कोरोना महामारी के बीच पश्चिम बंगाल की एक तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। कोलकाता के एक हॉस्पिटल में मां दूध नहीं पिला सकी तो नवजात को नर्स ने दूध पिलाकर मिसाल पेश की। एलपीओवी में ड्यूटी पर तैनात उमा अधिकारी हाल ही में मां बनीं।  

नई दिल्ली. कोरोना महामारी के बीच पश्चिम बंगाल की एक तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। कोलकाता के एक हॉस्पिटल में मां दूध नहीं पिला सकी तो नवजात को नर्स ने दूध पिलाकर मिसाल पेश की। एलपीओवी में ड्यूटी पर तैनात उमा अधिकारी हाल ही में मां बनीं। उन्होंने कहा कि सी सेक्शन से गुजरने की वजह से एक महिला अपने बच्चे को दूध नहीं पिला सकती थीं। नवजात रो रहा था। उमा को देखा नहीं गया, उन्होंने खुद उसे दूध पिलाया।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

कोरोना की वजह से किसी और ने नहीं पिलाया दूध
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उस वक्त वॉर्ड में लगभग 8 महिलाएं थी, जो मां बनी थीं, लेकिन कोरोना के डर से कोई भी दूध पिलाने के लिए तैयार नहीं हुआ।

"मैं खुद को बच्चे से दूर नहीं रख सकी"
उमा ने बताया, रात हो चुकी थी, बच्चा भूख से रो रहा था। मैं खुद को बच्चे से दूर नहीं सकी। इसलिए, मैंने उसे खुद स्तनपान करने का फैसला किया। 

कई गर्भवती महिलाएं कोरोना संक्रमित
उमा ने बताया, जिन महिलाओं ने दूध पिलाने से मना किया, उनका डर सही थी। दरअसल, सभी हॉस्पिटल में कोरोना का खतरा है। जिन हॉस्पिटल में गर्भवती महिलाएं कोरोना पॉजिटिव पाई गई हैं उनमें आरजी हॉस्पिटल में शामिल है। ऐसे में महिलाओं को डर था कि कहीं उन्हें भी कोरोना का संक्रमण न हो जाए। 

कोरोना के डर से पति हुए परेशान
उमा ने बताया, जब मैंने नवजात को स्तनपान कराने की बात अपने पति को बताई तो वे थोड़ा परेशान हुए। ऐसा इसलिए क्योंकि मेरा भी 8 महीने का बेटा है। अगली सुबह उसे भी स्तनपान कराना है। मैंने पति को आश्वासन दिया कि मैंने सभी हाइजीन प्रोटोकॉल का पालन किया है। अपनी बात को साबित करने के लिए उमा ने अपने पति को एक सेल्फी भी भेजी।