राजस्थान के जयपुर शहर में दर्दनाक हादसा हुआ। जिसमें शॉर्ट सर्किट के कारण हुए एक्सीडेंट में बीमार पड़े एक 70 वर्षीय होम्योपैथी डॉ. की झुलसने से मौत हो गई। हादसे के समय बहू बचाने के लिए दौड़ी लेकिन नहीं बचा पाई। वह अपने ससुर को जलते देखते रही।

जयपुर (jaipur News). राजधानी जयपुर में 70 वर्ष के एक डॉक्टर की जलने से मौत हो गई। वे बीमार थे और अपने घर में रेस्ट कर रहे थे। जिस समय यह हादसा हुआ उस समय वह घर में अकेले थे। अचानक शार्ट सर्किट हुआ और आग की चिंगारियां उनके बेड तक आ पहुंची। बेड पर लेटे लेटे ही हैं जिंदा जल गए। जब तक मदद मिलती तब तक 70 फ़ीसदी से ज्यादा झुलस चुके थे। बाद में परिवार के लोग जब अस्पताल लेकर पहुंचे तो कुछ घंटों के बाद उन्होंने दम तोड़ दिया।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

जयपुर के वैशाली नगर में हुआ दर्दनाक हादसा

वैशाली नगर थाना पुलिस ने बताया कि राठौड़ नगर में रहने वाले 70 वर्षीय गुरजीत सिंह होम्योपैथिक के डॉक्टर थे। कुछ दिन से भी बीमार थे। इस कारण बेड रेस्ट पर थे। उनका बेटा डॉक्टर जसकरण सिंह और उनकी बहू बलजीत कौर उनके साथ रह रहे थे। रविवार शाम को उनका बेटा किसी काम से घर से बाहर गया था, बहू गार्डन में काम कर रही थी। अचानक शॉर्ट सर्किट से कमरे में आग लग गई। आग इतनी तेज थी कि पूरे कमरे को अपनी चपेट में ले लिया। जब तक मदद मिलती तब तक गुरजीत सिंह अचेत हो चुके थे।

इलाज के लिए जयपुर के एसएमएस हॉस्पिटल में ले गए पर नहीं बची जान

उन्हें कल रात s.m.s. अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां सोमवार दोपहर में उनकी मौत हो गई। इस घटना से बेटा और बहू सदमे में है। बहु बलजीत कौर ने पुलिस को बताया कि उनकी आंखों के सामने पिता जल रहे थे, लेकिन वह बचा नहीं सकी। बलजीत कौर ने पुलिस को बताया कि कल शाम 7:00 बजे उनकी देखभाल करने आने वाली नर्स भी काम करने के बाद चली गई थी।

वैशाली नगर पुलिस ने कहा कि घटना एकदम साफ है। फिर भी वह लोग आवश्यक जांच पड़ताल कर रहे हैं। जिस कमरे में गुरजीत सिंह आराम कर रहे थे उस कमरे में बेड और फ्रिज के अलावा सब कुछ जलकर नष्ट हो गया है। बेड का भी कुछ हिस्सा बचा है। पुलिस ने फिलहाल कमरे को सील कर दिया है।

इसे भी पढे़ं- पिता- पुत्र के बीच हुआ विवादः गुस्साए बेटे ने कैरोसीन डाल जला दिया जिंदा, दिल दहला देगा राजस्थान का ये क्राइम