राजस्थान में भाई के हत्यारें को ढूढ़ने में 21 साल में एसपी से लेकर जिले की पूरी पुलिस कई बार बदल गई। आरोपी भी सजा से बचने के लिए एक तिहाई भारत में छुपता रहा। लेकिन एक छोटी सी चूक कर दी और कानून के लंबे हाथों से नहीं बच पाया।

जयपुर, 26 जून. आपने कई बार सुना होगा कि कानून के हाथ लंबे होते हैं। कानून से कोई नहीं बच सकता। इसी तरह का एक मामला सामने आया है। कानून से बचकर भाग रहा एक हत्या का आरोपी आखिर दबोच लिया गया। उसकी तलाश 21 साल से की जा रही थी। 21 साल में जिले के एसपी से लेकर थाने के एसएचओ और यहां तक कि लगभग पूरे जिले की पुलिस ही कई बार बदल गई। चार बार सरकार बदल गई। लेकिन वह पकड़ में नहीं आया। अब रविवार को ये मामूली सी गलती कर बैठा और आखिर दबोच लिया गया। मामला झुझुनूं जिले के बगड़ थाना इलाके का है।

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21 साल पहले झुंझुनू के युवक ने की भाई की हत्या

वर्तमान एसएचओ श्रवण कुमार ने बताया कि इक्तावरपुरा गांव का रहने वाले विक्रम सिंह आखिर पकड़ लिया गया। वह करीब 45 साल का है। 22 मार्च 2001 की रात ग्यारह बजे करीब उसने अपने चचेरे भाई की हत्या कर दी थी। उस रात परिवार में झगड़ा हुआ था। विक्रम सिंह ने अपने भाई सज्जन सिंह की हत्या कर दी थी। परिवार के विवाद में पहले तो विक्रम सिंह ने सज्जन सिंह को उसके घर जाकर ललकारा। परिवार में जो भी मिला उसे पीट दिया। बाद में जब सज्जन सिंह मिले तो उसके पेट और पीट में सात चाकू मारे। अस्पताल में सज्जन सिंह की मौत हो गई। मौत के बाद विक्रम सिंह को अरेस्ट कर लिया गया। उसे अगले साल यानि साल 2022 में जमानत मिल गई।

जेल जाने से पहले ही फरार हो गया हत्यारा भाई, एक तिहाई भारत में काटी फरारी

पंद्रह दिन की जमानत पूरी होने के बाद जब जेल जाने का समय आया तो पता चला कि वह फरार हो गया। उसकी तलाश की जाती रही लेकिन वह नहीं मिला। उसे भगोड़ा घोषित कर दिया गया। इस बीच वह दिल्ली, मुंबई, गुजरात, रांची, उडीसा, राजस्थान में फरारी काटता रहा और बचता रहा। लेकिन रविवार शाम अंधेरे मंे अपने परिवार से मिलने के लिए गांव आया और उसी रात पुलिस के हाथ लग गया।

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