टी20 वर्ल्ड कप में भारत से हार के बाद पाकिस्तान क्रिकेट टीम की जमकर आलोचना हो रही है। पूर्व कप्तान मोहम्मद यूसुफ ने टीम में पॉलिटिक्स और निजी एजेंडा को जिम्मेदार ठहराया। PCB चेयरमैन और बाबर आजम पर भी सोशल मीडिया में सवाल उठ रहे हैं।
IND vs PAK Match Public Reaction: टी20 वर्ल्ड कप में भारत के हाथों मिली करारी हार के बाद पाकिस्तानी क्रिकेट टीम और प्लेयर्स का पूरी दुनिया में जमकर मजाक उड़ रहा है। न सिर्फ विरोधी बल्कि खुद पाकिस्तान के पूर्व खिलाड़ी भी जमकर आलोचना कर रहे हैं। पाक टीम के पूर्व कैप्टन मोहम्मद यूसुफ ने भारत के खिलाफ पाकिस्तानी टीम के हालिया प्रदर्शन को लेकर जमकर खिंचाई की। उन्होंने क्रिकेट में पॉलिटिक्स को लेकर भी सवाल उठाए।
नाकाबिल लोगों को टीम से बाहर होना चाहिए
मोहम्मद यूसुफ ने अपनी X पोस्ट में कहा, जब तक हम पाकिस्तान क्रिकेट से पॉलिटिकल असर और पर्सनल एजेंडा नहीं हटाते, हम उस टीम में वापस नहीं आ सकते जो हम कभी थे। यह हमारे क्रिकेट इतिहास का सबसे बुरा दौर है, और इसके लिए मेरा दिल दुखता है। नाकाबिल लोगों को ऑफिस और टीम से हटा देना चाहिए।
कहीं आप मोहसिन नकवी की बात तो नहीं कर रहे
यूसुफ की इस पोस्ट पर यूजर ने जमकर रिएक्ट किया। एक शख्स ने लिखा, कहीं आप मोहसिन नकवी की बात तो नहीं कर रहे? काशिफ नाम के एक और यूजर ने कहा, शोएब अख्तर का कहना है कि जिस बंदे (मोहसिन नकवी) क्रिकेट का कुछ आइडिया ही नहीं है, वो पीसीबी का चेयरमैन है। जो बंदा (बाबर आजम) पाकिस्तान को एक मैच नहीं जिता सकता है, उसे सुपरस्टार बना दिया है।
बाबर आजम पर भी उठे सवाल
बिहारी चौपाल नाम के एक यूजर ने लिखा, पाकिस्तान बाबर आजम को सेलिब्रेट करता है। वह एक एवरेज प्लेयर है, जिसने इंडिया के खिलाफ कभी अच्छा परफॉर्म नहीं किया, फिर भी लंबे समय से टीम में है। यह क्राइटेरिया तय करें कि सिर्फ उन्हीं प्लेयर्स को सेलिब्रेट किया जाए जो बेस्ट टीमों, इंडिया, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, न्यूज़ीलैंड और साउथ अफ्रीका की टीम के खिलाफ परफॉर्म करते हैं। इंडिया ने क्रिकेट टीम और इंफ्रास्ट्रक्चर में इन्वेस्ट किया है। एक समय था जब पाकिस्तान टीम सच में बहुत कॉम्पिटिटिव थी, फिर पॉलिटिक्स और बायस्ड सिलेक्शन हावी हो गया!
टीम में खिलाड़ी कम, मौलवी ज्यादा
Incognito पाकिस्तान क्रिकेट के साथ प्रॉब्लम मजहब है। पाकिस्तानी प्लेयर्स क्रिकेट खेलने से ज्यादा पाकिस्तान के मुल्ला, मौलवियों को खुश करने में इंटरेस्ट रखते हैं। टीम में क्रिकेट प्लेयर्स से ज्यादा मौलवी हैं। मोहम्मद यूसुफ कभी क्रिश्चियन थे। उनका नाम यूसुफ योहाना था। वह पाकिस्तान के बेस्ट बैट्समैन में से एक थे। लेकिन दूसरे प्लेयर्स उनकी इज्जत नहीं करते थे। बाद में उन्होंने इस्लाम अपना लिया और अपना नाम बदलकर मोहम्मद यूसुफ रख लिया। धर्म बदलने के बाद उन्हें पाकिस्तान क्रिकेट टीम का कैप्टन भी बनाया गया।
