राहुल गांधी और 25 विपक्षी सांसदों को गोली मारने की धमकी देने वाले राज सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसने खुद को करणी सेना का प्रवक्ता बताते हुए वीडियो पोस्ट किया था। बीजेपी और करणी सेना दोनों ने उससे कोई संबंध होने से इनकार किया है।
नई दिल्ली: कांग्रेस नेता राहुल गांधी और 25 विपक्षी सांसदों को गोली मारने की धमकी देने वाले एक शख्स को गिरफ्तार कर लिया गया है. इस शख्स का नाम राज सिंह है. उसने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर यह धमकी दी थी. वीडियो में राज सिंह खुद को करणी सेना का प्रवक्ता बता रहा है.
वीडियो में वह कह रहा है कि संसद के बजट सत्र के दौरान लोकसभा में 25 कांग्रेस सांसदों ने स्पीकर ओम बिड़ला का अपमान किया, जिससे सभी बीजेपी और करणी सेना के कार्यकर्ता गुस्से में हैं. उसने कहा, "अगर दोबारा ऐसी कोई घटना हुई, तो हम उन सांसदों के घरों में घुसकर सब कुछ तहस-नहस कर देंगे. मुझे लगता है कि यह घटना राहुल गांधी के निर्देश पर हुई है. राहुल गांधी, कान खोलकर सुन लो, अगर दोबारा ऐसी घटना हुई तो हम तुम्हारे घर में घुसकर गोली मार देंगे. अगर उन सांसदों को 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार नहीं किया गया, तो ठीक है. नहीं तो हम उन सभी को एक-एक करके गोली मार देंगे."
बीजेपी और करणी सेना ने झाड़ा पल्ला
वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही कोटा पुलिस हरकत में आई और राज सिंह को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस ने यह कार्रवाई खुद संज्ञान लेते हुए की. समाचार एजेंसी PTI के मुताबिक, कोटा की पुलिस अधीक्षक (SP) तेजस्विनी गौतम ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है. वीडियो के सिलसिले में उससे पूछताछ की जा रही है. पुलिस ने यह भी बताया कि अभी यह साफ नहीं है कि उसका किसी संगठन से कोई संबंध है या नहीं. उसके खिलाफ उद्योग नगर पुलिस स्टेशन में पहले से ही 4 आपराधिक मामले दर्ज हैं.
वहीं, बीजेपी और करणी सेना, दोनों ने ही राज सिंह से कोई भी रिश्ता होने से इनकार किया है. बीजेपी के कोटा शहर अध्यक्ष राकेश जैन ने कहा, "मैं साफ कर देना चाहता हूं कि वायरल वीडियो में दिख रहे व्यक्ति का बीजेपी से कोई लेना-देना नहीं है. बीजेपी राष्ट्र निर्माण के लिए समर्पित एक अनुशासित पार्टी है. इस तरह की भाषा और व्यवहार हमारी विचारधारा और नैतिक मूल्यों के बिल्कुल खिलाफ है."
करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष महिपाल सिंह मकराना ने भी कहा कि राज सिंह का उनकी पार्टी से कोई संबंध नहीं है. उन्होंने कहा, "हम विरोध करते हैं, काले झंडे दिखाते हैं और सड़कों पर उतरते हैं. लेकिन किसी की जान लेना हमारी विचारधारा नहीं है."
