गैगरेप मामले में 14 महीने बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर पीड़िता बुधवार को परिवार के साथ लखनऊ पहुंची। सीएम आवास तक आने के लिए वह रायबरेली से 80 किमी तक पैदल चली। यहां परिवार ने न्याय नहीं मिलने पर इच्छा मृत्यु देने की मांग की है। आरोप है कि गांव के नामजद लोगों ने उसके साथ गैंगरेप किया।

लखनऊ (उत्तर प्रदेश). गैगरेप मामले में 14 महीने बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर पीड़िता बुधवार को परिवार के साथ लखनऊ पहुंची। सीएम आवास तक आने के लिए वह रायबरेली से 80 किमी तक पैदल चली। यहां परिवार ने न्याय नहीं मिलने पर इच्छा मृत्यु देने की मांग की है। आरोप है कि गांव के नामजद लोगों ने उसके साथ गैंगरेप किया। पुलिस अब तक आरोपियों को पकड़ नहीं सकी है, जबकि डीजीपी से लेकर सीएम जनता दरबार तक से आश्वासन मिल चुका है। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

बंदूक की नोक पर हुआ था गैंगरेप
रायबरेली की रहने वाली पीड़ित महिला का आरोप है कि साल 2018 में गांव के नामजद लोगों ने बंदूक की नोक पर उसके साथ गैंगरेप किया था। पीड़ित ने थाने में केस भी दर्ज कराया, लेकिन पुलिस अब तक सिर्फ विवेचना का हवाला दे रही है। पति ने पुलिस पर जातिवाद मानसिकता के तहत कार्रवाई न करने का आरोप लगाया। 

बैनर के साथ चल रहा है पीड़ित परिवार
सीएम आवास पहुंचे पीड़ित परिवार के हाथ में एक बैनर था। जिस पर लिखा था गैंगरेप के आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार करो, वरना हमें इच्छामृत्यु का अधिकार दें। 

पुलिस ले गई अपने साथ
सूचना पाकर हजरतगंज पुलिस पांच कालीदास मार्ग पर पहुंची। पीड़ित परिवार को अपने साथ कोतवाली ले गई। जहां पीड़ित परिवार से पूछताछ की जा रही है।