Tiger Shroff Firing Case में कैब ड्राइवर की कॉल से मुंबई क्राइम ब्रांच को अहम सुराग मिला। मोबाइल नंबर ट्रैक कर पुलिस सूरत रेलवे स्टेशन पहुंची और ट्रेन की जानकारी के आधार पर कोटा में तीन संदिग्धों को पकड़ लिया।
Tiger Shroff Firing Case: बॉलीवुड एक्टर टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई फायरिंग मामले में मुंबई क्राइम ब्रांच को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। जुहू में वारदात को अंजाम देकर भागे हमलावरों तक पहुंचने में एक कैब ड्राइवर की फोन कॉल सबसे बड़ा सुराग बनी। इसी एक फोन कॉल के दम पर पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर तीनों मुख्य आरोपियों को राजस्थान के कोटा से गिरफ्तार कर लिया। इस सनसनीखेज मामले में अब तक कुल चार गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।
Tiger Shroff Firing: कैब ड्राइवर की कॉल से कैसे मिला सुराग?
फायरिंग के बाद आरोपी बहुत ही शातिराना अंदाज में मुंबई से भागने की कोशिश में थे:
- सूरत के लिए बुक की थी कैब: हमलावरों ने मुंबई से निकलने के बाद आगे जाने के लिए एक कैब बुक की। जब ड्राइवर ने बुकिंग वाले नंबर पर रिवर्स कॉल किया, तो यही फोन कॉल पुलिस के हाथ लग गया।
- टेक्निकल सर्विलांस से ट्रैकिंग: मुंबई क्राइम ब्रांच ने नंबर को ट्रेस करते हुए कैब ड्राइवर से संपर्क साधा। ड्राइवर ने पूछताछ में खुलासा किया कि उसने तीनों लड़कों को सूरत रेलवे स्टेशन पर छोड़ा था।
Mumbai Police: कोटा में कैसे पकड़े गए तीन संदिग्ध?
ड्राइवर की जानकारी मिलते ही क्राइम ब्रांच ने बिना वक्त गंवाए अपनी जाँच तेज कर दी:
- ट्रेन डिटेल्स और सीसीटीवी फुटेज: पुलिस ने सूरत स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज खंगाले और रिजर्वेशन चार्ट चेक किए। फुटेज में तीनों संदिग्ध जल्दबाजी में कोटा जाने वाली ट्रेन में चढ़ते दिखे।
- पुणे-जयपुर एक्सप्रेस पर फोकस: सर्विलांस से साफ हो गया कि आरोपी पुणे-जयपुर एक्सप्रेस से राजस्थान की तरफ भाग रहे हैं।
- राजस्थान पुलिस से तालमेल: मुंबई पुलिस ने तुरंत राजस्थान पुलिस से संपर्क साधा। कोटा रेलवे स्टेशन पर एक ज्वाइंट ऑपरेशन चलाकर तीनों शूटरों को धर दबोचा गया।
Tiger Shroff Attack: जुहू में कब और कैसे हुई थी फायरिंग?
18 अक्टूबर की शाम टाइगर श्रॉफ के साथ हुई इस वारदात का पूरा टाइमलाइन इस तरह है:
- फुटबॉल खेलने पहुंचे थे एक्टर: टाइगर रोज की तरह दोपहर 3 बजे जुहू के जमनाबाई नर्सी ग्राउंड पहुँचे थे। शाम करीब 7 बजे जब वे वापस लौट रहे थे, तब पुष्पा पार्क के पास बाइक सवार तीन हमलावरों ने उनकी कार पर फायरिंग कर दी।
- घायल ड्राइवर को लेकर अस्पताल भागे: गोलियां चलाने के बाद आरोपी फरार हो गए। वहीं टाइगर अपने जख्मी ड्राइवर को लेकर नानावटी अस्पताल पहुंचे।
- अंधेरी से वसई और फिर सूरत: हमलावर वारदात के बाद रात 8 बजे अंधेरी वेस्ट और फिर 10 बजे वसई रेलवे स्टेशन पहुंचे, जहां से वे ट्रेन में सवार होकर सूरत पहुंचे थे।
अब पुलिस आरोपियों को रिमांड पर लेकर हथियारों के सोर्स और लॉरेंस बिश्नोई गैंग के डिजिटल कनेक्शन की गहराई से जांच कर रही है।








