Holi Kab Hai: 3 या 4 मार्च, कब खेलें होली? उज्जैन के ज्योतिषाचार्य से जानें सही डेट
Holi 2026 Date: होली हिंदुओं के प्रमुख त्योहारों में से एक है। इस बार होली की डेट को लेकर कन्फ्यूजन की स्थिति बन रही है क्योंकि फाल्गुन पूर्णिमा तिथि 2 दिन रहेगी। साथ ही होली पर चंद्र ग्रहण का संयोग भी बन रहा है।

जानें होली 2026 की सही डेट
2026 Mai Holi Kab Hai: धर्म ग्रंथों के अनुसार फाल्गुन मास की पूर्णिमा तिथि पर होलिका दहन किया जाता है और इसके अगले दिन यानी चैत्र मास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि पर धुरेड़ी पर्व मनाया जाता है यानी रंगों से होली खेली जाती है। लेकिन इस बार होलिका दहन और धुरेड़ी पर्व की डेट तो लेकर कन्फ्यूजन की स्थिति बन रही है। विद्वान भी इन पर्वों को लेकर एकमत नहीं है। उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. नलिन शर्मा से जानें होली की सही डेट…
ये भी पढ़ें-
Surya Grahan 2026: अग्नि पंचक में होगा साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानें डेट-टाइम
कब करें होलिका दहन 2026?
ज्योतिषाचार्य पं. नलिन शर्मा के अनुसार, 2 मार्च, सोमवार को चतुर्दशी शाम को 5:55 पर समाप्त हो जाएगी और पूर्णिमा प्रारंभ होकर दूसरे दिन यानी मार्च, मंगलवार की शाम 5:08 तक ही रहेगी। यानी 2 मार्च को रात भर पूर्णिमा तिथि रहेगी। इसी रात्रि को होलिका दहन करना श्रेष्ठ रहेगा। ध्यान रखें होलिका दहन भद्रा के पुच्छकाल में कर सकते हैं। भद्रा का पुच्छ काल रात 1:25 से 2:37 तक रहेगा।
ये भी पढ़ें-
Maha Shivaratri 2026: शिवरात्रि और महाशिवरात्रि एक है या अलग-अलग? जानें फैक्ट
2026 में होली कब खेलें?
होली के अगले दिन यानी चैत्र मास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा पर धुरेड़ी यानी होली उत्सव मनाया जाता है। लेकिन इस बार ऐसा नही होगा क्योंकि 3 मार्च को शाम 5 बजे तक पूर्णिमा तिथि ही रहेगी। इस दिन चंद्र ग्रहण होने से बहुत से स्थानों पर इसके अगले दिन यानी 4 मार्च, बुधवार को होली उत्सव मनाया जाएगा।
3 मार्च 2026 चंद्र ग्रहण और सूतक का समय
साल 2026 का पहला चंद्र ग्रहण 3 मार्च को होगा। ये ग्रहण भारत में दिखाई देगा, इसलिए यहां इसका सूतक भी माना जाएगा। वैज्ञानिकों के अनुसार ये चंद्र ग्रहण भारतीय समय के अनुसार दोपहर 03:20 से शुरू होगा, जो शाम 06:47 तक रहेगा। इसका सूतक सुबह 06:20 से ही शुरू हो जाएगा जो ग्रहण के साथ समाप्त होगा। इस चंद्र ग्रहण की कुल अविध 3 घंटे 27 मिनिट रहेगी। भारत में ये चंद्र ग्रहण सिर्फ अंतिम 17 मिनिट के लिए ही दिखाई देगा।
Disclaimer
इस आर्टिकल में जो जानकारी है, वो ज्योतिषियों द्वारा बताई गईं हैं। हम सिर्फ इस जानकारी को आप तक पहुंचाने का एक माध्यम हैं। यूजर्स इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें।
धार्मिक परंपराओं, मंदिरों, त्योहारों, यात्रा स्थलों और आध्यात्मिक ज्ञान से जुड़ी खबरें पढ़ें। पूजा पद्धति, पौराणिक कथाएं और व्रत-त्योहार अपडेट्स के लिए Religion News in Hindi सेक्शन देखें — आस्था और संस्कृति पर सटीक और प्रेरक जानकारी।