दिल्ली के उपराज्यपाल (LG) के निर्देश के बाद MCD ने पार्कों की सुरक्षा बढ़ा दी है। महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लाइटिंग, फेंसिंग और निगरानी के कड़े इंतजाम किए गए हैं।

नई दिल्ली। दिल्ली नगर निगम (MCD) ने उपराज्यपाल (LG) के निर्देशों का पालन करते हुए पार्कों में आने वाले लोगों की सुरक्षा बढ़ा दी है। इसके लिए सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर करने, अच्छी लाइटिंग, पेड़ों की छंटाई और निगरानी को सख्त करने जैसे कई कदम उठाए गए हैं। निगम ने बताया कि पिछले हफ्ते पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों के साथ मिलकर पार्कों की सुरक्षा का रिव्यू किया गया। इसका मकसद महिलाओं और बच्चों के लिए पार्कों को ज्यादा सुरक्षित बनाना है।

जारी बयान के मुताबिक, MCD ने कई अहम कदम उठाए हैं। इनमें बाउंड्री वॉल और फेंसिंग को ठीक करना, टूटी हुई जालियों को बंद करना, रोशनी का पुख्ता इंतजाम और एंट्री-एग्जिट पर नजर रखना शामिल है। इसके अलावा, आम लोगों के लिए पार्क खुलने और बंद होने की टाइमिंग को लेकर भी एडवाइजरी जारी की गई है।

पार्कों में साफ-सफाई बनाए रखने के लिए भी नई गाइडलाइंस जारी की गई हैं। सूखे पत्तों और कूड़े को तुरंत हटाने के निर्देश दिए गए हैं। पेड़ों और झाड़ियों की लगातार छंटाई की जा रही है, ताकि पार्क में कोई भी ऐसी जगह न बचे जहां अंधेरा हो या जो आसानी से नजर न आए।

MCD ने कहा कि एंट्री और एग्जिट गेट, बैठने की जगह, वॉकवे और बच्चों के खेलने वाले एरिया का खास ध्यान रखा जा रहा है। इन्हें साफ, सुरक्षित और पूरी तरह से विजिबल बनाया जा रहा है। निगम ने लोगों से अपील की है कि अगर उन्हें पार्क में कोई संदिग्ध गतिविधि या असामाजिक तत्व दिखे, तो तुरंत पुलिस या हेल्पलाइन पर इसकी जानकारी दें। रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) और रोज पार्क आने वाले लोगों से कहा गया है कि वे अच्छी रोशनी वाली जगहों का ही इस्तेमाल करें और किसी भी असुरक्षित स्थिति की शिकायत तुरंत करें।

जोनल अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे टूटे हुए बेंच, खराब झूले, ओपन-जिम की मशीनें, खुली हुई बिजली की तारें और किसी भी तरह की नुकीली या खतरनाक चीजों को तुरंत ठीक कराएं। अगर कहीं लाइट खराब है, अंधेरा है या बाउंड्री वॉल और गेट टूटे हैं, तो संबंधित विभाग को तुरंत इसकी रिपोर्ट देकर मरम्मत कराने को कहा गया है। जवाबदेही तय करने के लिए MCD ने हॉर्टिकल्चर (बागवानी) विभाग की जिम्मेदारियां भी बांट दी हैं। माली अब रोज सफाई और रखरखाव करेंगे, जबकि सुपरवाइजर हर दिन इसका मुआयना करेंगे। हॉर्टिकल्चर विभाग के अधिकारी पार्कों की नियमित निगरानी करेंगे और हर हफ्ते रिव्यू मीटिंग करेंगे। वहीं, बड़े अधिकारी हर 15 दिन में पार्कों का निरीक्षण करेंगे ताकि सुरक्षा से जुड़ी किसी भी बड़ी समस्या को सुलझाया जा सके।

MCD ने अपने बयान में यह भी साफ किया है कि पार्कों और बगीचों में एंट्री को लेकर जेंडर या किसी भी अन्य आधार पर कोई भेदभाव नहीं किया जाएगा। निगम ने कहा, "MCD सभी विजिटर्स, खासकर महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों और दिव्यांगों की सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।"

पार्कों की सुरक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए निगम ने आम जनता से सुझाव भी मांगे हैं। साथ ही, सार्वजनिक जगहों को सुरक्षित बनाने के लिए नागरिकों और अन्य स्टेकहोल्डर्स से सहयोग की अपील की है।
बयान में आगे कहा गया, “दिल्ली के पार्कों को सभी नागरिकों के लिए ज्यादा सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के मकसद से MCD स्थानीय निवासियों, RWA, पार्क में आने वाले लोगों, पुलिस और अन्य सरकारी विभागों के साथ लगातार तालमेल बनाकर काम कर रही है।”