51000 Appointment Letters: पीएम मोदी ने 20वें रोजगार मेले में 51,000 से ज्यादा युवाओं को सरकारी नौकरी के अपॉइंटमेंट लेटर दिए। उन्होंने कहा कि 2047 तक 'विकसित भारत' बनाने में युवाओं का रोल सबसे अहम है। साथ ही रोजगार बढ़ाने के लिए सरकार के प्लान की भी जानकारी दी।
Government Recruitment 2026: पीएम नरेंद्र मोदी ने शनिवार को 20वें रोजगार मेले के तहत देशभर के 51,000 से ज्यादा युवाओं को सरकारी नौकरी के अपॉइंटमेंट लेटर दिए। उन्होंने कहा कि 2047 तक भारत को 'विकसित भारत' बनाने के सफर में युवाओं को बहुत बड़ा रोल निभाना है।
पीएम मोदी ने वर्चुअली नए कैंडिडेट्स से बात की। उन्होंने कहा कि त्योहारी सीजन में सरकारी नौकरी मिलने से हजारों परिवारों में नई खुशी आई है। पीएम ने कहा, "देश में त्योहारों का सीजन शुरू हो गया है। इस जश्न के बीच आज हजारों परिवारों की जिंदगी में एक नई खुशी आई है। आज देशभर में 51,000 से ज्यादा युवाओं को सरकारी सेवा के लिए नियुक्ति पत्र मिल रहे हैं।"
उन्होंने बताया कि ये युवा ऐसे समय में भारत सरकार से जुड़ रहे हैं, जब देश 2047 तक 'विकसित भारत' बनाने के बड़े लक्ष्य की तरफ तेजी से बढ़ रहा है। पीएम ने कहा, "आप ऐसे समय में सरकार का हिस्सा बन रहे हैं जब देश 2047 तक 'विकसित भारत' बनाने के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है। इस कोशिश में आप जैसे युवाओं का रोल बहुत अहम है।"
पीएम मोदी ने कहा कि सरकार का हिस्सा होने के नाते, इन युवाओं के हर फैसले से 'विकसित भारत' और 'आत्मनिर्भर भारत' अभियान को मजबूती मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा, "युवा होने के नाते, आप पर अपने साथी युवाओं के प्रति एक खास जिम्मेदारी है।"
दुनिया में पहचान और आर्थिक मौके
प्रधानमंत्री ने भारत के युवाओं के टैलेंट और स्किल्स की ग्लोबल पहचान का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि दुनिया को भारतीय इनोवेटर्स, आंत्रप्रेन्योर्स और युवाओं से बहुत उम्मीदें हैं। पीएम ने कहा, "आज हम देख रहे हैं कि कैसे हमारे युवाओं के टैलेंट और स्किल्स ने पूरी दुनिया का भरोसा जीता है। दुनिया को हमारे इनोवेटर्स, आंत्रप्रेन्योर्स और युवा शक्ति से काफी उम्मीदें हैं।"
हाल ही में हुए ब्रिक्स (BRICS) समिट का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि भारत ने यह पक्का करने की कोशिश की है कि ब्रिक्स का सहयोग सिर्फ सरकारों तक सीमित न रहे, बल्कि इसमें आंत्रप्रेन्योर्स, किसान, महिलाएं और युवा भी शामिल हों। उन्होंने बताया कि इसी सोच के साथ "BRICS Connect" और "BRICS MSME Cooperation Portal" जैसी पहल शुरू की गई हैं।
पीएम मोदी ने भारत के हालिया फ्री ट्रेड एग्रीमेंट्स (FTAs) पर भी बात की। उन्होंने कहा कि देश ने पिछले कुछ सालों में करीब 40 देशों के साथ FTA साइन किए हैं। पीएम ने कहा, "ये FTA हमारे युवाओं के लिए मौकों के नए दरवाजे खोल रहे हैं। ऐसे व्यापारिक समझौते हमारे आंत्रप्रेन्योर्स के लिए नई पार्टनरशिप का रास्ता बनाते हैं, नए बाजारों तक पहुंच देते हैं और युवाओं के लिए करियर की नई संभावनाएं बनाते हैं।"
स्किल डेवलपमेंट के लिए सरकार की पहल
उन्होंने कहा कि सरकार नेशनल एजुकेशन पॉलिसी, स्किल इंडिया मिशन, प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना और अप्रेंटिसशिप को बढ़ावा देने जैसी पहलों के जरिए युवाओं को भविष्य के लिए तैयार करने पर लगातार फोकस कर रही है। पीएम मोदी ने कहा, "हमारा मकसद यह पक्का करना है कि हमारे युवाओं की शिक्षा और स्किल्स बदलती अर्थव्यवस्था की जरूरतों के हिसाब से हों।"
उन्होंने पीएम सेतु (PM SETU) योजना का उदाहरण देते हुए कहा कि 60,000 करोड़ रुपये के निवेश से 1,000 सरकारी इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (ITI) को इंडस्ट्री की सीधी भागीदारी के साथ मॉडर्न बनाया जा रहा है。
भारत का शानदार स्टार्टअप इकोसिस्टम
प्रधानमंत्री ने भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम की ताकत भी बताई। उन्होंने कहा कि देश में दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम है। स्टार्टअप मूवमेंट अब सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित नहीं है, बल्कि मान्यता प्राप्त स्टार्टअप्स में से करीब आधे टियर-2 और टियर-3 शहरों में हैं। पीएम मोदी ने कहा, "इसका मतलब है कि गांवों, कस्बों और छोटे शहरों के युवा भारत की नई अर्थव्यवस्था में बड़ा रोल निभा रहे हैं।"
उन्होंने कहा कि छोटे शहरों के युवा अपने आइडिया पर काम कर रहे हैं, कंपनियां बना रहे हैं और दूसरों के लिए रोजगार के मौके पैदा कर रहे हैं। पीएम ने कहा, "छोटे शहरों के युवा अपने आइडिया पर काम कर रहे हैं, नई कंपनियां बना रहे हैं और दूसरों के लिए रोजगार के मौके पैदा कर रहे हैं।"
प्राइवेट सेक्टर में रोजगार बढ़ाना
पीएम मोदी ने कहा कि सरकार प्राइवेट सेक्टर में भी नौकरी के मौके तेजी से बढ़ाने पर काम कर रही है। उन्होंने कहा, "इसी सोच के साथ करीब 1 लाख करोड़ रुपये के बजट से 'प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना' शुरू की गई है।"
उन्होंने बताया कि इस योजना से करीब 2 करोड़ युवाओं को पहली बार वर्कफोर्स से जुड़ने का मौका मिलेगा। इस योजना के तहत, सरकार पहली नौकरी पाने वाले युवाओं को 15,000 रुपये तक का इंसेंटिव दे रही है, जबकि रोजगार के नए मौके पैदा करने के लिए कंपनियों को भी इंसेंटिव दिया जा रहा है। पीएम मोदी ने कहा, "दूसरे शब्दों में कहें तो सरकार देश में रोजगार बढ़ाने के लिए हर मोर्चे पर काम कर रही है।"
उन्होंने कहा कि जब देश की अर्थव्यवस्था बढ़ती है, निवेश बढ़ता है, नई इंडस्ट्रीज लगती हैं और नए सेक्टर्स का विस्तार होता है, तो युवाओं के लिए नए मौके खुद-ब-खुद पैदा होते हैं।
20वां रोजगार मेला: डिटेल्स और डिस्ट्रीब्यूशन
प्रधानमंत्री ने ये बातें 20वें रोजगार मेले के दौरान कहीं, जिसे देशभर में 45 जगहों पर आयोजित किया गया। इसमें अलग-अलग सरकारी विभागों में नए भर्ती हुए युवाओं को 51,000 से ज्यादा अपॉइंटमेंट लेटर बांटे गए। ये भर्तियां रेवेन्यू डिपार्टमेंट, रेल मंत्रालय, गृह मंत्रालय, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय, वित्तीय सेवाएं विभाग और रक्षा मंत्रालय समेत कई मंत्रालयों और विभागों में हो रही हैं।
20वें रोजगार मेले के साथ ही, इस पहल के जरिए अब तक करीब 12.75 लाख युवाओं को अपॉइंटमेंट लेटर मिल चुके हैं।
पुणे इवेंट की खास बातें
पुणे में केंद्रीय नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने कहा कि युवाओं के रोजगार को लेकर प्रधानमंत्री का विजन अब हकीकत बन रहा है। मोहोल ने कहा, "युवाओं के रोजगार को लेकर प्रधानमंत्री का विजन हकीकत में बदल रहा है... हम देख रहे हैं कि बड़ी संख्या में युवा राष्ट्रीय सेवा की मुख्यधारा में शामिल हो रहे हैं, जो प्रधानमंत्री के विजन की सफलता को दिखाता है। इस पहल के जरिए अब तक देशभर में 12 लाख युवाओं को रोजगार मिला है।"
नीरज कंसल ने बताया कि पुणे में रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO), इनकम टैक्स, कस्टम्स, रेलवे और पैरामिलिट्री फोर्सेज जैसे अलग-अलग सरकारी विभागों में 200 से ज्यादा अपॉइंटमेंट लेटर बांटे गए। कंसल ने कहा, "यहां पुणे में, हम DRDO, इनकम टैक्स, कस्टम्स, रेलवे और पैरामिलिट्री फोर्सेज समेत कई विभागों में 200 से ज्यादा अपॉइंटमेंट लेटर बांट रहे हैं।"
उन्होंने बताया कि अपॉइंटमेंट लेटर पाने वाले सभी लोग कार्यक्रम में शामिल हुए। कई लोग अपने माता-पिता के साथ आए थे, जिससे वहां का माहौल काफी पॉजिटिव हो गया। उन्होंने कहा, "अपॉइंटमेंट लेटर पाने वाले सभी लोग मौजूद थे, कई अपने माता-पिता के साथ आए थे, जिससे बहुत ही पॉजिटिव माहौल बना। हर कोई खुश है कि भारत सरकार ये अपॉइंटमेंट लेटर जारी कर रही है और भर्ती प्रक्रिया को इतनी गंभीरता से ले रही है।"
रोजगार मेला पहल: एक बड़ा नजरिया
20वां रोजगार मेला, मई 2026 में हुए 19वें संस्करण के बाद आयोजित किया गया है। उस समय 47 जगहों पर 51,000 से ज्यादा अपॉइंटमेंट लेटर बांटे गए थे। तब सरकार ने बताया था कि पहले 18 रोजगार मेलों के जरिए करीब 12 लाख भर्ती पत्र जारी किए जा चुके हैं।
यह नया संस्करण सरकार की चल रही रोजगार मेला पहल को और आगे बढ़ाता है। इसका मकसद अलग-अलग केंद्रीय सरकारी विभागों और संगठनों में भर्ती के जरिए युवाओं को रोजगार के मौके देना है। पीएम मोदी ने इस रोजगार पहल को देश की विकास यात्रा में भारत के युवाओं की ज्यादा से ज्यादा भागीदारी पक्की करने के बड़े लक्ष्य से भी जोड़ा है।
सरकार ने रेलवे, रक्षा, स्वास्थ्य, शिक्षा, मैन्युफैक्चरिंग, टेक्नोलॉजी, स्टार्टअप्स और उभरती हुई इंडस्ट्रीज जैसे सेक्टर्स को युवाओं के लिए नए मौके पैदा करने वाले क्षेत्रों के रूप में हाईलाइट किया है।
