दिल्ली शराब घोटाले (Delhi Liquor Scam) में सीएम अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) की मुश्किलें कम होने का नाम ही नहीं ले रही हैं।

Delhi CM Arvind Kejriwal Liquor Scam: दिल्ली शराब घोटाले (Delhi Liquor Scam) में सीएम अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) की मुश्किलें कम होने का नाम ही नहीं ले रही हैं। जी हां Delhi Liquor Scam से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किए गए केजरीवाल के वकील विनोद चौहान (Vinod chouhan) और सीएम के बीच हुए बातचीत के सबूत ED के पास है। ऐसा जांच एजेंसी ने दावा किया है। बीते दिन मंगलवार (28 मई) को दिल्ली के राउज एवेन्यू कोर्ट में हुए सुनवाई के दौरान ED ने कहा कि उनके पास केजरीवाल और वकील विनोद चौहान के बीच हुए Conversation के सारे सबूत मौजूद है। उन्होंने दावा किया कि मैसेज में जजों से मिलने की बात शामिल है। ED का आरोप है कि विनोद चौहान गैर-कानूनी रूप से शराब घोटाले द्वारा कमाए गए पैसों को हैंडल करने का काम कर रहे थे।

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ED द्वारा दायर चार्जशीट के मुताबिक जांच एजेंसी ने आम आदमी पार्टी (AAP) और मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को शराब घोटाले मामले में मुख्य आरोपी बनाया गया है। इस पर कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 4 जून को रखी है। ED का कहना है कि केजरीवाल ही दिल्ली उत्पाद शुल्क घोटाले के सरगना है। उन्होंने ही मुख्य रूप घोटाले की रूपरेखा तैयार की है। घोटाले के पैसे का इस्तेमाल उन्होंने चुनावों में भी किया है।

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वकील विनोद चौहान को सारी बातों का था पता

वकील विनोद चौहान पर जांच एजेंसी ED ने आरोप लगाया था कि उन्होंने कथित तौर पर गोवा चुनावों के लिए आम आदमी पार्टी (AAP) को रिश्वत पहुंचाने में मदद की थी। उनके पास 1 करोड़ से ज्यादा की रकम बरामद हुई थी। जांच एजेंसी ने ये भी दावा किया कि विनोद चौहान को ये अच्छी तरह से मालूम था कि जो पैसा वो चुनावों के लिए पहुंचा रहे हैं वो पैसा शराब घोटाले का है। उन्होंने हवाले के जरिए पैसों को गोवा ठिकाना लगाया था। 

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