गुजरात बजट 2026-27 का आकार 4.08 लाख करोड़ रुपए है। बिना नए टैक्स के पेश इस बजट में विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य, ग्रीन ग्रोथ, पर्यटन, आदिवासी विकास और एआई पर विशेष ध्यान दिया गया है। पूंजीगत व्यय और इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़ा निवेश किया गया है।

गांधीनगर। भूपेंद्र पटेल ने गुजरात के वर्ष 2026-27 के बजट को विश्वास-आधारित शासन और मानव-केंद्रित आर्थिक ढांचे के विजन को साकार करने वाला बताया है। वित्त मंत्री कनुभाई देसाई द्वारा विधानसभा में पेश किए गए इस बजट का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट सामाजिक सुरक्षा, मानव संसाधन विकास, बुनियादी ढांचा, आर्थिक विकास और ग्रीन ग्रोथ जैसे पांच मजबूत स्तंभों पर आधारित है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप विकासोन्मुख बजट

मुख्यमंत्री ने कहा कि नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने हाल ही में तीन कर्तव्यों पर आधारित सुधारवादी बजट पेश किया है। गुजरात राज्य प्रधानमंत्री के हर संकल्प को साकार करने के लिए लगातार विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि यह बजट अडिग विश्वास और निरंतर विकास की प्रतिबद्धता के साथ प्रस्तुत किया गया है।

4.08 लाख करोड़ का बजट, बिना नए टैक्स का बोझ

वर्ष 2026-27 के लिए गुजरात का बजट 4 लाख 8 हजार करोड़ रुपए का है। यह पिछले वर्ष की तुलना में 10.2 प्रतिशत अधिक है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस बजट में किसी भी नागरिक पर नया टैक्स नहीं लगाया गया है। यह बजट राज्य की विकास यात्रा को जनकल्याण के विश्वास के साथ आगे बढ़ाने वाला है। कुल बजट का 65 प्रतिशत हिस्सा विकास-उन्मुख खर्च के लिए निर्धारित किया गया है।

शिक्षा, युवा और कौशल विकास पर विशेष फोकस

शिक्षा, खेल, कला और संस्कृति के लिए कुल बजट का 20 प्रतिशत, यानी 64 हजार करोड़ रुपए से अधिक की राशि आवंटित की गई है। राज्य के युवाओं को शिक्षित, कुशल और भविष्य के लिए तैयार बनाने के उद्देश्य से ‘नमो गुजरात कौशल और रोजगार मिशन’ के लिए 226 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।

स्वास्थ्य, सामाजिक सेवाएं और कृषि विकास

स्वास्थ्य और सामाजिक सेवाओं के लिए 19 प्रतिशत बजट आवंटित किया गया है। कृषि, सिंचाई, जल प्रबंधन और शहरी विकास के लिए 11 प्रतिशत बजट रखा गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह प्रधानमंत्री की “सबका साथ, सबका विकास” की सोच को साकार करने वाला है।

पूंजीगत व्यय और इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़ा निवेश

इस वर्ष पूंजीगत व्यय (कैपिटल एक्सपेंडिचर) के लिए 39 प्रतिशत राशि निर्धारित की गई है, जो बेहतर वित्तीय प्रबंधन के कारण संभव हो सका है। राज्य में भविष्य के लिए तैयार इंफ्रास्ट्रक्चर बनाने के उद्देश्य से गुजरात हाई-स्पीड कॉरिडोर में 800 करोड़ रुपए का निवेश किया जाएगा। क्लाइमेट रेजिलिएंट और नई तकनीक आधारित सड़कों के लिए 600 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।

ग्रीन बजट और सतत विकास

प्रधानमंत्री के ग्रीन ग्रोथ विजन को ध्यान में रखते हुए इस वर्ष 15 हजार करोड़ रुपए से अधिक राशि ग्रीन बजट के तहत आवंटित की गई है।

गुजरात पर्यटन वर्ष 2026 और 6500 करोड़ का प्रावधान

मुख्यमंत्री ने कहा कि गुजरात आज वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर अपनी अलग पहचान बना चुका है। वर्ष 2026 को ‘गुजरात पर्यटन वर्ष’ घोषित किया गया है और इसके लिए 6500 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।

आदिवासी विकास के लिए 35 हजार करोड़ से अधिक राशि

भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती वर्ष के अवसर पर आदिवासी क्षेत्रों के विकास के लिए 35 हजार करोड़ रुपए से अधिक राशि आवंटित की गई है। चार आदिवासी जिलों की 18 तहसीलों में 51,480 हेक्टेयर क्षेत्र में लिफ्ट इरिगेशन योजना लागू की जाएगी। आदिवासी युवाओं को रोजगार देने के लिए पांच नए जीआईडीसी औद्योगिक क्षेत्र स्थापित किए जाएंगे।

कॉमनवेल्थ गेम्स और ओलंपिक रेडी अहमदाबाद

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के प्रयासों से अहमदाबाद को कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी का अवसर मिला है। ओलंपिक रेडी अहमदाबाद के लिए स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर और आधुनिक परिवहन सुविधाओं हेतु 1200 करोड़ रुपए से अधिक का प्रावधान किया गया है।

एआई, डिजिटल गवर्नेंस और फ्यूचर रेडी गुजरात

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह एआई और डीप टेक का युग है। गुजरात को डिजिटल गवर्नेंस और एआई क्षेत्र में अग्रणी बनाने के लिए 850 करोड़ रुपए से अधिक की राशि आवंटित की गई है। डेटा फ्यूजन सेंटर और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना की घोषणा भी की गई है।

विकसित गुजरात 2047 की दिशा में कदम

राज्य सरकार ने संतुलित आर्थिक विकास के लिए 6 रीजनल इकोनॉमिक मास्टर प्लान तैयार किए हैं। इसके लिए लगभग 7 हजार करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट ऐसा सर्वसमावेशी बजट है जिस पर हर गुजराती गर्व कर सकता है।