केतन अग्रवाल मर्डर केस में मंगेतर सिया गोयल और उसके प्रेमी चेतन चौधरी पर हत्या और साजिश के आरोप हैं। जानिए कैसे हुई दोनों की पहली मुलाकात।  

Pune Businessman Murder Case: दिवाली पार्टी में हुई एक मुलाकात से शुरू हुई कहानी अब देश के सबसे चर्चित मर्डर मामलों में से एक बन चुकी है। सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी पर महाराष्ट्र के पुणे के 25 वर्षीय बिजनेसमैन केतन अग्रवाल की हत्या की साजिश रचने और उसे अंजाम देने का आरोप है। पुलिस के मुताबिक, 18 जून को लोनावला के पास स्थित लोहागढ़ किले पर ट्रेकिंग के दौरान केतन अग्रवाल की मौत हुई थी। शुरुआत में इस घटना को एक हादसा माना गया, लेकिन बाद में जांच आगे बढ़ने पर मामला कथित हत्या की साजिश में बदल गया।

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सिया और चेतन की मुलाकात कैसे हुई?

पुलिस जांच के मुताबिक, सिया गोयल और चेतन चौधरी की मुलाकात पिछले साल एक दिवाली पार्टी में हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच लगातार संपर्क बना रहा। न्यूज एजेंसी ANI के अनुसार, जांचकर्ताओं को संदेह है कि पिछले कई महीनों से दोनों नियमित रूप से बातचीत कर रहे थे और इसी दौरान केतन अग्रवाल को लेकर कई चर्चाएं भी हुईं। पुलिस डिजिटल रिकॉर्ड और अन्य परिस्थितिजन्य साक्ष्यों की मदद से इन पहलुओं की जांच कर रही है।

परिवार को नहीं थी चेतन चौधरी के साथ रिश्ते की जानकारी

जांच के दौरान सामने आया कि सिया गोयल कथित तौर पर चेतन चौधरी के साथ रिश्ते में थीं। हालांकि, केतन अग्रवाल के परिवार को इस संबंध की जानकारी नहीं थी। बताया जा रहा है कि चेतन चौधरी का परिवार भी उसी बिजनेस क्षेत्र में कारोबार करता है, जहां सिया गोयल के पिता का व्यवसाय है।

शादी को लेकर खुश नहीं थीं सिया गोयल?

जांच के दौरान पुलिस को ऐसे संकेत मिले हैं कि सिया गोयल अपनी सगाई और होने वाली शादी से संतुष्ट नहीं थीं। पुलिस फिलहाल इस एंगल से भी जांच कर रही है कि क्या यही कथित हत्या का प्रमुख कारण था। अधिकारियों के अनुसार, सिया ने पूछताछ में दावा किया कि वह इस रिश्ते को आगे नहीं बढ़ाना चाहती थीं और उन्होंने केतन को भी इस बारे में बताया था। उनका कहना था कि उन्होंने शादी न करने की बात कही थी, लेकिन केतन शादी की तैयारियां जारी रखे हुए थे। हालांकि, पुलिस इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि करने में जुटी हुई है।

कौन थे केतन अग्रवाल?

केतन अग्रवाल पुणे के प्रतिष्ठित कारोबारी परिवार से ताल्लुक रखते थे। वह अपने परिवार की कंपनी 'सक्सेस ग्रुप' में डायरेक्टर थे, जिसे महाराष्ट्र की बड़ी वेयरहाउस डेवलपमेंट कंपनियों में गिना जाता है। उन्होंने वर्ष 2023 में अमेरिका के मैसाचुसेट्स स्थित बैब्सन कॉलेज के एफडब्ल्यू ओलिन ग्रेजुएट स्कूल ऑफ बिजनेस से मास्टर डिग्री पूरी की थी। पढ़ाई पूरी करने के बाद वह पुणे लौट आए थे और पारिवारिक कारोबार संभाल रहे थे।

फरवरी में हुई थी सिया और केतन की सगाई

इस साल फरवरी में केतन अग्रवाल और सिया गोयल की सगाई हुई थी। यह रिश्ता परिवारों की सहमति से तय हुआ था और इसमें केतन के मामा की अहम भूमिका बताई जाती है। सिया गोयल भी पुणे के एक संपन्न कारोबारी परिवार से आती हैं। दोनों की शादी नवंबर 2026 में प्रस्तावित थी। शादी की तैयारियां भी शुरू हो चुकी थीं और उदयपुर में होटल तक बुक किए जा चुके थे।

CCTV फुटेज से मिला जांच को अहम सुराग

जांच में बड़ा मोड़ तब आया जब पुलिस ने घटना वाले दिन लोहागढ़ किले के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। पुलिस को किले की तलहटी के पास एक संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिया। अधिकारियों के अनुसार, वह व्यक्ति गर्म मौसम के बावजूद हुडी पहनकर घूम रहा था। लोनावला ग्रामीण पुलिस के अधिकारी दिनेश तायडे के अनुसार, 18 जून की सुबह तापमान करीब 33 डिग्री सेल्सियस था। ऐसे मौसम में हुडी, सिर ढकना और हेडफोन पहनना असामान्य लगा, जिससे पुलिस का शक और गहरा हुआ।

लोहागढ़ ट्रेकिंग के दौरान हुई थी केतन अग्रवाल की मौत

पुलिस का आरोप है कि सिया गोयल ने अपने कथित बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी की मदद से अपने मंगेतर केतन अग्रवाल को पहाड़ी से नीचे धक्का दिया था। घटना 18 जून को लोहागढ़ किले पर ट्रेकिंग के दौरान हुई। शुरुआत में इसे दुर्घटना माना गया था, लेकिन बाद में पुलिस पूछताछ और जांच में कई ऐसे तथ्य सामने आए, जिनसे संदेह बढ़ गया। इसके बाद मामले की दिशा पूरी तरह बदल गई।

परिवार ने हादसे की थ्योरी पर जताया था संदेह

केतन अग्रवाल के परिवार ने शुरुआत से ही दुर्घटना की थ्योरी पर सवाल उठाए थे। उनका कहना था कि केतन एक अनुभवी ट्रेकर थे और लोहागढ़ किले के रास्तों से अच्छी तरह परिचित थे। परिवार को विश्वास नहीं था कि वह इतनी आसानी से फिसलकर गिर सकते हैं। इसी वजह से पुलिस ने मामले की गहराई से जांच शुरू की।

पहली कोशिश में बच गए थे केतन?

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जांच में यह भी सामने आया है कि कथित हत्या से चार दिन पहले भी केतन को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई थी। बताया जा रहा है कि लोहागढ़ ट्रेक के दौरान हुई पहली कथित कोशिश में केतन बच गए थे। आरोप है कि उस समय सिया ने उन्हें धक्का दिया था और बाद में कहा था कि उन्होंने ऐसा उन्हें सांप से बचाने के लिए किया था। पुलिस इन दावों की भी जांच कर रही है।