Ghazipur News: वाराणसी–गोरखपुर हाईवे पर स्थित सम्राट ढाबा में दही की प्लेट से मरा चूहा मिलने का वीडियो वायरल हुआ। एफएसडीए की जांच में गंभीर खामियां सामने आने के बाद ढाबा तत्काल सीज कर दिया गया।

गाजीपुर। हाईवे पर सफर के दौरान ढाबे पर रुकना आम बात है, लेकिन जब थाली में खाना नहीं बल्कि गंदगी और लापरवाही नजर आए, तो भरोसा टूट जाता है। गाजीपुर में सामने आए एक मामले ने न सिर्फ ग्राहकों को झकझोर दिया, बल्कि खाद्य सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

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वाराणसी–गोरखपुर हाईवे पर स्थित सम्राट ढाबा उस वक्त सुर्खियों में आ गया, जब मुहम्मदाबाद क्षेत्र से गुजर रहे कुछ लोगों ने यहां खाना खाया। भोजन के साथ मंगाई गई दही की प्लेट में मरा हुआ चूहा देखकर मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

ग्राहकों का विरोध, कैमरे में कैद हुई सच्चाई

चौंकाने वाले दृश्य के बाद ग्राहकों ने ढाबा स्टाफ से सवाल किए और पूरी घटना का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया। देखते ही देखते यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसके बाद लोगों में नाराजगी और आक्रोश बढ़ने लगा। सोशल मीडिया पर वीडियो सामने आते ही खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) हरकत में आया। टीम ने बिना देरी किए ढाबे पर पहुंचकर जांच शुरू की, ताकि सच्चाई सामने लाई जा सके।

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जांच में खुली पोल, कई खामियां उजागर

एफएसडीए की जांच के दौरान ढाबे में साफ-सफाई की भारी कमी और खाद्य सुरक्षा मानकों की अनदेखी पाई गई। रसोई से लेकर स्टोरेज तक व्यवस्थाएं बेहद खराब हालत में मिलीं, जो सीधे तौर पर लोगों की सेहत के लिए खतरा थीं। गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए एफएसडीए ने सम्राट ढाबा को तत्काल प्रभाव से सीज कर दिया। अधिकारियों ने साफ किया कि जब तक जरूरी सुधार नहीं किए जाते, ढाबा दोबारा नहीं खोला जाएगा।

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एफएसडीए का सख्त संदेश, हाईवे ढाबों पर उठे सवाल

एफएसडीए उपयुक्त रमेश चन्द्र पांडेय ने कहा कि खाद्य सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। जनस्वास्थ्य सर्वोपरि है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। जरूरत पड़ी तो ढाबे का लाइसेंस भी रद्द किया जा सकता है। इस घटना के बाद हाईवे किनारे संचालित ढाबों और होटलों की नियमित जांच को लेकर मांग तेज हो गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि समय-समय पर सख्त निरीक्षण हो, ताकि यात्रियों की सेहत के साथ खिलवाड़ न हो और ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।

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