Shigella Infection Kerala : कितनी खतरनाक है शिगेला इन्फेक्शन? बच्चों के लिए क्यों खतरनाक है शिगेला बीमारी?, सरकार ने क्यों छेड़ा ‘युद्ध स्तर’ पर अभियान? इस बीमारी को लेकर क्यों मचा हड़कंप?
तिरुवनंतपुर : केरल में शिगेला इन्फेक्शन के मामले सामने आने के बाद राज्य के स्वास्थ्य विभाग ने एक पब्लिक हेल्थ एडवाइजरी जारी की है। विभाग ने अधिकारियों को इस बीमारी को फैलने से रोकने के लिए उपाय तेज करने के निर्देश दिए हैं। स्वास्थ्य मंत्री के दफ्तर से जारी एक प्रेस रिलीज के मुताबिक, विभाग ने आम लोगों से पूरी सावधानी बरतने और इन्फेक्शन को रोकने की कोशिशों में सहयोग करने की अपील की है।

बीमारी को खत्म करने के लिए 'युद्ध स्तर' पर जुटा प्रशासन
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा है कि स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय निकाय मिलकर 'युद्ध स्तर' पर रोकथाम के काम को तेज करें। सरकार ने पीने के पानी के स्रोतों की क्वालिटी पक्की करने और प्रभावित इलाकों में साफ-सफाई के उपायों को बेहतर बनाने के लिए पहले ही जरूरी कदम उठाने शुरू कर दिए हैं।
क्या है शिगेला बीमारी?
शिगेला एक बैक्टीरियल इन्फेक्शन है, जो मुख्य रूप से गंदे खाने और पानी से फैलता है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि इस बीमारी के लक्षणों में दस्त, बुखार, पेट दर्द और उल्टी शामिल हैं। विभाग ने इस बात पर चिंता जताई है कि बच्चे इस इन्फेक्शन की चपेट में जल्दी आ सकते हैं, इसलिए माता-पिता और देखभाल करने वालों को ज्यादा सतर्क रहने को कहा गया है। मंत्री ने अपील की है कि जिन लोगों में इस बीमारी से जुड़े लक्षण दिखें, वे बिना देर किए नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जाकर इलाज कराएं। राज्य भर के अस्पतालों को भी निर्देश दिया गया है कि वे संदिग्ध और कन्फर्म मामलों के इलाज के लिए पूरी तैयारी और सुविधाएं रखें।
कैसे शिगेला से बचा जाए?
- स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को सिर्फ उबला और ठंडा किया हुआ पानी पीने, खाने-पीने में पूरी सफाई रखने और बार-बार साबुन से हाथ धोने की सलाह दी है।
- खासकर खाना खाने से पहले और टॉयलेट इस्तेमाल करने के बाद।
- सरकार ने दोहराया है कि वह इन्फेक्शन के फैलाव को रोकने के लिए प्रतिबद्ध है और निगरानी व पब्लिक हेल्थ सिस्टम को मजबूत करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
केरल सरकार ने लोगों से की अपील
मंत्री ने नागरिकों से स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय निकायों की इन कोशिशों में पूरा सहयोग करने की अपील की। उन्होंने सामुदायिक भागीदारी के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि लोगों की जागरूकता, व्यक्तिगत स्वच्छता और सामूहिक प्रयास इस बीमारी को फैलने से रोकने में अहम भूमिका निभाएंगे। अधिकारी स्थिति पर करीब से नजर बनाए हुए हैं और निवासियों से सतर्क रहने के साथ-साथ सरकार द्वारा जारी स्वास्थ्य सलाह का पालन करने का आग्रह किया है।


