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जम्मू-कश्मीर में 15 दिनों में 15 आतंकी ढेर, बुधवार को चार आतंकवादियों को सुरक्षा बलों ने मार गिराया

आतंकियों के खिलाफ पुंछ और राजौरी जिलों के वन क्षेत्र में आतंकवादियों के खिलाफ ऑपरेशन चलाया जा रहा है। दस दिनों से चल रहे इस आपरेशन में कई सैनिक भी हताहत हुए हैं।

Jammu Kashmir anti-terrorist activities: Four Terrorists gun down by Security forces
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Srinagar, First Published Oct 20, 2021, 10:07 PM IST
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श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर (Jammu Kashmir) में बेकाबू हो चुके आतंकवादियों (Terrorists) से अब सुरक्षा बल (security forces) आरपार के मूड में आ चुके हैं। बुधवार को सुरक्षा बलों ने चार आतंकवादियों को मार गिराया। मारे गए आतंकियों ने घाटी में निहत्थे नागरिकों को दहशत फैलाने की नियत से मार डाला था। बुधवार को दिन में शोपियां में लश्कर-ए-तैयबा (Lashkar-e-Taiyaba) के से जुड़े 'द रेजिस्टेंस फ्रंट' (TRF) के दो दहशतगर्दों को सुरक्षा बलों ने मार गिराया तो शाम को लश्कर-ए-तैयबा के दो आतंकियों को मार गिराया।

लश्कर के मारे गए आतंकियों में कमांडर गुलजार अहमद रेशी भी शामिल है। इस मुठभेड़ में कई जवान भी घायल हुए हैं। उधर, रेसिस्टेंट फ्रंट (The resistant front)के मारे गए आतंकवादियों में एक की पहचान आदिल वानी के रूप में हुई है। आदिल 2020 में आतंकी संगठन में शामिल हुआ था। 

लश्कर के आतंकियों ने बिहारी मजदूरों की हत्या की थी

कुलगाम में मारे गए लश्कर के आतंकवादियों ने 17 अक्टूबर को वानपोह में दो बिहारी मजदूरों की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस हमले में एक मजदूर घायल हो गया था। 

15 दिनों में 15 आतंकवादी मारे गए

कश्मीर जोन के पुलिस महानिरीक्षक विजय कुमार ने एक ट्वीट में कहा, दो सप्ताह में अब तक 15 आतंकवादियों को मारा जा चुका है।''

दस दिनों से पुंछ और राजौरी जिलों में चल रहा ऑपरेशन

आतंकियों के खिलाफ पुंछ और राजौरी जिलों के वन क्षेत्र में आतंकवादियों के खिलाफ ऑपरेशन चलाया जा रहा है। दस दिनों से चल रहे इस आपरेशन में कई सैनिक भी हताहत हुए हैं।

अब आरपार की लड़ाई के मूड में सुरक्षा बल

आतंकियों के नागरिकों और सैन्य बलों पर आए दिन हमले के बाद अब सुरक्षा बल आरपार के मूड में है। मंगलवार को सुरक्षा बलों की तैनाती जगह जगह कर दी गई थी। इसके साथ ही इन क्षेत्रों में लोगों को घरों में ही रहने की सलाह दी गई थी। मेंढर में लाउडस्पीकरों से सार्वजनिक घोषणाएं कर स्थानीय लोगों से घरों में रहने को कहा गया। भट्टा दुर्रियां और आसपास के क्षेत्रों में स्थानीय मस्जिदों से मुनादी कर लोगों को सतर्क किया गया।

दरअसल, आशंका है कि पुंछ जिले के मेंढर के वन क्षेत्र में आतंकी छिपे हो सकते हैं। ऐसे में अधिकारियों ने लोगों से वन क्षेत्र में नहीं जाने और अपने मवेशियों को भी घरों में रखने को कहा गया है। अधिकारियों ने बताया कि बाहर गये लोगों को मवेशियों के साथ घर लौटने को कहा गया है।

11 अक्टूबर को पांच जवान हो गए थे शहीद

जम्मू-कश्मीर के पुंछ में आतंकवाद विरोधी अभियान (anti terrorist activities) के दौरान भारतीय सेना (Indian Army) के एक जेसीओ और 4 जवान शहीद हो गए थे। सेना ने जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले के सुरनकोट अधिकार क्षेत्र में डीकेजी के करीब के गांवों में ऑपरेशन शुरू किया था। इंटेलिजेंस इनपुट था कि उस इलाके में आतंकियों की मौजूदगी है। इसी सर्च अभियान के दौरान आतंकियों ने घात लगाकर सैनिकों पर हमला कर दिया था।

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