CM योगी ने विधान परिषद में कानून-व्यवस्था, आर्थिक प्रगति, कृषि विकास और सांस्कृतिक विरासत पर सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने कहा कि यूपी में कानून का राज मजबूत हुआ है, अर्थव्यवस्था तेजी से बढ़ी है और विकास के साथ विरासत का सम्मान किया जा रहा है।
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को विधान परिषद में राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव की चर्चा में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने विपक्ष द्वारा राज्यपाल के प्रति किए गए व्यवहार पर कड़ी आपत्ति जताई और कहा कि संवैधानिक पदों का सम्मान करना सभी का कर्तव्य है। उन्होंने कानून-व्यवस्था को लेकर कहा कि अब प्रदेश में “न कर्फ्यू है, न दंगा है, बल्कि यूपी में सब चंगा है।”
राज्यपाल का सम्मान लोकतंत्र की मजबूती के लिए जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्यपाल प्रदेश के संवैधानिक प्रमुख होते हैं। उनके प्रति अभद्र व्यवहार लोकतंत्र और संवैधानिक व्यवस्था दोनों को कमजोर करता है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय प्रतीकों और संवैधानिक पदों का सम्मान आने वाली पीढ़ियों के लिए सही उदाहरण पेश करता है।
कानून का राज और बदली हुई यूपी की छवि
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले वर्षों में उत्तर प्रदेश ने अपराध और अव्यवस्था से अनुशासन और कानून के राज की ओर यात्रा की है। उन्होंने कहा कि पहले प्रदेश की पहचान दंगों, कर्फ्यू और अव्यवस्था से जुड़ी थी, जबकि अब विकास, उत्सव और विश्वास का माहौल है।
टेक्नोलॉजी, ट्रस्ट और ट्रांसफॉर्मेशन का नया मॉडल
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश अब टेक्नोलॉजी, भरोसे और परिवर्तन के संतुलित मॉडल के रूप में उभर रहा है। इसी सोच के तहत शासन में पारदर्शिता, डिजिटल सिस्टम और विकास योजनाओं को प्राथमिकता दी गई है।
नीतिगत बदलाव से विकास को नई दिशा
उन्होंने कहा कि 2017 से पहले प्रशासनिक शिथिलता और विकास विरोधी माहौल था। अब स्पष्ट नीति, मजबूत नेतृत्व और सुशासन से प्रदेश को नई पहचान मिली है। निवेश, रोजगार और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में तेजी आई है।
अपराध से उत्सव प्रदेश तक का बदलाव
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले “वन डिस्ट्रिक्ट वन माफिया” जैसी स्थिति थी, गुंडा टैक्स और अवैध वसूली आम बात थी। अब कानून का राज स्थापित हुआ है, पुलिस भर्ती बढ़ी है, महिलाओं की सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया गया है और आधुनिक पुलिसिंग को बढ़ावा मिला है।
धार्मिक आयोजन और आस्था से मजबूत पहचान
उन्होंने कहा कि प्रयागराज, अयोध्या, काशी, मथुरा-वृंदावन जैसे तीर्थ स्थलों का विकास हुआ है। बड़े धार्मिक आयोजनों में श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या व्यवस्था और सुरक्षा पर विश्वास का संकेत है।
विरासत और राष्ट्रभाव पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत की सांस्कृतिक विरासत पर गर्व करना जरूरी है। उन्होंने राष्ट्रगीत, राष्ट्रीय प्रतीकों और ऐतिहासिक विरासत के सम्मान को देश के लिए महत्वपूर्ण बताया।
यूपी की अर्थव्यवस्था और जीएसडीपी में वृद्धि
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2017 में प्रदेश की जीएसडीपी लगभग 13 लाख करोड़ थी, जो अब बढ़कर करीब 36 लाख करोड़ रुपये हो गई है। बिना अतिरिक्त टैक्स लगाए राजस्व अनुशासन और टैक्स चोरी रोकने से आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है।
कृषि, उद्योग और निवेश में प्रगति
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा खाद्यान्न उत्पादक राज्य है। कृषि में तकनीक, MSP खरीद, DBT भुगतान और एग्री स्टार्टअप से किसानों की आय बढ़ी है। साथ ही निवेश और औद्योगिक विकास को भी बढ़ावा मिला है।
किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर विशेष ध्यान
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को उन्नत बीज, ड्रोन तकनीक, प्राकृतिक खेती और तकनीकी जानकारी दी जा रही है। फूड प्रोसेसिंग, एफपीओ और एग्री स्टार्टअप से कृषि को वैल्यू-एडिशन आधारित बनाया जा रहा है।
गन्ना, दुग्ध और कृषि उद्योग में उपलब्धियां
उन्होंने कहा कि गन्ना किसानों को रिकॉर्ड भुगतान हुआ है। एथेनॉल उत्पादन में बड़ी वृद्धि हुई है। दुग्ध उत्पादन और मत्स्य पालन में भी प्रदेश अग्रणी बन रहा है।
आधुनिक पुलिसिंग और सुरक्षा ढांचा मजबूत
मुख्यमंत्री ने बताया कि पुलिस भर्ती, साइबर सेल, फॉरेंसिक लैब और सेफ सिटी परियोजनाओं से सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हुई है। महिला पुलिस बल में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का विकास, विरासत और सुरक्षा पर संतुलित फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि विरासत के सम्मान, मजबूत कानून-व्यवस्था और तेज आर्थिक विकास से उत्तर प्रदेश नई पहचान के साथ आगे बढ़ रहा है। सरकार का लक्ष्य जनता की सुरक्षा, समृद्धि और विश्वास को लगातार मजबूत करना है।


