Ayodhya ram mandir inauguration: अयोध्या में राम मंदिर के पहले तल पर 5 जून 2025 को राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा होगी। स्वर्ण मंडित शिखरों से दमकेगा मंदिर। रामलला के बाद अब राम दरबार का समय।

Ayodhya Ram Mandir News : राम की पैड़ी पर सूरज की पहली किरण जैसे ही सरयू में चमकती है, अयोध्या की हवाओं में आस्था की सुगंध और भक्ति का संगीत घुल जाता है। एक बार फिर रामनगरी में कुछ ऐसा होने जा रहा है, जो इतिहास के पन्नों में स्वर्ण अक्षरों में लिखा जाएगा। राम मंदिर निर्माण के एक और दिव्य चरण की शुरुआत होने जा रही है, इस बार राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा को लेकर तैयारियां ज़ोरों पर हैं।

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राम मंदिर के पहले तल पर राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा 5 जून को

5 जून 2025 को श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के पहले तल पर भव्य राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा की जाएगी। इस समारोह के लिए ट्रस्ट और मंदिर निर्माण से जुड़े तमाम संगठन बड़ी ही बारीकी से तैयारियां कर रहे हैं। इस बार भगवान श्रीराम के साथ माता सीता, लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न और भक्त हनुमान की मूर्तियों को विधिवत रूप से प्रतिष्ठित किया जाएगा।

स्वर्ण से दमकेंगे मंदिर के शिखर, शुरू हुई खास तैयारी

प्राण प्रतिष्ठा के इस ऐतिहासिक अवसर पर केवल राम दरबार ही नहीं, बल्कि मंदिर परिसर के परकोटे में स्थित छह मंदिरों में से पाँच के शिखरों को स्वर्ण मंडित किया जाएगा। भगवान शिव, हनुमान जी, सूर्य देव, गणेश जी, मां दुर्गा और मां अन्नपूर्णा के मंदिरों को स्वर्ण आभा से सजाया जाएगा। 20 मई से शिखरों पर सोने की परत चढ़ाने का कार्य शुरू हो जाएगा, जिसके लिए तैयार सांचे 17 मई के बाद अयोध्या पहुंचाए जाएंगे।

30 मई तक स्वर्णिम आभा से नहाएगा श्रीराम मंदिर

दिल्ली में बन रहे स्वर्ण सांचों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। उम्मीद है कि 30 मई तक मंदिर का मुख्य शिखर और अन्य पांच मंदिरों के शिखर सोने की चमक से दमक उठेंगे। इससे श्रीराम जन्मभूमि मंदिर की भव्यता और दिव्यता एक नई ऊंचाई पर पहुंचेगी।

रामलला की प्रतिष्ठा के बाद अब राम दरबार का समय

22 जनवरी 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा पूरी विधि-विधान से संपन्न हुई थी। अब अगला अध्याय राम दरबार की प्रतिष्ठा का है। ट्रस्ट के अनुसार, जून के पहले सप्ताह तक मंदिर का प्रथम तल पूरी तरह बनकर तैयार हो जाएगा। उसी के बाद यह दिव्य आयोजन संपन्न किया जाएगा।

आस्था के साथ बढ़ रहा निर्माण कार्य, अयोध्या बन रही सांस्कृतिक राजधानी

राम मंदिर का निर्माण कार्य लार्सन एंड टुब्रो द्वारा किया जा रहा है और इसकी तकनीकी निगरानी टाटा कंसल्टिंग इंजीनियर्स कर रही है। गर्भगृह सहित कई प्रमुख निर्माण कार्य पहले ही पूरे हो चुके हैं। इस मंदिर ने न केवल अयोध्या के धार्मिक महत्व को बढ़ाया है, बल्कि स्थानीय रोजगार, पर्यटन और व्यापार को भी नया जीवन दिया है।

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