NEET Protest Parliament 2026: NEET छात्र आंदोलन और पुलिस कार्रवाई को लेकर संसद में गतिरोध जारी है। अमित शाह ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखकर विपक्ष के साथ सहमति से विस्तृत चर्चा कराने की पेशकश की है। जानिए राहुल गांधी और सरकार का पूरा रुख।
NEET परीक्षा और छात्रों के विरोध प्रदर्शन को लेकर संसद में जारी गतिरोध के बीच बुधवार को सियासी पारा और चढ़ गया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखकर कहा कि सरकार इस मुद्दे पर विस्तृत चर्चा के लिए तैयार है। उन्होंने अध्यक्ष से विपक्ष से बात कर चर्चा के लिए समय तय करने का अनुरोध किया है।
अमित शाह ने यह भी कहा कि वह खुद सदन में मौजूद रहकर विपक्ष के सवाल सुनेंगे और उनका जवाब देंगे। दूसरी ओर, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शाह के प्रस्ताव पर सवाल उठाते हुए कहा कि विपक्ष को भाषण नहीं, बल्कि छात्रों के साथ हुई कथित पुलिस कार्रवाई पर जवाब चाहिए।
अमित शाह ने स्पीकर को पत्र में क्या कहा?
अमित शाह ने अपने पत्र में कहा कि संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू बिजनेस एडवाइजरी कमेटी की बैठक में NEET मुद्दे पर सरकार और विपक्ष के बीच चर्चा के लिए सहमति दे चुके हैं। इसके बावजूद सदन में गतिरोध बना हुआ है। शाह ने कहा कि सरकार अब भी इस मुद्दे पर चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार है।
गृह मंत्री ने लोकसभा अध्यक्ष से विपक्ष से बातचीत कर आपसी सहमति से चर्चा के लिए जितना समय उचित हो, उतना समय आवंटित करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि वह चर्चा के दौरान सदन में उपस्थित रहेंगे और विपक्ष के सभी सवालों का जवाब देने के लिए तैयार हैं। शाह ने यह भी कहा कि गंभीर मुद्दों का समाधान लोकतांत्रिक व्यवस्था में चर्चा और संवाद से ही निकलता है। उनके मुताबिक, सरकार के पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है।
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3 बजे से अगले दिन 3 बजे तक चर्चा का प्रस्ताव
संसद के बाहर अमित शाह ने इससे भी आगे बढ़कर प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि अगर विपक्ष दोपहर 2 बजे तक स्पीकर को लिखित अनुरोध देता है तो दोपहर 3 बजे से अगले दिन 3 बजे तक चर्चा कराई जा सकती है। जरूरत पड़ने पर प्रश्नकाल स्थगित करके भी विस्तृत चर्चा कराने की बात उन्होंने कही।
शाह ने विपक्ष पर संसद की कार्यवाही बाधित करने का आरोप लगाते हुए कहा कि अब विपक्ष को तय करना है कि वह चर्चा चाहता है या हंगामा। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने भी सरकार के रुख को दोहराते हुए कहा कि सरकार छात्रों के आंदोलन से जुड़े मुद्दों पर विस्तृत चर्चा के लिए तैयार है।
राहुल गांधी बोले- ‘हमें लेक्चर नहीं, जवाब चाहिए’
वहीं राहुल गांधी ने अमित शाह के प्रस्ताव को स्वीकार करने से इनकार करते हुए कहा कि विपक्ष को गृह मंत्री का लेक्चर नहीं चाहिए। उन्होंने छात्रों के खिलाफ कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर सीधे सवाल उठाए और पूछा कि छात्रों पर बल प्रयोग का आदेश किसने दिया। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस और रैपिड एक्शन फोर्स गृह मंत्रालय के अधीन हैं और इसी वजह से गृह मंत्री को जवाब देना चाहिए। हालांकि, ये आरोप राजनीतिक दावे हैं और संबंधित घटनाओं की जिम्मेदारी तथा आदेश की श्रृंखला का अंतिम निर्धारण आधिकारिक जांच और उपलब्ध साक्ष्यों पर निर्भर करेगा।
NEET को लेकर यह टकराव ऐसे समय सामने आया है जब मानसून सत्र में विपक्ष और सरकार के बीच पहले से ही कई मुद्दों पर गतिरोध बना हुआ है। अब नजर इस बात पर है कि अमित शाह की चर्चा की पेशकश और विपक्ष की मांग के बीच संसद में वास्तव में बहस का रास्ता निकलता है या नहीं।
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