सद्गुरु ने दो साल पहले 21 मार्च 2022 को लंदन से सेव सॉइल अभियान को शुरू किया था। दो साल में अभियान ने दुनिया को चौका दिया।

Save Soil movement: सद्गुरु ने दो साल पहले 21 मार्च 2022 को लंदन से सेव सॉइल अभियान को शुरू किया था। दो साल में अभियान ने दुनिया को चौका दिया। हालांकि, इस बार अभियान के वर्षगांठ पर सद्गुरु स्वास्थ्य कारणों से कुछ नया नहीं कर सके हैं। लेकिन दुनिया भर के अपने प्रशंसकों को सद्गुरु ने संदेश भेजा है कि वह जल्द वापसी करेंगे।

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सद्गुरु ने X पर भेजा संदेश

सेव सॉइल मूवमेंट की दूसरी एनिवर्सरी पर सद्गुरु ने अपने प्रशंसकों और दुनिया को जल्द वापसी का संदेश भेजा है। सद्गगुरु ने लिखा है कि 21 मार्च 2022- अब दो साल हो गए हैं जब मैंने लंदन से सेव सॉइल राइड शुरू की और दुनिया के सबसे बड़े जन आंदोलन को प्रेरित किया। ऐसी हालत में थे कि दुनिया हैरान थी। आज उतना बढ़िया नहीं। जल्दी वापस आयेंगे।

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17 मार्च को अस्पताल में भर्ती कराए गए थे सद्गुरु

ईशा फाउंडेशन के संस्थापक सद्गुरु जग्गी वासुदेव को बीते 17 मार्च को दिल्ली के अपोलो हास्पिटल में एडमिड कराया गया था। यहां उनकी ब्रेन की सर्जरी की गई। ब्रेन में सूजन और ब्लीडिंग की वजह से डॉक्टर्स ने उनकी तत्काल सर्जरी की थी। करीबी सूत्रों के अनुसार, सद्गुरु काफी दिनों से सर में गंभीर दर्द से परेशान थे। सद्गुरु की समस्या को देखते हुए डॉक्टर ने उनसे एमआरआई कराने की सलाह दी। जांच में सामने आया कि उनके ब्रेन में काफी सूजन आ चुकी है। इसके साथ ही एमआईआई में देखा गया कि उनके ब्रेन में ब्लीडिंग भी हो रही है। ऐसे में डॉक्टरों ने देर न करते हुए उनके ब्रेन की इमरजेंसी सर्जरी करनी पड़ी।

दिल्ली के अपोलो हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने सद्गुरु के ब्रेन की सफल सर्जरी की। अपोलो के डॉ. विनीत सूरी, डॉ. प्रणव कुमार, डॉ. सुधीर त्यागी और डॉ. एस चटर्जी की टीम ने सद्गुरु जग्गी के ब्रेन की इमरजेंसी सर्जरी की। डॉक्टरों ने बताया कि ऑपरेशन के बाद से उनकी हालत में सुधार भी आ रहा है।

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