Lucknow Fire Tragedy :लखनऊ के अलीगंज में हुए अग्निकांड के बाद गोरखपुर और भोपाल जैसे शहरों में भी कोचिंग सेंटरों और गेमिंग ज़ोन में सुरक्षा जांच तेज कर दी गई है।
लखनऊ (उत्तर प्रदेश): लखनऊ के अलीगंज में हुए भीषण अग्निकांड की जांच के लिए SIT की टीम ने मंगलवार को घटनास्थल का दौरा किया। इस हादसे में 15 लोगों की जान चली गई थी। SIT सदस्य और IAS अधिकारी अमृत अभिजात ने बताया कि टीम ने मौके का मुआयना किया, घायलों से बात की और घटना से जुड़ी शुरुआती जानकारी इकट्ठा की है। उन्होंने बताया कि पहली नजर में ऐसा लगता है कि जिस जगह पर आग लगी, वहां कंप्यूटर-एनिमेटेड फिल्में बनाने का काम होता था।

गोरखपुर से भोपाल तक सख्ती
- अमृत अभिजात ने पत्रकारों से कहा, "आज हमने घटनास्थल का मुआयना किया और घटना के बारे में फौरन जानकारी जुटाई। हमने अपनी आंखों से हालात देखे और घायलों समेत वहां मौजूद लोगों से बात की ताकि पूरी तस्वीर साफ हो सके। ऐसा लग रहा है कि यहां कंप्यूटर-एनिमेटेड फिल्में बनाने की कोई फैसिलिटी थी…अब हम बाकी संबंधित पक्षों से बात करेंगे ताकि पता चल सके कि लापरवाही कहां हुई और क्या सुधार करने की जरूरत है।"
- लखनऊ के इस अग्निकांड के बाद गोरखपुर और भोपाल समेत कई शहरों में फायर सेफ्टी को लेकर सख्ती बढ़ा दी गई है।
- गोरखपुर में CO फायर ब्रिगेड संतोष कुमार राय ने बताया कि जिले के सभी कोचिंग संस्थानों और गेमिंग ज़ोन में जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि कुछ जगहों पर छोटी-मोटी कमियां मिली हैं, जिन्हें ठीक करने के लिए मैनेजमेंट को निर्देश दिए गए हैं।

लखनऊ में हादसा और गोरखपुर में सख्ती
राय ने ANI को बताया, “लखनऊ में कल हुई घटना को देखते हुए, गोरखपुर जिले के सभी कोचिंग संस्थानों और गेमिंग ज़ोन में जांच की जा रही है... कुछ मामूली कमियां पाई गईं और मैनेजमेंट को उन्हें ठीक करने के निर्देश दिए गए हैं... हम इस तरह की जांच नियमित रूप से करते रहते हैं और लगातार जागरूकता फैलाते हैं।
भोपाल तक कोचिंग सेंटरों में हड़कंप
- वहीं, भोपाल के फायर ऑफिसर सौरभ कुमार पटेल ने बताया कि हाल की घटनाओं को देखते हुए उनकी टीमें भी कोचिंग संस्थानों की जांच के लिए निकल पड़ी हैं। जांच में खासकर इमरजेंसी एग्जिट गेट पर ध्यान दिया जा रहा है।
- पटेल ने कहा, "लखनऊ में कल हुई घटना को लेकर, उससे पहले दिल्ली के एक होटल में भी एक घटना हुई थी। और एक साल पहले दिल्ली के एक कोचिंग सेंटर में पानी भरने से जो हादसा हुआ था। इन घटनाओं को देखते हुए, हमने आज अपनी टीम को मैदान में उतारा है। हमने कोचिंग सेंटर की जांच की है। हम इमरजेंसी एग्जिट गेट भी चेक कर रहे हैं।"
- उन्होंने आगे कहा, "एक बड़ी समस्या जो हमने देखी है, वह वेंटिलेशन की है। हम खास तौर पर बाहर लगे होर्डिंग्स के संबंध में वेंटिलेशन की जांच कर रहे हैं। यह एक कोचिंग सेंटर का हमारा पहला निरीक्षण है। एमपी नगर के अलावा, हम बैरागढ़ और कोलार में भी निरीक्षण के लिए टीमें बनाएंगे। यहां मुख्य मुद्दा वेंटिलेशन का है, और इमरजेंसी एग्जिट के इंतजाम नाकाफी हैं। उनका फायर सेफ्टी सिस्टम काम कर रहा था; केवल वेंटिलेशन को लेकर ही समस्या पाई गई।


