राजस्थान में इन दिनों भीषण बारिश का हो रही है। कई जिलों में तो आलम यह है कि बाढ़ जैसे हालात हो चुके हैं। इसी बीच राजस्थान में जलदाय विभाग की तरफ से पानी के अवैध इस्तेमाल को रोकने के लिए एक सर्कुलर जारी किया गया है। 

जयपुर. राजस्थान में इन दिनों भीषण बारिश का दौर जारी है। टोंक कोटा समेत कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात हो चुके हैं। इसी बीच राजस्थान में जलदाय विभाग की तरफ से पानी के अवैध इस्तेमाल को रोकने के लिए एक सर्कुलर जारी किया गया है। अब यदि कोई पानी की बर्बादी करता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। यह नए आदेश आज से लागू होने जा रहे हैं।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

एक गलती हुई और तुरंत लगा जुर्माना

इस आदेश के मुताबिक पानी का दुरुपयोग करने पर 1 हजार रुपए का जुर्माना लगाया जाएगा। इतना ही नहीं यदि कोई भी घरेलू पानी का इस्तेमाल अन्य किसी काम के लिए करेगा या फिर इसकी बर्बादी करता पाया जाता है तो जमाने के साथ ही तुरंत उसका कनेक्शन भी काट दिया जाएगा।

1979 के राजस्थान जिला पूर्ति एवं सीवरेज निगम अधिनियम

जलदाय विभाग के सेक्रेटरी सुमित शर्मा ने बताया कि 1979 के राजस्थान जिला पूर्ति एवं सीवरेज निगम अधिनियम के तहत यह आदेश प्रभावी ढंग से लागू करने की आवश्यकता है। ऐसे में अब पानी की बर्बादी करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकेगी। जलदाय विभाग के अनुसार घरेलू पानी का उपयोग किसी बिजनेस में नहीं किया जाएगा। इसके साथ ही यदि कोई कंस्ट्रक्शन, स्विमिंग पूल थिएटर या अन्य कहीं घरेलू पानी का इस्तेमाल करता है तो वह भी दोषी है उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जा सकती है। वहीं जलदाय विभाग भी इस पर ध्यान रखेगा कि लाइन में कहीं कोई गड़बड़ी तो नहीं। जिससे कि लीकेज जैसी समस्या सामने आए।

हर घर के लिए जरूरी है यह खबर

जलदाय विभाग भले ही यह कार्रवाई कर रहा हो लेकिन राजस्थान में आज भी जलदाय विभाग को सबसे ज्यादा जरूरत है तो वह है राजस्थान में बकाया चल रहे पानी के बिलों के भुगतान की। राजस्थान में हजारों उपभोक्ता ऐसे हैं जिन्होंने कई सालों से बिल जमा नहीं करवाए।

यह भी पढ़ें-राजस्थान में होने वाला कुछ बड़ा? CM भजनलाल पहुंचे वसुंधरा राजे के घर, बंद कमरे में हुई बातचीत