MalayalamNewsableKannadaKannadaPrabhaTeluguTamilBanglaHindiMarathiMyNation
Add Preferred SourceGoogle-icon
  • Facebook
  • Twitter
  • whatsapp
  • YT video
  • insta
  • ताज़ा खबर
  • न्यूज
  • GK
  • फोटो गैलरी
  • राज्य
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • बिज़नेस
  • वीडियो
  • खेल
  • धर्म
  • ज्योतिष
  • Home
  • Religion
  • Puja Vrat Katha
  • Ram Navami Shubh Muhurat 2023: राम नवमी पर 5 शुभ योग, सिर्फ इतनी देर रहेगा पूजा का शुभ मुहूर्त, जानें पूजा विधि भी

Ram Navami Shubh Muhurat 2023: राम नवमी पर 5 शुभ योग, सिर्फ इतनी देर रहेगा पूजा का शुभ मुहूर्त, जानें पूजा विधि भी

Ram Navami Puja Vidhi: इस बार राम नवमी का पर्व 30 मार्च, गुरुवार को मनाया जाएगा। इस दिन कई शुभ योग बनेंगे, जिसके चलते इस पर्व का महत्व और भी बढ़ गया है। मान्यता के अनुसार त्रेतायुग में इसी तिथि पर भगवान श्रीराम का जन्म हुआ था। 

5 Min read
Author : Manish Meharele
Published : Mar 30 2023, 06:00 AM IST
Share this Photo Gallery
  • FB
  • TW
  • Linkdin
  • Whatsapp
  • GNFollow Us
15
जानें राम नवमी से जुड़ी हर खास बात...
Image Credit : freepik

जानें राम नवमी से जुड़ी हर खास बात...

हर साल चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को राम नवमी (Ram Navami 2023) का पर्व मनाया जाता है। इस बार ये तिथि 30 मार्च, गुरुवार को है। श्री कल्लाजी वैदिक विश्वविद्यालय के ज्योतिष विभागाध्यक्ष डॉ मृत्युञ्जय तिवारी के अनुसार, इस बार राम नवमी पर एक-दो नहीं बल्कि 5 शुभ योग बन रहे हैं, जिसके चलते ये पर्व और भी खास हो गया है। इन शुभ योगों में की गई पूजा सभी तरह की सुख-समृद्धि देने वाली रहेगी। आगे जानिए राम नवमी के शुभ मुहूर्त, पूजा विधि, शुभ योग, आरती, कथा व अन्य खास बातें…

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred
25
राम नवमी के शुभ मुहूर्त व योग (Ram Navami 2023 Shubh Muhurat)
Image Credit : freepik

राम नवमी के शुभ मुहूर्त व योग (Ram Navami 2023 Shubh Muhurat)

मान्यताओं के अनुसार, श्रीराम का जन्म दोपहर 12 बजे के लगभग हुआ था। इसलिए प्रमुख मंदिरों में इसी समय मुख्य पूजा की जाती है। इस बार श्रीराम नवमी की पूजा का शुभ मुहूर्त 30 मार्च, गुरुवार की सुबह 11:11 से दोपहर 01:40 तक रहेगा। इसकी अवधि 02 घंटे 29 मिनट तक रहेगी। इस दिन गुरु पुष्य योग, अमृत सिद्धि योग, रवि योग, सर्वार्थ सिद्धि योग और गुरुवार का संयोग बन रहा है। राम नवमी पर इन पांचों योग के होने से श्रीराम की पूजा का शीघ्र फल मिलेगा, साथ ही सभी कामों में सफलता भी मिलेगी।

35
इस विधि से करें भगवान श्रीराम की पूजा (Ram Navami Puja Vidhi)
Image Credit : freepik

इस विधि से करें भगवान श्रीराम की पूजा (Ram Navami Puja Vidhi)

- 30 मार्च, गुरुवार की सुबह जल्दी उठकर सबसे पहले स्नान करें। इसके बाद श्रीराम का स्मरण करते हुए हाथ में जल और चावल लेकर व्रत-पूजा का संकल्प लें।
- घर में किसी स्थान पर पूजा की व्यवस्था करें। इसके लिए पहले ठीक से साफ-सफाई कर लें और गंगाजल छिड़ककर उस स्थान को पवित्र करें।
- एक चौकी पर पीला कपड़ा बिछाकर उसके ऊपर भगवान श्रीराम की प्रतिमा स्थापित करें। प्रतिमा इस तरह रखें कि इसका मुख पूर्व दिशा की ओर रहे।
- पहले पंचामृत से श्रीराम का अभिषेक करें। इसके बाद पुन: शुद्ध जल से अभिषेक करें। भगवान को फूल माला पहनाएं, कुमकुम से तिलक लगाएं।
- इसके बाद शुद्ध घी का दीपक जलाकर अबीर, गुलाल, रोली, कलावा, चंदन, फूल आदि चीजें एक-एक करके श्रद्धा पूर्वक चढ़ाते रहें।
- इसके बाद रामचरितमानस, श्रीराम रक्षा स्तोत्र, श्रीराम स्तुति आदि का पाठ करें। अंत में अपनी इच्छा अनुसार, भोग लगाकर आरती करें।
- राम नवमी पर इस तरह भगवान श्रीराम की पूजा करने से घर में सुख-शांति बनी रहती है। साथ ही साथ घर की निगेटिविटी भी दूर होती है।

45
ये हैं भगवान श्रीराम की आरती (Aarti of Lord Shriram)
Image Credit : freepik

ये हैं भगवान श्रीराम की आरती (Aarti of Lord Shriram)

आरती कीजे श्रीरामलला की । पूण निपुण धनुवेद कला की ।।
धनुष वान कर सोहत नीके । शोभा कोटि मदन मद फीके ।।
सुभग सिंहासन आप बिराजैं । वाम भाग वैदेही राजैं ।।
कर जोरे रिपुहन हनुमाना । भरत लखन सेवत बिधि नाना ।।
शिव अज नारद गुन गन गावैं । निगम नेति कह पार न पावैं ।।
नाम प्रभाव सकल जग जानैं । शेष महेश गनेस बखानैं
भगत कामतरु पूरणकामा । दया क्षमा करुना गुन धामा ।।
सुग्रीवहुँ को कपिपति कीन्हा । राज विभीषन को प्रभु दीन्हा ।।
खेल खेल महु सिंधु बधाये । लोक सकल अनुपम यश छाये ।।
दुर्गम गढ़ लंका पति मारे । सुर नर मुनि सबके भय टारे ।।
देवन थापि सुजस विस्तारे । कोटिक दीन मलीन उधारे ।।
कपि केवट खग निसचर केरे । करि करुना दुःख दोष निवेरे ।।
देत सदा दासन्ह को माना । जगतपूज भे कपि हनुमाना ।।
आरत दीन सदा सत्कारे । तिहुपुर होत राम जयकारे ।।
कौसल्यादि सकल महतारी । दशरथ आदि भगत प्रभु झारी ।।
सुर नर मुनि प्रभु गुन गन गाई । आरति करत बहुत सुख पाई ।।
धूप दीप चन्दन नैवेदा । मन दृढ़ करि नहि कवनव भेदा ।।
राम लला की आरती गावै । राम कृपा अभिमत फल पावै ।।

55
भगवान श्रीराम के जन्म की कथा (Ram Navami Katha)
Image Credit : freepik

भगवान श्रीराम के जन्म की कथा (Ram Navami Katha)

त्रेतायुग में जब राक्षसों के राजा रावण का आतंक काफी बढ़ गया तो सभी देवता, ऋषि और पृथ्वी माता आदि भगवान विष्णु के पास पहुंचें। सभी की करुण पुकार सुनकर भगवान विष्णु ने उनसे कहा कि “मैं जल्दी ही अयोध्या के राजा दशरथ के पुत्र के रूप में धरती पर अवतार लूंगा और उसी दौरान में रावण सहित अन्य अत्याचारी राक्षसों का अंत करूंगा।”
अयोध्या के राजा दशरथ धर्म प्रेमी थे, लेकिन वृद्ध होने के बाद भी उनकी कोई संतान नहीं थी। तब उन्होंने पुत्रकामेष्ठि यज्ञ करवाया। उस यज्ञ की अग्नि से स्वयं अग्निदेव प्रकट हुए। उनके हाथ में एक पात्र था, जिसमें खीर थी। वो खीर राजा दशरथ ने अपनी रानी कौशल्या और कैकयी को आधी-आधी दे दी।
दोनों रानियों ने अपने हिस्से की खीर का आधा-आधा हिस्सा तीसरी रानी सुमित्रा को दे दिया। समय आने पर कौशल्या के गर्भ से श्रीराम, कैकयी के गर्भ से भरत और सुमित्रा के गर्भ से लक्ष्मण व शत्रुघ्न का जन्म हुआ। श्रीराम ने रावण सहित अन्य कई राक्षसों का वध कर संसार से अधर्म का नाश किया।


ये भी पढ़ें-

Jawara Visarjan 2023: नवरात्रि में क्यों बोते हैं जवारे, कब करें इनका विसर्जन? जानें शुभ मुहूर्त और पूरी विधि


Ram Navami 2023: राम नवमी पर यहां काटी जाती है रावण के पुतले की नाक, 100 साल पुरानी ये परंपरा


Shubh Muhurat March 2023: 28 से 31 मार्च तक शुभ योग, खरीदी-इन्वेस्टमेंट करने से होंगे फायदे-कर शुरू कर सकते हैं नया काम भी



Disclaimer : इस आर्टिकल में जो भी जानकारी दी गई है, वो ज्योतिषियों, पंचांग, धर्म ग्रंथों और मान्यताओं पर आधारित हैं। इन जानकारियों को आप तक पहुंचाने का हम सिर्फ एक माध्यम हैं। यूजर्स से निवेदन है कि वो इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें। आर्टिकल पर भरोसा करके अगर आप कुछ उपाय या अन्य कोई कार्य करना चाहते हैं तो इसके लिए आप स्वतः जिम्मेदार होंगे। हम इसके लिए उत्तरदायी नहीं होंगे।

पूजा व्रत कथा: Read everthing about Puja Vrat Katha, Puja Vrat Muhurat, tyohar and puja vidhi for Hindu festivals at Asianet news hindi

About the Author

MM
Manish Meharele
मनीष मेहरेले। मीडिया जगत में इनके पास 19 साल से ज्यादा का अनुभव है। वर्तमान समय में ये एशियानेट न्यूज हिंदी के साथ जुड़कर धर्म-आध्यात्म बीट पर काम कर रहे हैं। करियर की शुरुआत इन्होंने स्थानीय अखबार दैनिक अवंतिका से की थी। इसके बाद वह दैनिक भास्कर प्रिंट उज्जैन में वाणिज्य डेस्क प्रभारी रहे और 2010-2019 तक दैनिक भास्कर डिजिटल में धर्म डेस्क पर काम किया। इन्हें महाभारत, रामायण जैसे धार्मिक ग्रंथों का अच्छा ज्ञान है। इनके पास जीव विज्ञान में बीएससी स्नातक की डिग्री है।
 
4th T20 • IND vs WI
Result
INDIND
223
WIWI
247/3
WI beat IND by 24 runs
Schedule ›
3rd T20 • PAK vs SL
Result
PAKPAK
168/8
SLSL
172/2
SL beat PAK by 8 wickets
Schedule ›
3rd T20 • IND vs WI
Result
INDIND
223
WIWI
209/7
IND beat WI by 14 runs
Schedule ›
2nd T20 • PAK vs SL
Result
PAKPAK
215/3
SLSL
133/7
PAK beat SL by 82 runs
Schedule ›
2nd T20 • IND vs WI
Result
INDIND
249/5
WIWI
252/4
WI beat IND by 6 wickets
Schedule ›
1st T20 • PAK vs SL
Result
PAKPAK
187/6
SLSL
182/8
PAK Won by 4 wickets
Schedule ›
1st TEST • SA vs AUS
Result
SASA
284 & 206
AUSAUS
390 & 314/6
AUS beat SA by 214 runs
Schedule ›
1st T20 • IND vs WI
Result
INDIND
172/2
WIWI
171
IND won by 8 wickets
Schedule ›
5th T20 • IND vs WI
INDIND
Sat, 17 Oct, 2026
WIWI
07:00 pm
Match yet to begin.
Schedule ›
2nd TEST • SA vs AUS
SASA
Sun, 18 Oct, 2026
AUSAUS
01:30 pm
Match yet to begin.
Schedule ›

Latest Videos
Recommended Stories
Recommended image1
Ganesh Chaturthi 2026: गणपति लाने से पहले जान लें ये जरूरी बात, इस समय चांद देखना है वर्जित
Recommended image2
Janmashtami 2026: आधी रात की पूजा में न हो कोई कमी, जन्माष्टमी से पहले तैयार रखें ये 35+ जरूरी सामग्री
Recommended image3
Sawan Shivratri 2026: 11 अगस्त को करें ये 5 उपाय, भोलेनाथ की कृपा से पूरी हो सकती है मनोकामना!
Recommended image4
Somvati Amavasya: सोमवती अमावस्या पर सुहागिन महिलाएं क्यों देती हैं 108 भंवरी? क्या है धार्मिक महत्व
Recommended image5
Mahashivratri 2026 Date and Time: महाशिवरात्रि कब है, जानिए सही डेट-मुहूर्त और पूजा सामग्री लिस्ट
NEWS
Hindi NewsLatest News in HindiWorld News in HindiBreaking News in HindiTechnology News in HindiAuto News in HindiToday News in HindiNational News in Hindi
SPORTS
Sports News in HindiCricket News in Hindi
ENTERTAINMENT
Bollywood News in HindiEntertainment News in HindiTV News in HindiSouth Cinema NewsBhojpuri News
BUSINESS
Business News in HindiMoney News in Hindi
CAREER
Sarkari NaukriSarkari YojanaCareer News in Hindi
ASTROLOGY
Aaj Ka RashifalRashifal in HindiTarot Card ReadingNumerology in HindiReligion News in Hindi
STATES
Rajasthan News in HindiUP News in HindiUttarakhand News in HindiDelhi News in HindiMaharashtra News in HindiPunjab News in HindiMP News in HindiBihar News in HindiJharkhand News in HindiHaryana News in HindiChhattisgarh News in Hindi
Asianet
Follow us on
  • Facebook
  • Twitter
  • whatsapp
  • YT video
  • insta
  • Download on Android
  • Download on IOS
  • About Website
  • Terms of Use
  • Privacy Policy
  • CSAM Policy
  • Complaint Redressal - Website
  • Compliance Report Digital
  • Investors
© Copyright 2026 Asianxt Digital Technologies Private Limited (Formerly known as Asianet News Media & Entertainment Private Limited) | All Rights Reserved