सीएम ने कहा कि 18 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों के निःशुल्क टीकाकरण का निर्णय लेने वाला पहला राज्य उत्तर प्रदेश है। एक मई से प्रारंभ हो रहे इस वृहद टीकाकरण अभियान के संबंध में भारत सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप सभी आवश्यक तैयारियां समय से पूरी कर ली जाएं।

लखनऊ ( Uttar Pradesh) । यूपी में कोरोना का संक्रमण बढ़ता ही जा रहा है। बेकाबू हो रही स्थिति से निबटने के लिए सरकार ने रविवार को कई फैसले लिए। जिसके मुताबिक अब कोई भी सरकारी या प्राइवेट अस्पताल कोरोना से संक्रमित मरीजों के इलाज से इंकार नहीं कर सकता है। मरीज को भर्ती करना ही होगा। इलाज का खर्च सरकार उठाएगी। इसके अलावा अब मृतकों के अंतिम संस्कार के लिए अब कोई शुल्क नहीं लगेगा।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

अंतिम संस्कार का नहीं लगेगा शुल्क
कोविड संक्रमण से होने वाली हर एक मृत्यु दुर्भाग्यपूर्ण है। राज्य सरकार सभी मृतकों के प्रति संवेदना प्रकट करती है। प्रत्येक जनपद में (नगरीय एवं ग्रामीण) कोविड संक्रमित किसी मरीज के अंतिम संस्कार के लिए कोई शुल्क न लिया जाए। अंतिम संस्कार की क्रिया मृतक की धार्मिक मान्यताओं के अनुरूप ही कराई जाए। प्रशासन सभी आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित कराए। यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से अमल में लाई जाए।

ऐसा करने वाला पहला राज्य बनेगा यूपी
सीएम ने कहा कि 18 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों के निःशुल्क टीकाकरण का निर्णय लेने वाला पहला राज्य उत्तर प्रदेश है। एक मई से प्रारंभ हो रहे इस वृहद टीकाकरण अभियान के संबंध में भारत सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप सभी आवश्यक तैयारियां समय से पूरी कर ली जाएं।

1 करोड़ डोज का ऑर्डर 
50-50 लाख डोज का ऑर्डर दोनों स्वदेशी वैक्सीन निर्माता कंपनियों को भेज दिया गया है। इसके अतिरिक्त भारत सरकार द्वारा वैक्सीन की डोज उपलब्ध कराई जाएगी। इस संबंध में व्यापक कार्ययोजना तैयार कर ली जाए। वैक्सीन वेस्टेज न हो, यह प्रत्येक दशा में सुनिश्चित करें।

24 घंटे में यह रही यूपी की स्थिति
बीते 24 घंटे में रविवार को 35,614 नए मामले आए और 25,633 लोग कोरोना को मात दी है। 24 घंटे में यूपी में 2 लाख 30 हजार टेस्ट किए गए, जो अब तक का सबसे आंकड़ा है। इसमें 1 लाख 7 हजार से ज्यादा लोगों का RT-PCR टेस्ट हुआ है।