संसद का शीतकालीन सत्र हंगामे की भेंट चढ़ा। अडानी और संभल मामले पर विपक्ष के हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही बार-बार स्थगित। राहुल गांधी ने अडानी पर गंभीर आरोप लगाए।

Parliament Winter session 2024: 18वीं लोकसभा का पहला पहला संसद शीतकालीन सत्र काफी हंगामादार है। चार दिनों में महज 40 मिनट तक ही सत्र चल सका है। अडाणी रिश्वत कांड और संभल मस्जिद सर्वे हिंसा को लेकर विपक्ष के लगातार हंगामा के बाद सदन को 2 दिसंबर तक स्थगित कर दिया गया है। लोकसभा और राज्यसभा में विपक्ष लगातार अडाणी और संभल मुद्दा को उठा रहा जिसको लेकर हंगामा हो रहा।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

ओम बिरला ने की कार्यवाही चलने देने की अपील

शीतकालीन सत्र के चौथे दिन लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने सांसदों से शांतिपूर्ण तरीके से कार्यवाही को आगे बढ़ाने की अपील की लेकिन अडाणी और संभल मुद्दा लगातार विपक्ष उठाता रहा। सत्तापक्ष के सदस्यों के प्रतिरोध के बाद हंगामा बढ़ता जा रहा। विपक्ष लगातार अडाणी को बचाने के लिए पीएम मोदी को जिम्मेदार ठहरा रहा। शुक्रवार को चौथे दिन हंगामा जारी रहता देख स्पीकर ओम बिरला ने कहा कि सहमति-असहमति लोकतंत्र की ताकत है। मैं आशा करता हूं सभी सदस्य सदन को चलने देंगे। देश की जनता संसद के बारे में चिंता व्यक्त कर रही है। सदन सबका है, देश चाहता है संसद चले।

2 दिसंबर तक सदन स्थगित

विपक्ष का अपनी मांग पर अटल रहने और हंगामा बढ़ता देख लोकसभा और राज्यसभा को 2 दिसंबर तक के लिए स्थगित कर दिया गया है। संसद सचिवालय की रिपोर्ट के अनुसार, शीतकालीन सत्र के चार दिन गुजर चुके हैं लेकिन महज 40 मिनट के आसपास ही कामकाज हुआ यानी औसत 10 मिनट ही सदन में एक दिन कामकाज हुआ।

राहुल गांधी ने लगाया बड़ा आरोप

संसद के शीतकालीन सत्र के शुरू में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने अमेरिका द्वारा अडाणी कंपनी रिश्वतकांड पर समन के बाद कहा कि अडाणी पर अमेरिका में दो हजार करोड़ रुपये की रिश्वत का आरोप है। उनको जेल में अबतक होना चाहिए लेकिन पीएम मोदी के नेतृत्व वाली सरकार उनको बचा रही है।

18वीं लोकसभा का यह तीसरा सत्र

18वीं लोकसभा का यह तीसरा सत्र है जबकि पहला शीतकालीन सत्र है। शीतकालीन सत्र 25 नवम्बर से शुरू है। यह 20 दिसंबर तक चलेगा। इस दौरान 19 बैठकें होगी। इस सत्र में डेढ़ दर्जन के आसपास विधेयक पेश किए जाने हैं। संसद सचिवालय के अनुसार, इस सत्र में 16 बिल पेश किए जाएंगे जिसमें 11 पर चर्चा की जानी है जबकि 5 बिलों को मंजूरी के लिए पेश किया जाएगा। इसके पहले बीते मानसून सत्र में 12 बिल लाए गए थे लेकिन चार ही पास हो सके थे।

यह भी पढ़ें:

संसद में पहली बार प्रियंका गांधी, अडाणी मुद्दे पर हंगामा के बाद सदन स्थगित