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कमलेश हत्याकांड: खुद को कट्टर हिन्दू साबित करने के लिए सोशल मीडिया पर संस्कृत के श्लोक पोस्ट करते थे हत्यारे

हिंदू समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमलेश तिवारी की हत्या के दोनों आरोपियों शेख अशफाक हुसैन और मोइनुद्दीन खुर्शीद पठान को गुजरात एटीएस ने गिरफ्तार कर लिया। 

police arrest murderers of kamlesh tiwari
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Lucknow, First Published Oct 23, 2019, 2:13 PM IST
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लखनऊ( Uttar Pradesh ). हिंदू समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमलेश तिवारी की हत्या के दोनों आरोपियों शेख अशफाक हुसैन और मोइनुद्दीन खुर्शीद पठान को गुजरात एटीएस ने मंगलवार को राजस्थान-गुजरात सीमा पर शामलाजी के पास से गिरफ्तार कर लिया । पुलिस सूत्रों के अनुसार दोनों अभियुक्तों ने स्वीकार किया है कि उन्होंने कमलेश की नृशंस हत्या की। कमलेश का गला रेतने वाला अशफाक कुछ समय पहले ही सोशल मीडिया के जरिए कमलेश के सम्पर्क में आया था। उसने पहचान बदलकर कमलेश की पार्टी भी ज्वाइन की थी। यही नहीं खुद को कट्टर हिन्दू साबित करने के लिए वह आए दिन सोशल मीडिया पर रामचरित मानस व संस्कृत के श्लोक पोस्ट करता था। 

लखनऊ के नाका थाना क्षेत्र के खुर्शेदबाग़ इलाके में बीते 19 अक्टूबर को हुई हिन्दूवादी नेता कमलेश तिवारी की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। मामले में हत्या करने वाले दोनों हत्यारों समेत पुलिस ने साजिशकर्ताओं को भी गिरफ्तार कर लिया है। मामले की जांच कर रही टीम को इस हत्याकांड से जुड़े ऐसे सुराग मिले हैं जिससे ये टीम भी चकित है। कमलेश तिवारी से सम्पर्क बढ़ाने के लिए हत्यारे अशफाक ने नाम बदलकर पहले फेसबुक के जरिए कमलेश से दोस्ती की थी। उसके बाद वह कमलेश की हिंदू समाज पार्टी की गुजरात इकाई में शामिल हो गया था। 

मेडिकल रिप्रजेंटेटिव था अशफाक 
कमलेश तिवारी पर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर बेरहमी से गला रेतने वाला शेख अशफाक हुसैन एक प्रतिष्ठित कंपनी में मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव था। वह काफी समय से इस फील्ड में काम करता था। जबकि दूसरा हत्या आरोपी पठान मोईनुद्दीन फूड डिलीवरी का काम करता था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक अशफाक ने ही कमलेश तिवारी का गला रेता था।

फर्जी आधार कार्ड व सोशल मीडिया के सहारे कमलेश से बढ़ाई थी नजदीकियां 
कमलेश तिवारी तक पहुंचने के लिए शातिर अपराधी शेख अशफाक हुसैन फर्जी आधार कार्ड और सोशल मीडिया का सहारा लिया था। उसने रोहित सोलंकी नाम से फर्जी फेसबुक प्रोफ़ाइल बनाकर कमलेश से दोस्ती की थी। यही नहीं उसने हिंदू समाज पार्टी के गुजरात प्रदेश अध्यक्ष जैमिन दवे बापू के सहारे फर्जी नाम से कमलेश की पार्टी में जगह बना ली थी। 

हिन्दू समाज पार्टी में आईटी सेल का प्रचारक बन गया था अशफाक 
हिन्दू समाज पार्टी के गुजरात प्रदेश के अध्यक्ष जैमिन दवे ने रोहित सोलंकी उर्फ़ अशफाक हुसैन की पार्टी कार्यों में निष्ठा को देखते हुए उसे सूरत का आईटी सेल का प्रचारक बना दिया था। सूरत शहर का आईटी सेल का प्रचारक बनते ही शेख अशफाक हुसैन ने वॉट्सएप पर एक ग्रुप बनाया जिसमें कमलेश के साथ ही पार्टी के कई पदाधिकारियों को जोड़ा। जिससे वह व्हाट्सएप के माध्यम से अक्सर सबके सम्पर्क में रहने लगा। पुलिस सूत्रों की माने तो रोहित सोलंकी उर्फ़ अशफाक सूरत में पार्टी की गतिविधियों के बारे में सूचनाएं और खबरें साझा करता रहता था। उसकी सक्रियता देखकर ही कमलेश और उत्तर प्रदेश के अन्य पदाधिकारी उससे प्रभावित रहते थे। 

सोशल मीडिया पर खुद को कट्टर हिन्दू साबित करने की करता था कोशिश 
पुलिस सूत्रों के मुताबिक़ सोशल मीडिया पर वह खुद को कट्टर हिंदू साबित करने के लिए अक्सर रामचरित मानस की चौपाइयां व संस्कृत के श्लोक पोस्ट करता था। धीरे-धीरे कर उसने पार्टी के पदाधिकारियों के दिल में अपनी जगह बनानी शुरू कर दी थी। 

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