60 साल की महिला से रेप और मर्डर करने वाले दरिंदे को जज ने फांसी की सजा सुनाई है। जज सुरेंद्र कुमार ने कहा कि यह आरोपी सभ्य समाज के लिए ख़तरा है और ऐसे व्यक्ति को समाज में रहने लायक नहीं माना जा सकता है। 

हनुमानगढ़. राजस्थान में 74 दिन पहले 60 साल की महिला से रेप और मर्डर करने वाले दरिंदे को जज ने फांसी की सजा सुनाई है। मामले में सुनवाई करते हुए जिला एवं सेशन न्यायाधीश संजीव कुमार मागो ने कहा कि ऐसा व्यक्ति समाज के लिए गंभीर खतरा है। इसलिए उसे सजा-ए-मौत ही देना चाहिए।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

हैवान ने हत्या के बाद शव के साथ किया था रेप
दरअसल, यह मामला राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले के पीलीबंगा थाना क्षेत्र का है। जहां सुरेंद्र उर्फ मांडिया नाम के 19 साल के युवक ने 16 सितंबर 2021 को इस जघन्य घटना को अंजाम दिया था। आरोपी ने अपने ही गांव में अकेली रहने वाली 60 साल की विधवा महिला से पहले दुष्कर्म का प्रयास किया। जब महिला ने इसका विरोध किया आरोपी ने उसकी हत्या कर दी। इसके बाद हैवान ने शव के साथ रेप किया था।

74 दिन के भीतर आरोपी को फांसी को सजा सुनाई
मामला सामने आने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी। जघन्य वारदात के बाद लोग सकते में आ गए। पुलिस के लिये भी इस हैवान को पकड़ना किसी चुनौती से कम नहीं था। पुलिस ने तत्काल एक्शन लेते हुए उसी दिन आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था। फिर थानाधिकारी इंद्र कुमार मारवाल की टीम ने जांच पड़ताल कर महज आठ दिन में ही आरोपी के खिलाफ कोर्ट में चालान पेश कर दिया। कोर्ट ने भी मामले में लगातार सुनवाई करते हुए घटना के 74 दिन के भीतर अपना फैसला दे दिया। सजा सुनाने के बाद दोषी को हनुमानगढ़ जिला भेज दिया गया है।

सभ्य समाज में रहने के काबिल नहीं आरोपी
आरोपी को फांसी की सजा सुनाने के बाद जज सुरेंद्र कुमार ने कहा कि यह आरोपी सभ्य समाज के लिए ख़तरा है और ऐसे व्यक्ति को समाज में रहने लायक नहीं माना जा सकता है। इसलिए इसे दुर्लभतम अपराध की श्रेणी में मानते हुए फांसी की सजा सुनाई गई है। इसलिए इसे सजा-ए- मौत देनी चाहिए। साथ ही जज ने 10 हजार का जुर्माना लगाया है। 

यह भी पढ़ें-Haryana: Kaithal में बारातियों की कार की भीषण टक्कर, दंपती समेत 6 की मौत, 4 जख्मी, शादी वाले घर में पसरा मातम

यह भी पढ़ें-Chhattisgarh: दंतैल हाथियों ने महिला को पटक-पटक कर मार डाला, तीन टुकड़े में मिला शव