CJP आंदोलन के दौरान झड़प में 118 पुलिसकर्मी घायल और 70 लोग हिरासत में लिए गए। कोर्ट के आदेश पर सोनम वांगचुक को अस्पताल में भर्ती कराया जाएगा। प्रदर्शनकारी फिर से संसद मार्च की तैयारी में हैं।
नई दिल्ली: CJP आंदोलन का समर्थन करने वाले सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को दिल्ली हाईकोर्ट ने एक प्राइवेट अस्पताल में शिफ्ट करने का आदेश दिया है। केंद्र सरकार ने कोर्ट को बताया था कि उन्हें सोनम को किसी भी अस्पताल में शिफ्ट करने पर कोई आपत्ति नहीं है। अब उन्हें मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया जाएगा। इस फैसले के बाद सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि आंग्मो ने कोर्ट का शुक्रिया अदा किया। गीतांजलि ने ही सोनम की बिगड़ती सेहत का हवाला देते हुए कोर्ट में याचिका दायर की थी।
उधर, CJP आंदोलन के दौरान कल हुई झड़प में दिल्ली पुलिस ने 70 लोगों को हिरासत में लिया है। इस हिंसा में सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने समेत कई धाराओं में केस दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि इस झड़प में 5 IPS अधिकारियों समेत 118 पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। घायलों में एक स्पेशल कमिश्नर और कई DCP भी शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों ने 20 गाड़ियों में भी तोड़फोड़ की। रात में CJP कार्यकर्ता फिर से प्रदर्शन वाली जगह पर लौट आए और अपना आंदोलन जारी रखे हुए हैं। वे संसद तक फिर से मार्च करने की योजना बना रहे हैं और जल्द ही इसका ऐलान करेंगे। दिल्ली पुलिस ने जिस प्रदर्शन स्थल को तहस-नहस कर दिया था, CJP कार्यकर्ता अब उसे साफ कर रहे हैं और फिर से टेंट लगाने की तैयारी में हैं।
इससे पहले पुलिस ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे लोगों को लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल कर खदेड़ दिया था। पुलिस ने उस मंच को भी तोड़ दिया था, जहां सोनम वांगचुक समेत कई लोग प्रदर्शन कर रहे थे। पूरे इलाके में रैपिड एक्शन फोर्स को तैनात कर दिया गया था। इसके बाद शहर में तनाव और बढ़ गया जब अभिजीत दीपके की अगुवाई में प्रदर्शनकारियों ने संसद की ओर बढ़ने की कोशिश की। पुलिस ने बैरिकेड लगाकर उन्हें रोकने की कोशिश की, लेकिन जब वे नहीं माने तो लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े। संसद भवन के पास भी पुलिस ने आंसू गैस का इस्तेमाल किया।
