द को बयां किया, जब उनका बेटा नेशनल मीडिया में सुर्खियों में था। मां के मुताबिक, जब उन्होंने बेटे को टीवी पर फायरिंग करते हुए देखा तो वे रोते-रोते बेहोश हो गईं। 

नई दिल्ली. जामिया में फायरिंग करने वाले नाबालिग की मां ने अपने उस दर्द को बयां किया, जब उनका बेटा नेशनल मीडिया में सुर्खियों में था। मां के मुताबिक, जब उन्होंने बेटे को टीवी पर फायरिंग करते हुए देखा तो वे रोते-रोते बेहोश हो गईं। घटना की जानकारी होने पर आरोपी के पिता भी लापता हो गए। गुरुवार को जामिया इलाके में फायरिंग करने वाले नाबालिग को पुलिस ने हिरासत में लिया है। फायरिंग में जामिया के एक छात्र को गोली लगी। आज उसे अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है।

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"मेरे बेटे की दिमागी हालत ठीक नहीं है"
फायरिंग करने वाले नाबालिग की मां ने कहा कि मेरे बेटी की दिमागी हालत ठीक नहीं है। उसे इलाज की जरूरत है। गिरफ्तार मत करो। वह निर्दोष है। मां को घटना की जानकारी तब मिली, जब पड़ोसियों ने बताया कि आपका बेटा टीवी पर आ रहा है। 

"बेटा घर पर चुप ही रहता था"
नाबालिग के पिता ने बताया, बेटा घर पर चुप ही रहता था। उसके दोस्तों ने भी बेटे के व्यवहार में आए बदलाव को बताया था। जब उसे किसी बात के लिए ज्यादा रोक-टोक की जाती थी तो वह गु्स्सा हो जाता था और वहां से उठकर चला जाता था। आरोपी का छोटा भाई भी है, जो आठवीं में पढ़ता है।

नाबालिग के पास बंदूक कहां से आई?
12वीं के छात्र के पास बंदूक कहां से आई, यह अब भी बड़ा सवाल है। फायरिंग की खबर जब पड़ोसियों को मिली तो वे कुछ देर तक भरोसा ही नहीं कर पाए।

जामिया में क्या हुआ?
गुरुवार की दोपहर करीब 12 बजे जामिया नगर इलाके में करीब 17 साल के एक नाबालिग लड़के ने फायरिंग कर दी। फायरिंग के दो घंटे पहले उसने अपने फेसबुक पर एक के बाद एक कई पोस्ट की। फायरिंग के 2 घंटे पहले इसने लिखा, मेरे घर का ध्यान रखना। फायरिंग में जामिया के एक छात्र घायल हो गया। उसकी ऊंगली में गोली लगी है। अस्पताल में इलाज चल रहा है।