उज्जैन. जिस प्रकार अधिक मास भगवान विष्णु को प्रिय है, उसी तरह इस महीने में आने वाली एकादशी भी विशेष है। इस दिन अगर आगे बताए गए 1 मंत्र का जाप श्रद्धापूर्वक किया जाए तो विष्णु सहस्त्रनाम पढ़ने का फल मिलता है। ये मंत्र और उसके जाप की विधि इस प्रकार है-

मंत्र
नमोस्त्वनन्ताय सहस्त्र मूर्तये, सहस्त्रपादाक्षि शिरोरु बाहवे।
सहस्त्र नाम्ने पुरुषायशाश्वते, सहस्त्रकोटी युग धरिणे नम:।।

कैसे करें इस मंत्र का जाप?
- सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि करने के बाद साफ कपड़े पहनकर भगवान विष्णु की पूजा करें।
- भगवान विष्णु को पीले फूल चढ़ाएं। खीर या पीले फल का भोग लगाएं।
- इसके बाद भगवान विष्णु के सामने कुश का आसन लगाकर तुलसी या चंदन की माला से इस मंत्र का जप करें।
- कम से पांच माला जाप अवश्य करें। इससे उत्तम फल मिलता है।