Happy Birthday MS Dhoni: लेजेंडरी क्रिकेटर और पूर्व भारतीय कप्तान एमएस धोनी आज 7 जुलाई को अपना 45वां जन्मदिन मना रहे हैं। उनके चाहने वालों ने उनके होमटाउन रांची में घर के बाहर केक काटा और अपने हीरो के लिए जमकर नारे लगाए।

रांची (झारखंड): भारत के पूर्व कप्तान एमएस धोनी आज 7 जुलाई को 45 साल के हो गए। इस खास मौके पर उनके होमटाउन रांची में जश्न का माहौल है। धोनी के घर के बाहर सुबह से ही फैंस की भीड़ जमा हो गई। लोग हाथों में पोस्टर लिए हुए थे, केक काट रहे थे और अपने इस लेजेंडरी क्रिकेटर के लिए अपना प्यार जता रहे थे।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

फैंस बोले- आखिरी मैच यहीं खेलिए धोनी

धोनी के घर के पास जमा हुए कई फैंस ने भारतीय क्रिकेट में उनके योगदान को याद किया। साथ ही उम्मीद जताई कि वो रिटायरमेंट से पहले अपने घरेलू मैदान पर एक बार फिर खेलते नजर आएं। एक फैन ने ANI को बताया, "हम जब भी उन्हें देखते हैं, वो हमेशा फिट दिखते हैं। हम चाहते हैं कि वो ऐसे ही फिट रहें और हमें प्रेरणा देते रहें। हमारी उनसे गुजारिश है कि वो अपना आखिरी मैच खेलने से पहले कम से कम एक मैच रांची में जरूर खेलें।ताकि हम फैंस की ये ख्वाहिश पूरी हो सके।


धोनी का सफर खेल इतिहास की सबसे प्रेरणादायक कहानियों में से एक है. रेलवे स्टेशन पर टिकट कलेक्टर की नौकरी से लेकर भारत के सबसे बड़े ट्रॉफी कलेक्टर बनने तक का उनका सफर शानदार रहा है. उनकी कप्तानी में टीम इंडिया ने 2007 का ICC T20 वर्ल्ड कप, 2011 का ICC क्रिकेट वर्ल्ड कप और 2013 की ICC चैंपियंस ट्रॉफी जीती।

धोनी ने डेब्यू में खेली थी तूफानी पारी

धोनी ने 2004 में अपना इंटरनेशनल डेब्यू किया था। शुरुआत में उन्होंने क्रिकेट बॉल के एक तूफानी हिटर के तौर पर अपनी पहचान बनाई। लेकिन समय के साथ उनका खेल बदला और वो एक ऐसे फिनिशर बन गए जो अपनी सूझबूझ और ठंडे दिमाग से टीम को जीत दिलाते थे।

धोनी ने रनो का पहाड़ किया खड़ा?

धोनी ने भारत के लिए तीनों फॉर्मेट में 538 मैच खेले, जिसमें उन्होंने 17,266 इंटरनेशनल रन बनाए और 829 शिकार किए। वह न केवल खेल के महानतम क्रिकेटरों में से एक हैं, बल्कि एक ऐसे क्रांतिकारी भी हैं जिन्होंने विकेटकीपर-बल्लेबाज की भूमिका को नई परिभाषा दी।

MS ने बनाए क्रिकेट में कई रिकॉर्ड

  • वनडे की बात करें तो धोनी ने 350 मैचों में 50.57 की शानदार औसत से 10,773 रन बनाए. इसमें 10 शतक और 73 अर्धशतक शामिल हैं. उनका बेस्ट स्कोर नाबाद 183 रन है। 
  • वह वनडे में भारत के छठे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं। इस लिस्ट में सचिन तेंदुलकर (18,426 रन) टॉप पर हैं।
  • धोनी का रिकॉर्ड इसलिए भी खास है क्योंकि उन्होंने 10,000 से ज्यादा वनडे रन मिडिल ऑर्डर में बैटिंग करते हुए बनाए और 50 से ऊपर का औसत बनाए रखा, जबकि उन्हें अक्सर कम ओवरों में दबाव के बीच क्रीज पर आना पड़ता था।

MS धोनी की कप्तानी कैसी रही?

  • उन्होंने 200 वनडे मैचों में भारत की कप्तानी की, जिसमें 110 में जीत और 74 में हार मिली. पांच मैच टाई रहे, जबकि 11 का कोई नतीजा नहीं निकला. उनका जीत का प्रतिशत 55 रहा।
  • वहीं, 98 T20 इंटरनेशनल मैचों में धोनी ने 37.60 की औसत और 126.13 की स्ट्राइक रेट से 1,617 रन बनाए. उन्होंने दो अर्धशतक लगाए और उनका उच्चतम स्कोर 56 रहा।

धोनी ने ICC T20 वर्ल्ड कप खिताब दिलाया

  • बल्लेबाजी के आंकड़ों से ज्यादा, उनकी कप्तानी ने T20I में उनकी विरासत को परिभाषित किया।कप्तान के तौर पर, उन्होंने 2007 में भारत को पहला ICC T20 वर्ल्ड कप खिताब दिलाया।
  • प्यार से 'माही' कहे जाने वाले धोनी ने 72 T20I में भारत का नेतृत्व किया। जिसमें 41 मैच जीते, 28 हारे, एक टाई रहा और दो का कोई नतीजा नहीं निकला. उनका जीत प्रतिशत 56.94 रहा।

टेस्ट मैच में धोनी का करियर कैसा रहा?

टेस्ट करियर की बात करें तो धोनी ने 90 मैच खेले, जिसमें 38.09 की औसत से 4,876 रन बनाए. उन्होंने छह शतक और 33 अर्धशतक जड़े, जिसमें उनका बेस्ट स्कोर 224 रन है. वह टेस्ट में भारत के लिए 14वें सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं.
टेस्ट कप्तान के रूप में, धोनी ने 60 मैचों में भारत का नेतृत्व किया, जिसमें 27 जीते, 18 हारे और 15 ड्रॉ रहे. उनका जीत प्रतिशत 45.00 रहा. उनके कार्यकाल में ही टीम इंडिया पहली बार ICC टेस्ट रैंकिंग में नंबर 1 पर पहुंची।

धोनी ने जीती ऐतिहासिक ट्रॉफी

धोनी ने इतिहास में अपना नाम एकमात्र भारतीय कप्तान के रूप में भी दर्ज कराया, जिसने बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी सीरीज में ऑस्ट्रेलिया का सूपड़ा साफ किया। भारत ने 2010-11 और 2012-13 की घरेलू सीरीज में 4-0 से शानदार जीत हासिल की थी.