BPSC Student Protest: पटना में 70वीं BPSC परीक्षा में कथित धांधली को लेकर छात्रों का प्रदर्शन हिंसक हो गया. पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया. इस बीच, बिहार बीजेपी अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा है कि सरकार छात्रों के हित में काम कर रही है, जबकि RJD नेता तेजस्वी यादव ने घायल छात्रों से मिलकर सरकार की कार्रवाई को 'बर्बर' बताया है.

70th BPSC Exam Controversy: 70वीं बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) परीक्षा में कथित धांधली को लेकर पटना में छात्रों का विरोध प्रदर्शन लगातार जारी है। बुधवार को प्रदर्शन के दौरान उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया, जब पुलिस ने अभ्यर्थियों को तितर-बितर करने के लिए वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया। प्रदर्शनकारी छात्र राजभवन और मुख्यमंत्री आवास की ओर मार्च कर रहे थे। घटना के बाद बिहार की राजनीति भी गरमा गई है।

बीजेपी अध्यक्ष बोले- छात्रों के हित में काम कर रही सरकार

बिहार बीजेपी अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा कि राज्य और केंद्र की सरकार छात्रों के कल्याण और रोजगार के लिए लगातार काम कर रही है। ANI से बातचीत में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली बिहार सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार छात्रों के हितों को लेकर पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

सरावगी ने कहा कि PhD छात्रों को बातचीत के लिए लोक भवन बुलाया गया था। वहीं, TRE-4 से जुड़े मामले में मुख्य सचिव ने भी छात्रों को बुलाकर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने दावा किया कि सरकार लगातार छात्रों से संवाद कर रही है और उनकी समस्याओं के समाधान की दिशा में काम कर रही है।

प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने किया वॉटर कैनन का इस्तेमाल

BPSC परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों ने राजभवन और मुख्यमंत्री आवास की ओर मार्च करने की कोशिश की। पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए सुरक्षा घेरा बनाया था। जब प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग पार करने की कोशिश की तो स्थिति तनावपूर्ण हो गई।

इसके बाद पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया। इस दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने की भी जानकारी सामने आई। घटना के बाद विपक्षी दलों ने सरकार और पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं।

शिक्षा मंत्री ने सरकार का किया बचाव

बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि सरकार छात्रों की शिकायतों को गंभीरता से ले रही है और उनकी समस्याओं पर लगातार ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने इस मुद्दे पर विपक्षी नेताओं की बयानबाजी पर भी निशाना साधा।

सरकार की ओर से लगातार यह कहा जा रहा है कि छात्रों से बातचीत के जरिए उनकी समस्याओं का समाधान निकालने की कोशिश की जा रही है। वहीं, प्रदर्शनकारी अभ्यर्थी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन जारी रखे हुए हैं।

PMCH पहुंचे तेजस्वी यादव, घायल छात्रों से की मुलाकात

इस पूरे विवाद के बीच RJD नेता तेजस्वी यादव पटना मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल (PMCH) पहुंचे और प्रदर्शन के दौरान घायल हुए छात्रों से मुलाकात की। उन्होंने छात्रों का हालचाल जाना और डॉक्टरों से उनके इलाज की जानकारी ली।

तेजस्वी यादव ने पुलिस पर प्रदर्शनकारियों के खिलाफ जरूरत से ज्यादा बल प्रयोग करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि अपनी जायज मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर कथित लाठीचार्ज सरकार की क्रूरता को दिखाता है।

तेजस्वी बोले- शिक्षा की लड़ाई में छात्रों के साथ रहेंगे

तेजस्वी यादव ने कहा कि प्रदर्शनकारियों के खिलाफ सरकार की कार्रवाई निंदनीय और शर्मनाक है। उन्होंने दावा किया कि अस्पताल में भर्ती छात्रों के हौसले में कोई कमी नहीं आई है और वे विपरीत परिस्थितियों के बावजूद अपनी मांगों को लेकर डटे हुए हैं।

उन्होंने कहा कि शिक्षा और छात्रों के अधिकारों की इस लड़ाई में RJD का समर्थन हमेशा अभ्यर्थियों के साथ रहेगा। तेजस्वी ने भरोसा जताया कि आखिरकार छात्रों की यह लड़ाई जीत होगी।

चिराग पासवान ने भी अभ्यर्थियों का किया समर्थन

BPSC परीक्षा में कथित धांधली के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों को केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान का भी समर्थन मिला है। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगों को उन्होंने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के सामने रखा है।

चिराग के समर्थन के बाद BPSC विवाद को लेकर सियासी हलचल और तेज हो गई है। एक तरफ सरकार छात्रों की समस्याओं के समाधान के लिए बातचीत का दावा कर रही है, वहीं विपक्ष और प्रदर्शनकारी अभ्यर्थी पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर लगातार हमलावर हैं।

BPSC विवाद पर बढ़ता जा रहा सियासी दबाव

70वीं BPSC परीक्षा से जुड़े कथित धांधली के आरोपों को लेकर छात्रों का आंदोलन अब राजनीतिक मुद्दा बनता जा रहा है। सरकार जहां संवाद और समाधान की बात कर रही है, वहीं विपक्ष प्रदर्शनकारियों पर हुई कार्रवाई को लेकर सवाल उठा रहा है। ऐसे में आने वाले दिनों में छात्रों और सरकार के बीच बातचीत इस पूरे विवाद की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकती है।