Who is PCS officer Seema Chaudhary: उत्तर प्रदेश के हापुड़ में जिला पूर्ति अधिकारी (DSO) के पद पर तैनात PCS अफसर बेटी सीमा चौधरी के खिलाफ मां ने FIR कराई है। साथ ही कई चौंकाने वाले खुलासे भी किए हैं।
उत्तर प्रदेश के सहारनपुर से एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है। जहां एक मां ने अपनी PCS अफसर बेटी के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए एफआईआर दर्ज कराई है। साथ कई चौंकाने वाले खुलासे भी किए और कहा है कि मुझे मेरी बेटी से जान का खतरा है। इसमें पीड़ित मां का नाम मुनेश रानी है तो वहीं अफसर बिटिया सीमा चौधरी (34) है।

मां को बेटी ने दी जान से मारने की धमकी?
दरअसल, मुनेश रानी ने अपनी (डीएसओ) बेटी सीमा चौधरी समेत पांच लोगों के खिलाफ सहारनपुर के सरसावा थाने में 30 जून को धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया है। बाकी चार लोगों में देवर संजीव कुमार चौधरी, देवरानी के पिता राजेंद्र राणा, गंभीर और नरेश कुमार शामिल हैं। इन पर आरोप है कि इन्होंने मिलकर उनकी जमीन पर कब्जा करने की साजिश रची। उनका आरोप है कि यह पांचों लोग उन्हे खुलेआम धमकी दे रहे हैं कि जान से मार कर लाश ऐसी जगह फेंकेगे कि किसी को पता नही चलेगा।
मां ने बताए बेटी के काले कारनामे
पीड़ित मां ने पुलिस को बताया कि उनकी बेटी सीमा काली कमाई करती है, दो नंबर का पैसा कमाती है। किसी को पता नहीं चले इसके लिए उसने बिना उनकी जानकारी और अनुमति के उनके खाते में 15 लाख रुपए जमा करा दिए। इसकी जानकारी मुझे तब पता चली जब मेरे मोबाइल पर पैसों का मैसेज आया। मां ने बताया कि बेटी सीमा और देवर संजीव मिलकर भू-माफिया गिरोह चला रहे हैं। जबरन दूसरों की जमीन पर कब्जा करते हैं। अब तो वह मेरी जमीन पर जबरदस्ती कब्जा करना चाहते हैं।
SSP के निर्देश पर हुई FIR
बता दें कि स्थानीय पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं कि तो पीड़िता मां ने इसकी शिकायत सहारनपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत की। तब कहीं जाकर एसएसपी के निर्देश के बाद 30 जून को शाम करीब साढ़े चार बजे सीमा चौधरी समेत पांच लोगों पर मामला दर्ज किया गया। मामले के बारे में नकुड़ क्षेत्र के सीओ पवन कुमार ने बताया कि मुनेश रानी नाम की महिला की शिकायत मामला दर्ज किया गया है। फिलहाल जांच की जा रही है। जो भी सच होगा जल्द सामने आएगा।
कौन है PCS अफसर सीमा चौधरी
एलाइड PCS अफसर सीमा चौधरी (34) फिलहाल हापुड़ में जिला पूर्ति अधिकारी (DSO) के पद पर तैनात हैं। अफसर का मीरपुर-सीतापुर गांव स्थित पुश्तैनी घर है। यह पहली बार नहीं है कि सीमा विवादों में हो, इससे पहले वह कंट्रोवर्सी में रह चुकी हैं। 2020 से 2022 के बीच गाजियाबाद में जिला पूर्ति अधिकारी (डीएसओ) के रूप में तैनाती के दौरान वहां के राशन डीलरों ने उन पर राशन आवंटन में गड़बड़ी के आरोप लगाए थे।


