बीजेपी ने राजस्थान विधानसभा में 7 सांसदों को प्रत्याशी बनाया है। लेकिन स्थानीय नेता और कार्यकर्ता लगातार उनका विरोध कर रहे हैं। वोटिंग की तारीख नजदीक है और विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है।

जयपुर. राजस्थान विधानसभा चुनाव नजदीक है आज से ठीक 31वें दिन यानि 25 नवंबर को राजस्थान में विधानसभा चुनाव 2023 के लिए मतदान होना है और फिर 3 दिसंबर को यह पता चल जाएगा कि राजस्थान में कौन अपनी सत्ता बनाने में आगे रहा है लेकिन इससे पहले राजस्थान में अभी तक दोनों ही पार्टियों ने अपने सभी प्रत्याशियों की सूची जारी नहीं की है।

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6 सांसदों का विरोध तो खुलकर सामने आ रहा

हालांकि भारतीय जनता पार्टी ने आचार संहिता लगने की कुछ घंटे बाद ही अपनी पहली सूची जारी की थी। जिसमें भारतीय जनता पार्टी ने 7 सांसदों को भी विधायक का टिकट दिया लेकिन तब से लेकर आज तक इन सांसदों को टिकट देने का विरोध करने का नाम नहीं ले रहा है। पार्टी ने जिन 7 सांसदों को टिकट दिया उनमें से 6 का विरोध तो खुलकर सामने आ रहा है।

सांसद बाबा बालकनाथ से लेकर राज्यवर्धन सिंह राठौड़ तक का विरोध

यदि बात की जाए सांसद बाबा बालकनाथ की तो वहां से पार्टी के अन्य नेताओं का कहना है कि वह बालक नाथ के सामने ही चुनाव लड़ेंगे। इसी तरह झोटवाड़ा से वसुंधरा गुट के राजपाल शेखावत का टिकट काटकर राज्यवर्धन सिंह राठौड़ को देने के बाद लगातार कार्यकर्ता नजर आ रहे हैं जो बार-बार काले झंडे दिखाकर प्रदर्शन कर रहे हैं। वहीं जयपुर के विद्याधर नगर से नरपत सिंह राजवी के टिकट काटने का विरोध पहले ज्यादा हुआ लेकिन राजवी को चित्तौड़गढ़ से टिकट मिला तो सही लेकिन उसके बाद भी कार्यकर्ताओं की मांग है की राजवी को राजधानी जयपुर में ही टिकट दिया जाए।

बीजेपी नेता लगातार हो रहे आक्रोशित

वहीं किशनगढ़ विधानसभा में भारतीय जनता पार्टी ने अजमेर की ही सांसद भागीरथ चौधरी को प्रत्याशी बनाया है जिनके सामने 2018 में भाजपा का टिकट लेकर चुनाव हारने वाले विकास चौधरी में चुनाव लड़ने की बात कही है। वही सांचौर से देवजी पटेल का टिकट दिया गया तो वहां भी कार्यकर्ता लगातार आक्रोश होता रहे हैं। वही मंडावा सीट में सांसद नरेंद्र कुमार को टिकट देने का विरोध भी लगातार बढ़ता जा रहा है। हालांकि अभी बीजेपी प्रयास कर रही है कि तीसरी लिस्ट में इस तरह की कोई नाराजगी नहीं रहे जिस की पार्टी के वोट बैंक में नुकसान हो। ऐसे में अब पार्टी बची हुई सीटों पर काफी मंथन के बाद प्रत्याशी घोषित करेगी।