ममता बनर्जी द्वारा बुलाई गई 80 विधायकों की बैठक में केवल कितने विधायक शामिल हुए और इससे पार्टी में किस तरह की चिंता बढ़ गई? काकोली घोष दस्तीदार ने कल्याण बनर्जी के खिलाफ लोकसभा स्पीकर से क्या शिकायत की है? पूर्व सांसद शांतनु सेन और प्रवक्ता बिस्वजीत देब ने TMC नेतृत्व पर कौन-कौन से गंभीर आरोप लगाए?
कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में करारी हार के बाद ममता बनर्जी की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। पार्टी में सबकुछ ठीक नहीं होने के संकेत मिल रहे हैं। ममता ने 80 विधायकों की एक बैठक बुलाई थी, लेकिन इसमें सिर्फ 20 विधायक ही शामिल हुए। इस घटना के बाद पार्टी नेतृत्व में हड़कंप मच गया है। हालांकि, तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने सफाई देते हुए कहा है कि कई विधायक विरोध प्रदर्शन वाली जगहों पर थे, इसलिए नहीं आ पाए। बताया जा रहा है कि अभिषेक बनर्जी खुद नाराज विधायकों से बात कर रहे हैं। इस पूरे मामले पर बीजेपी ने चुटकी लेते हुए कहा है कि TMC के पैरों के नीचे से जमीन खिसक रही है।

विधानसभा चुनाव में बड़ी हार के बाद से ही तृणमूल कांग्रेस में अंदरूनी कलह तेज हो गई है। स्थानीय नेताओं के पार्टी छोड़ने के बाद अब बड़े नेता भी खुलकर एक-दूसरे के खिलाफ बयानबाजी कर रहे हैं, जिससे ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। कल ही, बारासात से सांसद और TMC महिला विंग की राष्ट्रीय अध्यक्ष रहीं काकोली घोष दस्तीदार ने श्रीरामपुर के सांसद और सीनियर नेता कल्याण बनर्जी के खिलाफ लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला को शिकायत दी। शिकायत में कहा गया है कि कल्याण बनर्जी संसद के अंदर महिला नेताओं का लगातार अपमान करते हैं। यह शिकायत तब की गई जब काकोली को लोकसभा में पार्टी के चीफ व्हिप पद से हटाकर उनकी जगह कल्याण बनर्जी को नियुक्त किया गया। इस पर कल्याण बनर्जी ने पलटवार करते हुए कहा कि यह शिकायत किसी के उकसावे पर की गई है। काकोली ने कहा है कि वह कल्याण बनर्जी के खिलाफ पुलिस में भी शिकायत दर्ज कराएंगी।
काकोली के अलावा, राष्ट्रीय प्रवक्ता पद से इस्तीफा दे चुके पूर्व सांसद शांतनु सेन ने भी पार्टी पर हमला बोला। उन्होंने साफ कहा कि बंगाल की जनता ने भ्रष्टाचार में डूबी TMC को खारिज कर दिया है। एक और प्रवक्ता, बिस्वजीत देब ने कहा कि पार्टी को बिखरने में ज्यादा समय नहीं लगेगा। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि इतना भ्रष्टाचार हुआ और ममता-अभिषेक को इसकी जानकारी नहीं थी, ऐसा मानना मुश्किल है। वहीं, TMC के इस अंदरूनी घमासान पर बीजेपी की पूरी नजर है। खबर है कि बीजेपी नेता सुवेंदु अधिकारी पार्टी छोड़ने को तैयार नेताओं से पहले ही संपर्क साध चुके हैं। वह अलग-अलग जिलों का दौरा कर इन नेताओं से सीधे मुलाकात कर रहे हैं।
