सार

Meerut murder case latest update: मेरठ हत्याकांड के आरोपी मुस्कान और साहिल जेल में ढल रहे हैं। मुस्कान को सिलाई और साहिल को खेती का काम मिला है। क्या रामायण पढ़ने से उनमें बदलाव आएगा?

Meerut murder case : मेरठ हत्याकांड के मुख्य आरोपी मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला ने जेल में दस दिन पूरे कर लिए हैं। अब उन्हें जेल प्रशासन द्वारा अलग-अलग काम सौंपे गए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों आरोपी धीरे-धीरे जेल के माहौल में ढल रहे हैं। शुरुआती मेडिकल ऑब्जरवेशन पीरियड के बाद उन्हें सुधार प्रक्रिया के तहत कार्य सौंपा गया है।

अब जेल में मुस्कान की सिलाई और साहिल की खेती!

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के अनुसार, मुस्कान सिलाई और कढ़ाई का प्रशिक्षण लेगी, जबकि साहिल को सब्जी उगाने की जिम्मेदारी दी गई है। जेल अधिकारियों के मुताबिक, यह ट्रेनिंग 1 अप्रैल से शुरू होगी, जिससे वे जेल में रहकर कुछ नया सीख सकें।

खौफनाक मर्डर प्लान: लाश को सीमेंट में दबाकर गए थे घूमने

मुस्कान और साहिल पर मुस्कान के पति सौरभ राजपूत की निर्मम हत्या का आरोप है। इस सनसनीखेज अपराध ने पूरे शहर को हिला दिया था। दोनों ने सौरभ को मारकर उसके शव के टुकड़े किए, फिर सीमेंट से भरे ड्रम में छिपाकर हिमाचल प्रदेश घूमने चले गए। लेकिन उनका प्लान ज्यादा दिन तक नहीं चला, और पुलिस ने दोनों को धर दबोचा।

"साथ रहना है!" – पर जेल ने ठुकरा दी अर्जी

जेल प्रशासन ने बताया कि मुस्कान और साहिल ने एक ही बैरक में रहने की अपील की थी, लेकिन जेल नियमों के अनुसार यह अनुरोध सीधे खारिज कर दिया गया। अब दोनों अलग-अलग बैरकों में हैं और अपनी नई दिनचर्या में ढलने की कोशिश कर रहे हैं। अधिकारियों ने यह भी कहा कि दोनों ने अब जेल की सख्त दिनचर्या को अपनाना शुरू कर दिया है और किसी भी मानसिक अस्थिरता के लक्षण नहीं दिख रहे।

जेल में ‘रामायण’ पाकर फूट-फूटकर रोई मुस्कान!

मेरठ के सांसद अरुण गोविल (रामायण में भगवान राम की भूमिका निभाने वाले अभिनेता) ने हाल ही में चौधरी चरण सिंह जिला जेल का दौरा किया और कैदियों के बीच रामायण की प्रतियां वितरित कीं। रामायण पाते ही मुस्कान भावुक हो गई और उसकी आंखों से आंसू छलक पड़े। अरुण गोविल ने इस मौके पर कहा,"रामायण पढ़ने से जीवन में सकारात्मक बदलाव आएंगे। यह सभी कैदियों के लिए आत्मशुद्धि का अवसर है।"

क्या मुस्कान और साहिल बदलेंगे? जेल में सुधार की कोशिशें जारी!

जेल अधीक्षक डॉ. वीरेश राज शर्मा के अनुसार, मुस्कान और साहिल को सुधार कार्यक्रम के तहत नियमित ट्रेनिंग दी जाएगी, ताकि वे अपने समय का रचनात्मक उपयोग कर सकें। दोनों ने रामायण को स्वेच्छा से स्वीकार किया है और अब इसे पढ़ने के लिए भी राजी हो गए हैं। अब देखना होगा कि क्या जेल की सख्त दिनचर्या और धार्मिक ग्रंथ मुस्कान और साहिल को बदल पाएंगे या फिर उनके अपराध की छवि हमेशा के लिए बनी रहेगी!

यह भी पढ़ें: Meerut Murder Case : मुस्कान की सौतेली मां और बाप का असली चेहरा! बैंक खातों की होगी जांच!