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फिर विवादों में JNU: वेबिनार में भारतीय अधिकृत कश्मीर लिखने पर खड़ा हुआ विवाद

जेएनयू के वीमेन स्टडी सेंटर (JNU-Women Study Centre) ने 29 अक्टूबर, 2021, शुक्रवार को रात 8:30 बजे से कश्मीर में लैंगिक प्रतिरोध और नई चुनौतियां विषय पर एक वेबिनार आयोजित किया था। बताया जा रहा है कि इसके इनविटेशन पर भारतीय अधिकृत कश्मीर लिखा गया था।

JNU again in controversy, Know why webinar on Kashmir issue cancelled
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New Delhi, First Published Oct 29, 2021, 10:33 PM IST
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नई दिल्ली। जेएनयू (JNU) एक बार फिर विवादों में है। कश्मीर (Kashmir) को लेकर यहां एक बार फिर विवादित बयान सामने आया है। यूनिवर्सिटी (Jawahar Lal Nehru University) के एक वेबिनार (Webinar) के इनविटेशन पर कश्मीर को भारतीय अधिकृत कश्मीर (India occuoied Kashmir) लिखा गया है। हालांकि, इस लिखे पर विवाद को बढ़ता देख आयोजकों ने वेबिनार ही रद्द कर दिया। शुक्रवार की शाम को यह कार्यक्रम आयोजित था।

शिक्षकों और छात्रों ने जताई आपत्ति

दरअसल, छात्रों-शिक्षकों की मुख्य आपत्ति कश्मीर को लेकर किये गए संबोधन पर है। एक शिक्षक ने बताया कि जेएनयू प्रशासन (JNU administration) ने भी इस पर घोर आपत्ति दर्ज कराई। इसके बाद शुक्रवार रात 8.30 बजे होने वाला वेबिनार रद कर दिया गया। एबीवीपी (ABVP) ने इसे एक गैर संवैधानिक वेबिनार करार दिया। एबीवीपी के एक पदाधिकारी ने बताया कि वेबिनार वेबपेज ने जम्मू और कश्मीर के केंद्र शासित प्रदेश को 'भारतीय अधिकृत कश्मीर' के रूप में संबोधित किया है जिस पर हमें घोर आपत्ति है। 

यह था कार्यक्रम

जेएनयू के वीमेन स्टडी सेंटर (JNU-Women Study Centre) ने 29 अक्टूबर, 2021, शुक्रवार को रात 8:30 बजे से कश्मीर में लैंगिक प्रतिरोध और नई चुनौतियां विषय पर एक वेबिनार आयोजित किया था। बताया जा रहा है कि इसके इनविटेशन पर भारतीय अधिकृत कश्मीर लिखा गया था।

 

कार्रवाई की मांग पर अड़े संगठन

जेएनयू में एबीवीपी इकाई के अध्यक्ष शिवम चौरसिया ने कहा कि हमने प्रशासन से इस वेबिनार को तुरंत बंद करने की मांग की है क्योंकि यह भारत गणराज्य और भारत के संविधान की अखंडता और संप्रभुता को कमजोर करता है। एबीवीपी-जेएनयू सचिव रोहित कुमार ने कहा कि हम महिला अध्ययन केंद्र की अध्यक्ष, संबंधित संकायों और जेएनयू रजिस्ट्रार के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग करते हैं, जिन्होंने कार्यक्रम की अनुमति दी थी और जिन्होंने इस तरह के वेबिनार का आयोजन तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर किया है।

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