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मैनपुरी: भाई दूज पर जहरीली चाय पीने से मासूमों की हुई मौत, रोते हुए महिला बोली- हमने सबको खा लिया

यूपी के मैनपुरी जिले में भाईदूज के दिन चाय पीने से दो मासूम समेत तीन लोगों की मौत हो गई है, जबकि दो लोगों की हालत गंभीर है। अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है। घटना के बाद से त्योहार की खुशियां मातम में बदल गई हैं। 

Mainpuri Innocents died due to drinking poisonous tea on Bhai Dooj crying woman said we ate everyone
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First Published Oct 27, 2022, 4:53 PM IST

मैनपुरी: उत्तर प्रदेश के जिले मैनपुरी में गुरुवार की सुबह दर्दनाक हादसा हुआ। भाईदूज के दिन सुबह चाय पीने से दो मासूम समेत तीन लोगों की मौत हो गई। वहीं दो को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जिसमें से एक और मौत हो गई। दिवाली के बाद भाईदूज के दिन गांव में एक साथ चार मौत होने से हड़कंप मच गया है। इस घटना के बाद से त्योहार की खुशियां मातम में बदल गई हैं। इस घटना के बाद मौके पहुंचे एसपी का कहना है कि गंभीर लोगों को सैफई के लिए रेफर कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि ऐसा लग रहा है कि महिला जो चाय बना रही थी वो भूल से धान में डालने वाली दवा चाय पत्ती समझकर डाली दी। 

नाना को देख बच्चों हुए थे काफी खुश
जानकारी के अनुसार यह मामला शहर के औछा थाना क्षेत्र के नगला कन्हाई गांव की है। यहां के निवासी शिवनंदन के यहां सुबह से ही भाईदूज की तैयारियां चल रही थी। सुबह ही शिवनंदन की पत्नी रामवती के पिता रविंद्र भी दामाद के घर आ गए। नाना को देख बच्चे भी उनके साथ बैठे हुए थे। पड़ोस में रहने वाले रिश्तेदार चरण सिंह भी आ गए और सब एक साथ बातचीत कर रहे थे। इसी बीच रामवती सबके लिए सुबह की पहली चाय लेकर आई और सबके पीते ही बच्चों की तबियत बिगड़ी। उसके बाद शिवनंदन, रविंद्र और चरण सिंह की तबियत खराब होने लगी। आनन-फानन में ग्रामीण अस्पताल लेकर भागे। 

बार-बार साड़ी उतारने की कोशिश कर रही महिला
ग्रामीण जैसे ही अस्पताल पहुंचे तो डॉक्टरों ने शिवनंदन के दोनों बेटे शिवांक (7) और दिव्यांश (5) के साथ रामवती के पिता रविंद्र 52 साल को मृत घोषित कर दिया जबकि शिवनंदन और रिश्तेदार चरण सिंह की गंभीर हालत में इलाज चल रहा है। अपने मासूम बच्चों की मौत से रामवती बदहवास हो चुकी है। वह रोते-रोते कह रही थी कि हमने सबको खा लिया, अब जी कर क्या करूंगी। इस घटना के बाद से वह खुद को दोष दे रही है। इतना ही नहीं गांव वालों का कहना है कि भाईदूज की वजह से उसने सुबह सुर्ख लाल रंग की साड़ी पहनी थी। अब उसे लग रहा है कि वह अपने बच्चों और पिता के खून से रंगी हुई है। बार बार साड़ी उतारने की कोशिश कर रही है।

पिता और बच्चों की मौत के बाद पति लड़ रहा जिंदगी की जंग
भाईदूज की तैयारियों के लिए रामवती सुबह से ही पांच बजे ही जग गई थी। सुबह से बच्चों के लिए पकवान बनाने में जुटी थी। इसके साथ ही मिठाइयां वगैरह रख उठा रही थी पर रामवती व्रत थी तो उसने चाय नहीं पी थी। महिला के पिता और बच्चों की मौत के बाद पति जिंदगी की जंग लड़ रहा है। सूचना पर थाने की पुलिस समेत एसपी मौके पर पहुंची। उसके बाद जहरीली चाय के नमूने फॉरेंसिक टीम को बुलाकर लैब भिजवाया गया है। इसके साथ ही परिवार के लोगों से जिला अस्पताल में पूछताछ की है। वहीं अपर पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार का कहना है कि एक ही परिवार में चाय पीने से दो मासूम बच्चों सहित तीन की मौत हो गई है। पुलिस ने चाय के बर्तनों को पुलिस ने कब्जे में ले लिया है और जांच के लिए भेज दिया है। जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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